कानपुर में बाबा लक्खी शाह बंजारा जयंती पर सपा का पीडीए परिचर्चा सेमिनार, फजल महमूद ने रखे विचार

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रिपोर्ट – विक्की रघुवंशी 

कानपुर: सत्रहवीं शताब्दी के महान योद्धा और समाजसेवी बाबा लक्खी शाह बंजारा की जयंती के अवसर पर समाजवादी पार्टी महानगर इकाई की ओर से शनिवार को नवीन मार्केट, परेड स्थित पार्टी कार्यालय में ‘पीडीए परिचर्चा सेमिनार’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सपा महानगर अध्यक्ष फजल महमूद ने की, जबकि संचालन महानगर के वरिष्ठ उपाध्यक्ष शैलेंद्र यादव (मिंटू) ने किया। सेमिनार में बाबा लक्खी शाह बंजारा के जीवन, सामाजिक योगदान और वर्तमान समय में उनके विचारों की प्रासंगिकता पर चर्चा की गई।

कार्यक्रम में पार्टी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और सामाजिक प्रतिनिधियों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। वक्ताओं ने सामाजिक समरसता, शिक्षा, संवैधानिक मूल्यों और लोकतांत्रिक व्यवस्था से जुड़े विभिन्न विषयों पर अपने विचार रखे।

बाबा लक्खी शाह बंजारा को दी गई श्रद्धांजलि

कार्यक्रम की शुरुआत बाबा लक्खी शाह बंजारा के चित्र पर माल्यार्पण और पुष्पांजलि अर्पित कर की गई। उपस्थित नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन करते हुए उनके सामाजिक योगदान को याद किया।

वक्ताओं ने कहा कि बाबा लक्खी शाह बंजारा का जीवन सेवा, त्याग और समाज के वंचित वर्गों के उत्थान के लिए समर्पित रहा। उन्होंने समाज में समानता और सहयोग की भावना को मजबूत करने का कार्य किया।

सामाजिक न्याय और शिक्षा पर दिया गया जोर

सेमिनार को संबोधित करते हुए फजल महमूद ने कहा कि बाबा लक्खी शाह बंजारा ने अपने समय में अन्याय और उत्पीड़न के विरुद्ध संघर्ष किया तथा गरीबों और जरूरतमंद लोगों की सहायता को अपना जीवन उद्देश्य बनाया।

उन्होंने कहा कि बाबा लक्खी शाह बंजारा ने शिक्षा के महत्व को समझते हुए वंचित बच्चों को शिक्षित करने के लिए प्रेरणादायक प्रयास किए। उनके अनुसार शिक्षा सामाजिक परिवर्तन का सबसे प्रभावी माध्यम है और आज भी समाज को इसी दिशा में आगे बढ़ने की आवश्यकता है।

पीडीए अभियान पर रखी बात

कार्यक्रम के दौरान फजल महमूद ने समाजवादी पार्टी के पीडीए (पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक) अभियान का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पार्टी सामाजिक न्याय और सभी वर्गों की भागीदारी के सिद्धांत पर कार्य कर रही है।

उन्होंने कार्यकर्ताओं से जनसंपर्क बढ़ाने और समाज के विभिन्न वर्गों के बीच संवाद स्थापित करने का आह्वान किया। उनके अनुसार संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाने के लिए निरंतर संपर्क अभियान चलाया जाएगा।

संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों पर व्यक्त किए विचार

अपने संबोधन में फजल महमूद ने संविधान और लोकतांत्रिक संस्थाओं के महत्व पर भी विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि संविधान देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था की आधारशिला है और इसकी मूल भावना का सम्मान किया जाना चाहिए।

उन्होंने अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और लोकतांत्रिक अधिकारों के संरक्षण की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि इन मूल्यों को मजबूत बनाए रखना सभी नागरिकों की सामूहिक जिम्मेदारी है।

यह टिप्पणी फजल महमूद द्वारा कार्यक्रम में व्यक्त किए गए राजनीतिक विचारों पर आधारित है।

2027 विधानसभा चुनाव को लेकर संगठनात्मक तैयारी

कार्यक्रम में फजल महमूद ने कहा कि समाजवादी पार्टी आगामी समय में शहर की विभिन्न मलिन बस्तियों में व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाने की योजना बना रही है।

उन्होंने कार्यकर्ताओं से संगठन को मजबूत करने और जनता के बीच लगातार सक्रिय रहने का आह्वान किया। उनके अनुसार पार्टी आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर संगठनात्मक स्तर पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करेगी।

कार्यकर्ताओं से सक्रिय भूमिका निभाने की अपील

सेमिनार के दौरान पार्टी पदाधिकारियों ने कार्यकर्ताओं से सामाजिक सरोकारों से जुड़े मुद्दों पर सक्रिय रहने की अपील की। साथ ही लोगों तक सरकारी योजनाओं, सामाजिक अधिकारों और संवैधानिक मूल्यों से जुड़ी जानकारी पहुंचाने पर भी बल दिया गया।

वक्ताओं ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनभागीदारी और संवाद महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसलिए प्रत्येक कार्यकर्ता को समाज के बीच सकारात्मक संवाद स्थापित करने का प्रयास करना चाहिए।

बड़ी संख्या में पदाधिकारी रहे मौजूद

कार्यक्रम में समाजवादी पार्टी के अनेक वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी उपस्थित रहे। इनमें प्रमुख रूप से महानगर अध्यक्ष हाजी फजल महमूद, प्रदेश सचिव के. के. शुक्ला, वरिष्ठ उपाध्यक्ष शैलेंद्र यादव (मिंटू), महासचिव संजय सिंह बंटी सेंगर, रजत मिश्रा, विनय गुप्ता, शेरू खान, शकील अहमद, एखलास अहमद, अब्दुल कादिर और जस्वेंद्र निषाद सहित कई कार्यकर्ता शामिल रहे।

सभी ने बाबा लक्खी शाह बंजारा के जीवन और उनके योगदान को याद करते हुए सामाजिक एकता एवं जनसेवा के संकल्प को दोहराया।

बाबा लक्खी शाह बंजारा का सामाजिक योगदान

इतिहासकारों के अनुसार बाबा लक्खी शाह बंजारा को समाज सेवा, परोपकार और मानवीय मूल्यों के लिए याद किया जाता है। विभिन्न समुदायों में उनका नाम सम्मान के साथ लिया जाता है। उनके जीवन से सेवा, साहस और समाज के कमजोर वर्गों के प्रति समर्पण की प्रेरणा मिलती है।

इसी कारण विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक संगठन उनकी जयंती पर कार्यक्रम आयोजित कर उनके विचारों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का प्रयास करते हैं।

कानपुर में आयोजित समाजवादी पार्टी के पीडीए परिचर्चा सेमिनार में बाबा लक्खी शाह बंजारा के जीवन, सामाजिक योगदान और शिक्षा के प्रति उनके दृष्टिकोण पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम में फजल महमूद सहित अन्य वक्ताओं ने सामाजिक न्याय, शिक्षा, लोकतांत्रिक मूल्यों और संगठनात्मक गतिविधियों पर अपने विचार व्यक्त किए।

यह आयोजन सामाजिक समरसता, जन जागरूकता और संवाद को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान व्यक्त राजनीतिक टिप्पणियां संबंधित वक्ताओं के अपने विचार हैं।

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