कानपुर के जाजमऊ की टेनरी में गैस लगने से कर्मचारी की मौत, परिजनों ने लगाया लापरवाही का आरोप
रिपोर्ट – विशाल मिश्रा
कानपुर: जाजमऊ के सरैया इलाके में स्थित एक टेनरी में शनिवार सुबह करीब पांच बजे गैस लगने से 30 वर्षीय टेनरी कर्मी मनोज की मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। वहीं, मृतक के परिजनों ने टेनरी मालिक और प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया और मामले की जांच की मांग की।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जानकारी ली। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य तथ्यों के आधार पर मामले की जांच कर रही है।
शनिवार सुबह टेनरी में हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, जाजमऊ के सरैया स्थित टेनरी में शनिवार सुबह कर्मचारी अपने काम में लगे हुए थे। इसी दौरान 30 वर्षीय मनोज गैस की चपेट में आ गया। गैस लगने के बाद उसकी तबीयत बिगड़ गई। टेनरी में मौजूद अन्य कर्मचारियों ने तत्काल उसे उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाने का प्रयास किया।
हालांकि, मनोज की हालत गंभीर होने के कारण उसे कांशीराम अस्पताल ले जाया गया। अस्पताल में चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद अस्पताल प्रशासन की ओर से घटना की सूचना पुलिस को दी गई।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जानकारी जुटाई। पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
परिजनों ने प्रबंधन पर लगाया लापरवाही का आरोप
मनोज की मौत की खबर जैसे ही उसके परिवार को मिली, घर में मातम छा गया। इसके बाद परिजन टेनरी पहुंचे। परिजनों ने टेनरी मालिक और प्रबंधन पर सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही का आरोप लगाया। उनका कहना था कि यदि काम के दौरान सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम होते तो संभवतः यह घटना नहीं होती।
परिजनों के आरोप के बाद टेनरी परिसर में हंगामे की स्थिति बन गई। उन्होंने घटना की निष्पक्ष जांच कराने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। हालांकि, पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला और मामले की जांच का भरोसा दिया।
पुलिस की ओर से घटना के संबंध में उपलब्ध तथ्यों और परिजनों की शिकायत के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है। फिलहाल मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।
परिवार में पत्नी और छह माह की बेटी
मृतक मनोज की उम्र करीब 30 वर्ष बताई गई है। वह कानपुर के चकेरी क्षेत्र स्थित देवीगंज का रहने वाला था। परिवार के अनुसार, मनोज के पीछे उसकी पत्नी काव्या और छह माह की मासूम बेटी है।
मनोज की अचानक हुई मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के लिए मनोज आय का प्रमुख सहारा था। ऐसे में हादसे के बाद परिवार के सामने आर्थिक और भावनात्मक दोनों तरह की मुश्किलें खड़ी हो गई हैं।
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने भी परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। वहीं, परिजनों ने प्रशासन से मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और परिवार को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है।
कांशीराम अस्पताल से पुलिस को मिली सूचना
घटना के बाद मनोज को इलाज के लिए कांशीराम अस्पताल पहुंचाया गया था। अस्पताल में चिकित्सकों ने उसकी जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। इसके बाद अस्पताल की ओर से पुलिस को सूचना दी गई।
सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम अस्पताल पहुंची और शव को कब्जे में लिया। इसके बाद पंचनामा भरने की प्रक्रिया पूरी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपे जाने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत के कारणों की स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी। इसके साथ ही घटना के दौरान टेनरी में मौजूद कर्मचारियों और प्रबंधन से भी जानकारी ली जा सकती है।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
टेनरी में काम करने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा को लेकर इस घटना के बाद सवाल उठ रहे हैं। औद्योगिक इकाइयों में गैस और अन्य जोखिम वाले पदार्थों के बीच काम करने वाले कर्मचारियों के लिए सुरक्षा उपकरण और निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन महत्वपूर्ण होता है।
ऐसे में मनोज की मौत के बाद परिजनों ने आरोप लगाया है कि टेनरी में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर लापरवाही बरती गई। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस जांच और संबंधित विभागों की जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि घटना के समय सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था या नहीं।
यदि जांच में किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है। फिलहाल प्रशासन और पुलिस की ओर से मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
पुलिस ने शुरू की जांच
घटना के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। पुलिस घटना के समय टेनरी में मौजूद कर्मचारियों से जानकारी जुटा सकती है। इसके अलावा घटनास्थल की स्थिति, गैस के स्रोत और सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े पहलुओं की भी जांच की जाएगी।
परिजनों की ओर से लगाए गए आरोपों को भी जांच का हिस्सा बनाया जा सकता है। वहीं, पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद पुलिस को मौत के कारणों की पुष्टि में मदद मिलेगी।
पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इसलिए फिलहाल घटना को लेकर किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले जांच पूरी होने का इंतजार किया जा रहा है।
परिवार ने की निष्पक्ष जांच की मांग
मनोज के परिजनों ने घटना की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका कहना है कि मनोज परिवार की जिम्मेदारियों को संभाल रहा था और उसकी मौत से परिवार को बड़ा नुकसान हुआ है। परिजनों ने प्रशासन से पूरे मामले की जांच कराने के साथ-साथ यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
वहीं, घटना के बाद क्षेत्र में भी चर्चा का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि औद्योगिक इकाइयों में काम करने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। इसके लिए नियमित रूप से सुरक्षा व्यवस्था की जांच और कर्मचारियों को आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराना जरूरी है।
फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच जारी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा जांच के अन्य तथ्यों के सामने आने के बाद ही मनोज की मौत के कारणों और घटना में किसी की जिम्मेदारी के संबंध में स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

