मेरठ में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ सपा का प्रदर्शन, पुतला छीनने पर पुलिस से नोकझोंक

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रिपोर्ट – मनीष पराशर

मेरठ। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की मांग को लेकर समाजवादी पार्टी ने रविवार को मेरठ में प्रदर्शन किया। कमिश्नरी चौराहे और आंबेडकर चौक क्षेत्र में हुए प्रदर्शन के दौरान सपा कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी की और मुख्य चुनाव आयुक्त का प्रतीकात्मक पुतला लेकर पहुंचे। पुलिस ने पुतला अपने कब्जे में लेने का प्रयास किया, जिसके बाद कार्यकर्ताओं और पुलिसकर्मियों के बीच धक्का-मुक्की और नोकझोंक की स्थिति बन गई। स्थानीय रिपोर्टों के मुताबिक, पुलिस ने पुतला अपने कब्जे में ले लिया।

समाजवादी पार्टी की ओर से यह प्रदर्शन मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने, संविधान और लोकतांत्रिक व्यवस्था की रक्षा की मांग को लेकर किया गया। पार्टी का कहना है कि चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर उसके सवालों पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। इसी क्रम में सपा ने प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में विरोध कार्यक्रम आयोजित करने की घोषणा की है।

कमिश्नरी चौराहे पर पुतला लेकर पहुंचे सपा कार्यकर्ता

रविवार को सपा नेता प्रदीप कसाना अपने समर्थकों के साथ कमिश्नरी चौराहे पहुंचे। उनके हाथ में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का प्रतीकात्मक पुतला था। कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए विरोध दर्ज कराया। जैसे ही पुतला दहन की तैयारी शुरू हुई, मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने उसे अपने कब्जे में लेने का प्रयास किया।

इस दौरान सपा कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच काफी देर तक नोकझोंक और धक्का-मुक्की हुई। पुलिस ने अंततः पुतला अपने कब्जे में ले लिया। इस घटनाक्रम के बावजूद सपा कार्यकर्ताओं ने अपना प्रदर्शन जारी रखा। मेरठ में रविवार के प्रदर्शन की पुष्टि स्थानीय मीडिया रिपोर्टों में भी हुई है।

एक दिन पहले प्रदीप कसाना को किया गया था हाउस अरेस्ट

सपा नेताओं के अनुसार, प्रदर्शन से एक दिन पहले नेता प्रदीप कसाना को पुलिस ने उनके घर पर ही रोक दिया था। पार्टी की ओर से ज्ञापन देने की तैयारी की जा रही थी, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें हाउस अरेस्ट किया और उनके आवास से ही ज्ञापन लिया।

हालांकि, इसके अगले दिन प्रदीप कसाना कार्यकर्ताओं के साथ सड़क पर पहुंचे और विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए। पार्टी नेताओं का कहना है कि पुलिस की कार्रवाई के बावजूद उनका आंदोलन जारी रहेगा।

आंबेडकर प्रतिमा पर पुष्पांजलि, राष्ट्रगान के साथ प्रदर्शन समाप्त

पुतला पुलिस द्वारा कब्जे में लिए जाने के बाद सपा कार्यकर्ता आंबेडकर चौक की ओर बढ़े। जिलाध्यक्ष कर्मवीर गुमी, किठौर विधायक शाहिद मंजूर और मेरठ शहर विधायक रफीक अंसारी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की।

इसके बाद कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रगान किया। सपा नेताओं ने इस दौरान संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा का संकल्प लेने की बात कही। पार्टी नेताओं ने कहा कि उनका विरोध केवल किसी एक स्थान तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसे विधानसभा स्तर तक ले जाया जाएगा।

शाहिद मंजूर ने पुलिस कार्रवाई पर उठाए सवाल

किठौर विधायक शाहिद मंजूर ने प्रदर्शन के दौरान कहा कि समाजवादी पार्टी अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष के निर्देश पर संविधान, वोट और लोकतंत्र से जुड़े मुद्दों को लेकर प्रदेशभर में प्रदर्शन कर रही है। उन्होंने पुलिस की तैनाती और प्रदर्शनकारियों को रोकने की कार्रवाई पर सवाल उठाए।

शाहिद मंजूर ने आरोप लगाया कि पुलिस पर सत्ता का दबाव है और इसी वजह से प्रदर्शनकारियों को रोकने का प्रयास किया जा रहा है। हालांकि, ये राजनीतिक आरोप हैं और इन्हें सपा नेता के बयान के रूप में ही देखा जाना चाहिए।

उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी विपक्षी दल के तौर पर जनता के अधिकारों से जुड़े मुद्दों को उठाती रहेगी। उनके मुताबिक, पार्टी की प्रमुख मांग मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की है।

विधानसभा क्षेत्रों में जनता तक मुद्दा पहुंचाने की तैयारी

सपा जिलाध्यक्ष कर्मवीर गुमी और विधायक शाहिद मंजूर ने कहा कि पार्टी अब इस मुद्दे को जिला मुख्यालय तक सीमित नहीं रखेगी। पार्टी के विधायक और वरिष्ठ नेता अपने-अपने विधानसभा क्षेत्रों में पहुंचकर कार्यकर्ताओं और आम लोगों के बीच चुनाव प्रक्रिया तथा मतदाता सूची से जुड़े पार्टी के सवालों को रखेंगे।

सपा नेताओं का कहना है कि आने वाले दिनों में इन मुद्दों को लेकर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। पार्टी का दावा है कि इसके जरिए जनता को चुनाव प्रक्रिया से जुड़े सवालों और अपनी मांगों के बारे में जानकारी दी जाएगी।

प्रदेश स्तर पर जारी है विरोध

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर विपक्षी दलों का विरोध हाल के दिनों में कई राज्यों और शहरों में देखने को मिला है। सपा ने 2 से 8 अक्टूबर तक ‘लोकतंत्र बचाओ सप्ताह’ मनाने की घोषणा की है। पार्टी ने इस दौरान चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े सवालों को जनता के बीच ले जाने की बात कही है।

इससे पहले लखनऊ समेत उत्तर प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ विपक्षी दलों के प्रदर्शन हुए हैं। 28 सितंबर को लखनऊ में सपा और कांग्रेस ने भी प्रदर्शन कर ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की थी।

मेरठ में रविवार को हुए प्रदर्शन के दौरान फिलहाल पुलिस ने पुतला अपने कब्जे में लेकर प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने का प्रयास किया। वहीं, सपा नेताओं ने साफ किया कि पार्टी इस मुद्दे पर आगे भी अपने आंदोलन को जारी रखेगी।

 

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