आज़मगढ़ में चेन स्नेचिंग गिरोह का सरगना गैंगस्टर एक्ट में गिरफ्तार, वाराणसी निवासी विशाल उर्फ बाबू बीडी पर 11 मुकदमे दर्ज

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रिपोर्ट – पितेश्वर कुमार

आज़मगढ़: जिले में महिलाओं से चेन स्नेचिंग और संपत्ति संबंधी अपराधों पर अंकुश लगाने की दिशा में आज़मगढ़ पुलिस को एक महत्वपूर्ण सफलता मिली है। कोतवाली पुलिस ने संगठित रूप से चेन स्नेचिंग और चोरी की घटनाओं को अंजाम देने वाले गिरोह के कथित सरगना विशाल उर्फ बाबू बीडी को उत्तर प्रदेश गैंगस्टर एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप (निवारण) अधिनियम के तहत गिरफ्तार किया है।

पुलिस के अनुसार आरोपी के विरुद्ध आज़मगढ़ और वाराणसी में कुल 11 आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें चेन स्नेचिंग, चोरी, लूट, शस्त्र अधिनियम और गैंगस्टर एक्ट से संबंधित मामले शामिल हैं।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई संगठित अपराधों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है। वहीं, पुलिस का मानना है कि इस गिरफ्तारी से जिले में चेन स्नेचिंग जैसी घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में हुई कार्रवाई

पुलिस के अनुसार यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में की गई। 17 जुलाई को प्रभारी निरीक्षक यादवेन्द्र पाण्डेय अपनी पुलिस टीम के साथ क्षेत्र में गश्त और संदिग्ध व्यक्तियों की जांच कर रहे थे। इसी दौरान पुलिस ने ठंडी सड़क बंधा रोड स्थित प्राइवेट बस स्टैंड के पास से आरोपी विशाल उर्फ बाबू बीडी को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपी की पहचान विशाल उर्फ बाबू बीडी पुत्र भरतलाल, निवासी पुराना कांशीराम आवास, ब्लॉक-113, थाना शिवपुर, वाराणसी के रूप में हुई है। पुलिस ने आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी।

चेन स्नेचिंग की घटना से खुला गिरोह का नेटवर्क

पुलिस के अनुसार इस पूरे मामले की शुरुआत 8 नवंबर 2025 को हुई एक चेन स्नेचिंग की घटना से हुई थी। उस दिन बाजार से अपने घर लौट रही एक महिला के गले से बाइक सवार दो बदमाशों ने सोने की चेन छीन ली थी। घटना के बाद पीड़िता की शिकायत पर कोतवाली थाने में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई।

जांच के दौरान पुलिस को कई महत्वपूर्ण सुराग मिले। विवेचना आगे बढ़ने पर विशाल उर्फ बाबू बीडी और उसके साथी पिन्टू हरिजन उर्फ अशोक का नाम सामने आया। इसके बाद पुलिस ने दोनों के आपराधिक रिकॉर्ड और गतिविधियों की गहन पड़ताल की।

जांच में सामने आई संगठित अपराध की तस्वीर

पुलिस जांच के दौरान यह जानकारी सामने आई कि आरोपी अकेले नहीं, बल्कि एक संगठित गिरोह के रूप में काम करता था। पुलिस के अनुसार गिरोह के सदस्य योजनाबद्ध तरीके से चेन स्नेचिंग, चोरी और अन्य संपत्ति संबंधी अपराधों को अंजाम देते थे। इन घटनाओं के माध्यम से कथित रूप से अवैध आर्थिक लाभ अर्जित किया जाता था।

इसके अलावा जांच में यह भी सामने आया कि गिरोह की सक्रियता से आम लोगों में असुरक्षा और भय का माहौल बन रहा था। पुलिस ने उपलब्ध साक्ष्यों और विवेचना के आधार पर आरोपी के विरुद्ध गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की।

गैंग चार्ट तैयार कर लिया गया प्रशासनिक अनुमोदन

कोतवाली पुलिस ने आरोपी और उसके गिरोह की आपराधिक गतिविधियों का विस्तृत गैंग चार्ट तैयार किया। इसके बाद इसे अनुमोदन के लिए जिला प्रशासन को भेजा गया।

पुलिस के अनुसार 16 जुलाई 2026 को जिलाधिकारी द्वारा गैंग चार्ट को स्वीकृति प्रदान की गई। इसके बाद आरोपी विशाल उर्फ बाबू बीडी के विरुद्ध मु0अ0सं0 381/2026 के तहत धारा 2(ख)(1)/3(1), उत्तर प्रदेश गैंगस्टर एक्ट में मुकदमा दर्ज किया गया।

इसके अगले ही दिन पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।

आरोपी पर दर्ज हैं 11 आपराधिक मुकदमे

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ आज़मगढ़ और वाराणसी के विभिन्न थानों में कुल 11 मुकदमे दर्ज हैं। इनमें चेन स्नेचिंग, चोरी, लूट, शस्त्र अधिनियम के उल्लंघन और गैंगस्टर एक्ट से जुड़े मामले शामिल हैं।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी का आपराधिक इतिहास लंबा रहा है और उसके खिलाफ पहले भी कई मामलों में कार्रवाई की जा चुकी है। वर्तमान गिरफ्तारी के बाद उसके नेटवर्क और अन्य संभावित साथियों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है।

संगठित अपराध के खिलाफ पुलिस का अभियान जारी

आज़मगढ़ पुलिस लगातार संगठित अपराध, चोरी, लूट और चेन स्नेचिंग जैसी घटनाओं पर नियंत्रण के लिए अभियान चला रही है। इसी क्रम में अपराधियों की पहचान, निगरानी और उनके विरुद्ध प्रभावी कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार ऐसे मामलों में केवल गिरफ्तारी ही नहीं, बल्कि अपराध से अर्जित अवैध लाभ और संगठित आपराधिक गतिविधियों पर भी कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जा रही है। इससे अपराधियों के नेटवर्क को कमजोर करने में सहायता मिलती है।

महिलाओं की सुरक्षा पर विशेष फोकस

पिछले कुछ समय से महिलाओं को निशाना बनाकर चेन स्नेचिंग की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने विशेष रणनीति तैयार की है। बाजार, भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों और प्रमुख मार्गों पर गश्त बढ़ाई गई है। इसके साथ ही संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की नियमित जांच भी की जा रही है।

पुलिस का कहना है कि आम नागरिकों से मिलने वाली सूचनाएं और तकनीकी जांच भी ऐसे मामलों के खुलासे में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। इसलिए लोगों से अपील की गई है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत स्थानीय पुलिस को दें।

कानून के दायरे में आगे की कार्रवाई

पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी के विरुद्ध नियमानुसार आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। साथ ही उसके अन्य आपराधिक मामलों और संभावित सहयोगियों के संबंध में भी जांच जारी है। यदि विवेचना में नए तथ्य सामने आते हैं तो उनके आधार पर आवश्यक कानूनी कदम उठाए जाएंगे।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और संगठित अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए आगे भी इसी प्रकार की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।

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