श्रावण के प्रथम सोमवार से पहले बाबा पातालेश्वर महादेव मंदिर का पुलिस ने किया निरीक्षण, सुरक्षा व्यवस्था हुई चाक-चौबंद
रिपोर्ट- सर्वेश सोनू शर्मा
कानपुर में श्रावण मास के प्रथम सोमवार के अवसर पर बाबा भोलेनाथ के मंदिरों में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। इसी क्रम में रविवार को पुलिस उपायुक्त (दक्षिण) दीपेंद्र नाथ चौधरी ने थाना सेन पश्चिम पारा क्षेत्र स्थित बाबा पातालेश्वर महादेव मंदिर, न्यू आजाद नगर का निरीक्षण कर सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं का विस्तृत जायजा लिया। निरीक्षण का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि प्रथम सोमवार के दौरान श्रद्धालुओं को दर्शन-पूजन में किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े तथा कानून-व्यवस्था पूरी तरह बनाए रखी जा सके।
मंदिर परिसर और आसपास की व्यवस्थाओं की हुई गहन समीक्षा
निरीक्षण के दौरान पुलिस उपायुक्त ने मंदिर परिसर के साथ-साथ आसपास के क्षेत्रों का भी बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने बैरिकेडिंग व्यवस्था, प्रवेश एवं निकास मार्ग, पार्किंग स्थल, भीड़ नियंत्रण के लिए बनाए गए रूट प्लान तथा यातायात संचालन की तैयारियों का अवलोकन किया।
इसके अलावा पुलिस अधिकारियों ने यह भी सुनिश्चित किया कि श्रद्धालुओं के आवागमन के लिए पर्याप्त स्थान उपलब्ध रहे और किसी भी स्थिति में अव्यवस्था उत्पन्न न होने पाए। पुलिस प्रशासन ने भीड़ को व्यवस्थित ढंग से नियंत्रित करने के लिए आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता की भी समीक्षा की।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर दिए आवश्यक दिशा-निर्देश
निरीक्षण के दौरान पुलिस उपायुक्त दक्षिण ने ड्यूटी पर तैनात पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी पुलिसकर्मी पूरी सतर्कता एवं जिम्मेदारी के साथ अपनी ड्यूटी निभाएं तथा श्रद्धालुओं के साथ विनम्र और शालीन व्यवहार करें।
उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि यदि किसी प्रकार की आपात स्थिति उत्पन्न होती है तो उसका त्वरित एवं प्रभावी ढंग से समाधान किया जाए। इसके साथ ही संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखने और भीड़ बढ़ने की स्थिति में तत्काल आवश्यक कदम उठाने के निर्देश भी दिए गए।
श्रद्धालुओं की सुविधा प्रशासन की प्राथमिकता
श्रावण मास के दौरान शिव मंदिरों में श्रद्धालुओं की संख्या सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना बढ़ जाती है। ऐसे में प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यह है कि दर्शन के दौरान किसी भी श्रद्धालु को असुविधा का सामना न करना पड़े।
इसी को ध्यान में रखते हुए मंदिर परिसर में बैरिकेडिंग, कतार व्यवस्था, पार्किंग, यातायात नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत किया गया है। पुलिस प्रशासन का प्रयास है कि श्रद्धालु शांतिपूर्ण एवं सुरक्षित वातावरण में भगवान शिव के दर्शन कर सकें।
मंदिर समिति एवं पुजारियों से भी किया सहयोग का आग्रह
निरीक्षण के दौरान पुलिस अधिकारियों ने मंदिर के पुजारी एवं मंदिर प्रबंधन समिति के सदस्यों से भी मुलाकात की। इस अवसर पर उनसे प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पूर्ण पालन करने की अपील की गई।
पुलिस प्रशासन ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुगम दर्शन व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन एवं मंदिर समिति का समन्वय अत्यंत आवश्यक है। यदि सभी मिलकर कार्य करेंगे तो किसी भी प्रकार की अव्यवस्था की संभावना काफी हद तक समाप्त हो जाएगी।
यातायात व्यवस्था पर रहेगा विशेष ध्यान
प्रथम सोमवार को मंदिर के आसपास बड़ी संख्या में वाहनों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए यातायात व्यवस्था को भी विशेष प्राथमिकता दी गई है। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने पार्किंग स्थलों की स्थिति का जायजा लिया तथा यह सुनिश्चित किया कि श्रद्धालुओं को वाहन खड़ा करने में किसी प्रकार की परेशानी न हो।
साथ ही, मुख्य मार्गों पर यातायात सुचारु बनाए रखने के लिए आवश्यक पुलिस बल की तैनाती की योजना की भी समीक्षा की गई। आवश्यकता पड़ने पर ट्रैफिक डायवर्जन लागू करने की तैयारी भी रखी गई है ताकि जाम जैसी स्थिति उत्पन्न न होने पाए।
संवेदनशील बिंदुओं पर रहेगी विशेष निगरानी
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि श्रावण मास के दौरान संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात रहेगा। इसके अलावा भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखी जाएगी ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना की संभावना को समय रहते रोका जा सके।
प्रशासन का उद्देश्य केवल सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखना ही नहीं, बल्कि श्रद्धालुओं को सहज, सुरक्षित एवं व्यवस्थित वातावरण उपलब्ध कराना भी है।
श्रद्धालुओं से भी की गई अपील
पुलिस प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे दर्शन के दौरान प्रशासन द्वारा बनाए गए नियमों एवं निर्धारित कतार व्यवस्था का पालन करें। इसके अलावा किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें तथा किसी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।
प्रशासन ने यह भी कहा कि श्रद्धालुओं के सहयोग से ही व्यवस्थाएं बेहतर ढंग से संचालित की जा सकती हैं। इसलिए सभी नागरिक धैर्य एवं अनुशासन बनाए रखें।
श्रावण मास में बढ़ जाती है श्रद्धालुओं की संख्या
श्रावण मास भगवान शिव की आराधना का सबसे महत्वपूर्ण समय माना जाता है। विशेष रूप से सोमवार के दिन शिवालयों में सुबह से देर रात तक श्रद्धालुओं की लंबी कतारें देखने को मिलती हैं। बाबा पातालेश्वर महादेव मंदिर भी क्षेत्र के प्रमुख शिव मंदिरों में शामिल है, जहां हर वर्ष हजारों श्रद्धालु जलाभिषेक एवं पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं।
इसी बढ़ती संख्या को देखते हुए पुलिस एवं प्रशासन ने पहले से ही व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुगम दर्शन का अनुभव मिल सके।
श्रावण मास के प्रथम सोमवार के मद्देनजर बाबा पातालेश्वर महादेव मंदिर में सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं का निरीक्षण यह दर्शाता है कि पुलिस प्रशासन श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रहा है। पुलिस उपायुक्त दक्षिण दीपेंद्र नाथ चौधरी द्वारा किए गए निरीक्षण तथा अधिकारियों को दिए गए आवश्यक दिशा-निर्देशों से यह स्पष्ट है कि प्रशासन किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है।
यदि श्रद्धालु भी प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करेंगे, तो प्रथम सोमवार के अवसर पर दर्शन व्यवस्था और अधिक सुचारु, सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनी रहेगी।

