गोवर्धन में चौक सर्राफा व्यवसाई समिति ने मनाई हरियाली तीज, भजन और झूले बने आकर्षण

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रिपोर्ट – योगेश भारद्वाज 

मथुरा: गिर्राज धाम गोवर्धन में मंगलवार को चौक सर्राफा व्यवसाई समिति, मथुरा की ओर से हरियाली तीज का आयोजन श्रद्धा, उत्साह और उल्लास के साथ किया गया। कार्यक्रम में समिति के सदस्यों और उनके परिवारों ने भाग लिया। धार्मिक आस्था के साथ आयोजित इस कार्यक्रम में भगवान गिर्राज जी का अभिषेक, दूध की धार के साथ परिक्रमा, भजन-कीर्तन, फूल बंगला और सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रमुख आकर्षण रहे।

हरियाली तीज के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य धार्मिक परंपराओं के साथ सामाजिक और पारिवारिक मेल-जोल को बढ़ावा देना भी रहा। कार्यक्रम में महिलाओं ने विशेष उत्साह के साथ हिस्सा लिया और झूले का आनंद लिया। इसके अलावा ठाकुर जी के सुंदर भजनों पर सदस्यों ने भक्तिमय वातावरण में आनंद लिया।

गिर्राज जी के अभिषेक से हुआ कार्यक्रम का शुभारंभ

कार्यक्रम की शुरुआत सुबह धार्मिक विधि-विधान के साथ हुई। सबसे पहले गिर्राज जी का अभिषेक किया गया। इसके बाद दूध की धार के साथ गिर्राज जी की परिक्रमा की गई। श्रद्धालुओं ने धार्मिक आस्था के साथ गिरिराज महाराज का स्मरण किया और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की।

हरियाली तीज के अवसर पर गोवर्धन धाम का धार्मिक वातावरण और भी विशेष दिखाई दिया। समिति के सदस्यों ने पारंपरिक श्रद्धा के साथ आयोजन में भाग लिया। अभिषेक और परिक्रमा के बाद दिनभर कार्यक्रम की तैयारियां जारी रहीं।

आयोजकों के अनुसार, हरियाली तीज भारतीय संस्कृति और परंपराओं से जुड़ा महत्वपूर्ण पर्व है। इसलिए समिति की ओर से इसे धार्मिक एवं सामाजिक सहभागिता के साथ मनाने का प्रयास किया गया।

शाम को हुआ रंगारंग कार्यक्रम

सुबह के धार्मिक आयोजन के बाद शाम को रंगारंग कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में ठाकुर जी के सुंदर भजनों की प्रस्तुति ने वातावरण को भक्तिमय बना दिया। समिति के सदस्यों ने भजनों का आनंद लिया और धार्मिक गीतों के साथ कार्यक्रम में उत्साहपूर्वक सहभागिता की।

इस दौरान गिर्राज शिला का सुंदर श्रृंगार किया गया। इसके साथ ही फूल बंगला सजाया गया, जो कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहा। रंग-बिरंगे फूलों से की गई सजावट ने धार्मिक स्थल की सुंदरता को और बढ़ा दिया।

फूल बंगले और गिर्राज शिला के श्रृंगार को देखने के लिए मौजूद सदस्यों में खासा उत्साह दिखाई दिया। कार्यक्रम में धार्मिक आस्था के साथ सांस्कृतिक रंग भी देखने को मिला।

महिलाओं ने झूले का लिया आनंद

हरियाली तीज के आयोजन में महिलाओं के लिए झूले की विशेष व्यवस्था की गई थी। पर्व की परंपरा के अनुसार महिलाओं ने झूले का आनंद लिया। पारंपरिक उत्सव के माहौल में महिलाओं ने एक-दूसरे के साथ खुशियां साझा कीं और कार्यक्रम में उत्साहपूर्वक भागीदारी की।

हरियाली तीज पर झूले और लोकगीतों की परंपरा लंबे समय से भारतीय संस्कृति का हिस्सा रही है। इसी परंपरा को ध्यान में रखते हुए कार्यक्रम में महिलाओं के लिए विशेष आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में परिवार के सदस्यों की सहभागिता ने आयोजन को और अधिक आत्मीय बना दिया। धार्मिक आयोजन के साथ सामाजिक मेल-जोल का अवसर भी मिला।

मानसी अग्रवाल को मिली हरियाली तीज क्वीन की उपाधि

कार्यक्रम के दौरान मानसी अग्रवाल को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। उन्हें ‘हरियाली तीज क्वीन’ का गिफ्ट देकर सम्मानित किया गया।

सम्मान समारोह कार्यक्रम का विशेष आकर्षण रहा। आयोजकों ने बताया कि इस तरह के कार्यक्रमों के माध्यम से सदस्यों के बीच उत्साह और आपसी जुड़ाव को बढ़ावा मिलता है। सम्मान प्राप्त करने के बाद मानसी अग्रवाल ने आयोजकों और समिति के सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया।

धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक एकता का संदेश

चौक सर्राफा व्यवसाई समिति की ओर से आयोजित हरियाली तीज कार्यक्रम में धार्मिक और सामाजिक दोनों पक्ष देखने को मिले। एक ओर सुबह गिर्राज जी के अभिषेक और परिक्रमा के साथ धार्मिक परंपराओं का पालन किया गया, वहीं दूसरी ओर शाम को सांस्कृतिक कार्यक्रम और भजन-कीर्तन के माध्यम से सदस्यों ने सामूहिक रूप से पर्व का आनंद लिया।

इस तरह के आयोजन समाज में आपसी मेल-जोल और सहयोग की भावना को मजबूत करने में सहायक होते हैं। खासकर व्यापारिक संगठनों के लिए ऐसे कार्यक्रम सदस्यों को व्यावसायिक गतिविधियों से अलग एक-दूसरे के साथ समय बिताने का अवसर भी देते हैं।

इसके अलावा, परिवारों की सहभागिता से कार्यक्रम का सामाजिक स्वरूप और व्यापक हुआ। बच्चों, महिलाओं और अन्य सदस्यों ने उत्साह के साथ आयोजन में भाग लिया।

समिति के पदाधिकारियों और सदस्यों की रही मौजूदगी

कार्यक्रम के मुख्य संयोजक श्याम मित्तल रहे। उनके साथ सह संयोजक उपेंद्र अग्रवाल, रितेश टेंट और कृष्णगोपाल चिंटू भैया ने आयोजन को सफल बनाने में भूमिका निभाई।

इसके अलावा कार्यक्रम में राजेंद्र भगत, मुकेश, चंद्रमोहन, हेमंत, कान्हा, आयुष, महेश खंडेलवाल, संजय चौधरी, राजकुमार, प्रशांत, नीरज, शुभम, कन्हैया सहित समिति के अन्य सदस्य मौजूद रहे।

सदस्यों की मौजूदगी और सहयोग के कारण कार्यक्रम व्यवस्थित तरीके से संपन्न हुआ। आयोजकों ने सभी सदस्यों और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।

गोवर्धन में दिखा पर्व का उल्लास

हरियाली तीज के अवसर पर गोवर्धन में धार्मिक उत्सव का माहौल रहा। गिर्राज जी के दर्शन और अभिषेक से लेकर शाम के भजन कार्यक्रम तक श्रद्धा और उत्साह का वातावरण बना रहा।

चौक सर्राफा व्यवसाई समिति के इस आयोजन में धार्मिक परंपराओं के साथ मनोरंजन और सामाजिक सहभागिता का संतुलन देखने को मिला। विशेष रूप से महिलाओं के लिए झूले और हरियाली तीज क्वीन सम्मान ने कार्यक्रम को अलग पहचान दी।

आयोजकों ने बताया कि भविष्य में भी समिति की ओर से धार्मिक और सामाजिक आयोजनों को इसी तरह सामूहिक सहभागिता के साथ आयोजित करने का प्रयास किया जाएगा।

परंपरा और आधुनिक आयोजन का संगम

हरियाली तीज जैसे पर्व भारतीय संस्कृति में महिलाओं की सहभागिता, प्रकृति के प्रति जुड़ाव और पारिवारिक उत्सव की भावना को दर्शाते हैं। चौक सर्राफा व्यवसाई समिति द्वारा आयोजित कार्यक्रम में इन परंपराओं को आधुनिक सामूहिक आयोजन के रूप में प्रस्तुत किया गया।

सुबह धार्मिक अनुष्ठान और परिक्रमा से कार्यक्रम की शुरुआत हुई, जबकि शाम को भजन, फूल बंगला, श्रृंगार और झूले के आयोजन ने उत्सव को खास बनाया। इस प्रकार पूरा कार्यक्रम श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हुआ।

कुल मिलाकर, गोवर्धन में चौक सर्राफा व्यवसाई समिति का हरियाली तीज कार्यक्रम धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपरा और सामाजिक सहभागिता का सुंदर उदाहरण रहा। गिर्राज जी के अभिषेक और परिक्रमा से शुरू हुआ आयोजन भजन, फूल बंगला, झूले और सम्मान समारोह के साथ यादगार बना। समिति के सदस्यों ने मिलकर पर्व की खुशियां साझा कीं और आपसी भाईचारे का संदेश दिया।

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