अमेठी के मुंशीगंज में प्रशासन ने की बड़ी कार्रवाई, सरकारी जमीन से हटाईं चार गुमटियां
रिपोर्ट – अंजनी मिश्रा
अमेठी: तहसील अमेठी क्षेत्र के मुंशीगंज चौराहे पर बुधवार को प्रशासन ने अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की। नायब तहसीलदार सुधीर श्रीवास्तव के नेतृत्व में राजस्व विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर सरकारी जमीन की पैमाइश के बाद सड़क किनारे बनी चार गुमटियों को हटाया। प्रशासन की इस कार्रवाई के दौरान बुलडोजर की मदद से अतिक्रमण को हटाकर जमीन को कब्जा मुक्त कराया गया।
राजस्व विभाग के अनुसार, मुंशीगंज चौराहे के पास करीब 0.026 हेक्टेयर सरकारी जमीन पर अतिक्रमण किया गया था। पैमाइश के बाद प्रशासन की टीम ने चिन्हित स्थान पर कार्रवाई की। इस दौरान राजस्व विभाग के अधिकारी और कर्मचारी मौके पर मौजूद रहे। कार्रवाई की जानकारी मिलते ही आसपास के व्यापारी और स्थानीय लोग भी मौके पर पहुंच गए।
सरकारी जमीन की पैमाइश के बाद हुई कार्रवाई
प्रशासन के मुताबिक मुंशीगंज चौराहे के आसपास सरकारी जमीन पर अतिक्रमण की शिकायत और स्थिति को देखते हुए राजस्व विभाग की टीम ने जमीन की पैमाइश की। पैमाइश के दौरान जिस हिस्से को सरकारी भूमि के रूप में चिन्हित किया गया, वहां सड़क किनारे चार गुमटियां लगी हुई थीं।
इसके बाद प्रशासन ने निर्धारित प्रक्रिया के तहत इन गुमटियों को हटाने की कार्रवाई की। नायब तहसीलदार सुधीर श्रीवास्तव के नेतृत्व में राजस्व टीम ने बुलडोजर की सहायता से गुमटियों को ध्वस्त कराया और जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराया।
कार्रवाई के दौरान लेखपाल गोविंद नारायण त्रिपाठी समेत राजस्व विभाग के अन्य कर्मचारी मौजूद रहे। प्रशासन की टीम ने मौके पर स्थिति का निरीक्षण भी किया।
0.026 हेक्टेयर जमीन को कराया गया कब्जा मुक्त
राजस्व विभाग की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, करीब 0.026 हेक्टेयर सरकारी भूमि पर कब्जे की स्थिति सामने आई थी। जमीन की पैमाइश के बाद संबंधित स्थान को चिह्नित किया गया। इसके बाद अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई।
प्रशासन का कहना है कि सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराकर उसका उपयोग सार्वजनिक सुविधा के लिए किया जाएगा। इस संबंध में मौके पर मौजूद अधिकारियों ने आगे की योजना के बारे में भी जानकारी दी।
दरअसल, बाजार और प्रमुख चौराहों के आसपास सरकारी जमीन पर अस्थायी निर्माण या दुकानें होने से कई बार लोगों की आवाजाही प्रभावित होती है। ऐसे में प्रशासन द्वारा जमीन को खाली कराने के बाद सार्वजनिक उपयोग की सुविधा विकसित करने की योजना बनाई गई है।
अब यहां बनेगा सामुदायिक शौचालय
प्रशासन के अनुसार, अतिक्रमण से मुक्त कराई गई जमीन पर अब सामुदायिक शौचालय का निर्माण कराया जाएगा। इससे मुंशीगंज बाजार आने वाले लोगों और स्थानीय व्यापारियों को सुविधा मिलने की उम्मीद है।
मुंशीगंज चौराहा और बाजार क्षेत्र में बड़ी संख्या में लोग रोजाना खरीदारी और अन्य कामों के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में सार्वजनिक शौचालय की सुविधा उपलब्ध होने से लोगों को काफी सहूलियत हो सकती है।
इसके अलावा प्रशासन का मानना है कि अतिक्रमण हटने के बाद चौराहे और सड़क किनारे लोगों की आवाजाही के लिए अधिक जगह उपलब्ध होगी। इससे यातायात व्यवस्था को भी व्यवस्थित करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
जाम और आवागमन की समस्या से राहत की उम्मीद
मुंशीगंज चौराहे पर सड़क किनारे गुमटियां होने के कारण लोगों को आवाजाही में परेशानी होने की बात सामने आती रही है। बाजार क्षेत्र में दुकानदारों और ग्राहकों की आवाजाही के बीच सड़क किनारे अस्थायी निर्माण होने से जगह कम हो जाती है।
अब चार गुमटियां हटाए जाने के बाद प्रशासन को उम्मीद है कि सड़क किनारे अतिरिक्त जगह उपलब्ध होगी। इससे बाजार क्षेत्र में आवागमन सुचारु होने के साथ ही जाम की समस्या में भी कमी आ सकती है।
हालांकि, बाजार में यातायात व्यवस्था को पूरी तरह बेहतर बनाने के लिए अतिक्रमण हटाने के साथ-साथ वाहनों की पार्किंग और सड़क किनारे होने वाली अन्य गतिविधियों को व्यवस्थित करना भी महत्वपूर्ण होगा।
कार्रवाई के दौरान जुटे व्यापारी और स्थानीय लोग
प्रशासन की कार्रवाई की जानकारी मिलने के बाद मौके पर स्थानीय लोगों और व्यापारियों की भीड़ जुट गई। राजस्व टीम की मौजूदगी में गुमटियों को हटाने की कार्रवाई की गई। प्रशासन की ओर से सरकारी जमीन पर अतिक्रमण को लेकर स्पष्ट संदेश दिया गया है कि सार्वजनिक भूमि का उपयोग निर्धारित नियमों के अनुसार ही किया जाना चाहिए। अधिकारियों ने स्थानीय लोगों और व्यापारियों से सहयोग की अपील भी की।
प्रशासन का कहना है कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान राजस्व अभिलेखों और जमीन की स्थिति के आधार पर प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाती है।
नायब तहसीलदार ने व्यापारियों से की अपील
नायब तहसीलदार सुधीर श्रीवास्तव ने कहा कि सरकारी जमीन पर अतिक्रमण के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। उन्होंने व्यापारियों से अपील की कि वे स्वयं अतिक्रमण हटाएं और सरकारी भूमि पर किसी तरह का नया कब्जा न करें।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकारी जमीन पर अतिक्रमण पाया जाता है तो प्रशासन नियमानुसार कार्रवाई करेगा। इसलिए व्यापारियों और स्थानीय लोगों को प्रशासन की कार्रवाई का इंतजार करने के बजाय अपने स्तर से अतिक्रमण हटाने की अपील की गई है।
सार्वजनिक सुविधा को ध्यान में रखकर कार्रवाई
मुंशीगंज में हुई इस कार्रवाई के बाद अब कब्जा मुक्त कराई गई जमीन के सार्वजनिक उपयोग की तैयारी है। प्रशासन के अनुसार यहां सामुदायिक शौचालय बनाया जाएगा। इससे बाजार में आने वाले लोगों को मूलभूत सुविधा मिल सकेगी।
कुल मिलाकर, मुंशीगंज चौराहे पर प्रशासन की कार्रवाई में चार गुमटियां हटाकर करीब 0.026 हेक्टेयर सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराया गया। प्रशासन का कहना है कि आगे भी सरकारी भूमि को कब्जे से मुक्त कराने का अभियान जारी रहेगा। वहीं, इस जमीन पर सामुदायिक शौचालय बनने से स्थानीय लोगों और बाजार में आने वाले व्यापारियों को सुविधा मिलने की उम्मीद है।

