बिजनौर पुलिस लाइन में गांधी-शास्त्री जयंती पर दी गई श्रद्धा पूर्ण श्रद्धांजलि, SP ने दिलाई एकता की शपथ
रिपोर्ट – ताबिश मिर्जा
बिजनौर: राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर बिजनौर रिजर्व पुलिस लाइन में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान पुलिस अधीक्षक श्री कृष्ण कुमार ने दोनों महान विभूतियों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और संप्रभुता को बनाए रखने के प्रति अपने कर्तव्यों को दोहराया।
हर वर्ष 2 अक्टूबर को महात्मा गांधी जयंती और लाल बहादुर शास्त्री जयंती मनाई जाती है। इसी क्रम में बिजनौर पुलिस लाइन में भी कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य दोनों महापुरुषों के जीवन, विचारों और राष्ट्र के प्रति उनके योगदान को याद करना तथा उनके आदर्शों को अपने कार्य और जीवन में अपनाने का संकल्प लेना रहा।
SP कृष्ण कुमार ने अर्पित की श्रद्धांजलि
कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण के साथ हुई। पुलिस अधीक्षक श्री कृष्ण कुमार ने दोनों महापुरुषों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने भी उनके प्रति सम्मान व्यक्त किया।
महात्मा गांधी ने सत्य और अहिंसा के माध्यम से देश के स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा दी। वहीं, लाल बहादुर शास्त्री ने सादगी, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा को अपने सार्वजनिक जीवन का आधार बनाया। इसलिए दोनों की जयंती एक ही दिन होने के कारण 2 अक्टूबर का दिन देश के लिए विशेष महत्व रखता है।
पुलिसकर्मियों को दिलाई गई एकता की शपथ
श्रद्धांजलि कार्यक्रम के बाद पुलिसकर्मियों को राष्ट्र की एकता, अखंडता और संप्रभुता बनाए रखने की शपथ दिलाई गई। इस दौरान पुलिसकर्मियों ने देश की एकता और अखंडता की रक्षा करने तथा अपने दायित्वों का जिम्मेदारी के साथ निर्वहन करने का संकल्प लिया।
पुलिस विभाग के लिए इस तरह के कार्यक्रमों का महत्व इसलिए भी बढ़ जाता है, क्योंकि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ ही पुलिसकर्मी समाज में शांति, सुरक्षा और आपसी सद्भाव का वातावरण बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में राष्ट्रीय पर्व और महापुरुषों की जयंती के अवसर पर कर्तव्य एवं जिम्मेदारी का संकल्प पुलिसकर्मियों के लिए विशेष संदेश देता है।
चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को दिए गए उपहार
कार्यक्रम के दौरान पुलिस लाइन में कार्यरत चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को उपहार भी भेंट किए गए। इसके माध्यम से उनके योगदान और सेवाओं के प्रति सम्मान व्यक्त किया गया।
पुलिस व्यवस्था को सुचारु रूप से संचालित करने में केवल पुलिस अधिकारी और वर्दीधारी कर्मचारी ही नहीं, बल्कि विभिन्न स्तरों पर कार्य करने वाले अन्य कर्मचारी भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में जयंती के अवसर पर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को सम्मानित करना कार्यक्रम का एक महत्वपूर्ण हिस्सा रहा।
सभी को वितरित की गई मिठाई
कार्यक्रम के अंत में पुलिस लाइन में मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच मिष्ठान का वितरण किया गया। इसके साथ ही गांधी-शास्त्री जयंती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम का समापन हुआ।
इस अवसर ने पुलिसकर्मियों को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के सत्य और अहिंसा के विचारों तथा लाल बहादुर शास्त्री की सादगी और कर्तव्यनिष्ठा को याद करने का अवसर दिया। साथ ही, एकता और अखंडता के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी का संदेश भी दिया गया।
महापुरुषों के विचारों को अपनाने का संदेश
गांधी जयंती और शास्त्री जयंती केवल श्रद्धांजलि देने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि ये अवसर देशवासियों को अपने कर्तव्यों और जिम्मेदारियों की याद भी दिलाते हैं। महात्मा गांधी का जीवन सत्य, अहिंसा और सामाजिक सद्भाव के संदेश से जुड़ा रहा, जबकि लाल बहादुर शास्त्री का सार्वजनिक जीवन सादगी, ईमानदारी और अनुशासन के लिए जाना जाता है।
बिजनौर पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान भी इन्हीं मूल्यों को याद करते हुए राष्ट्र की एकता, अखंडता और संप्रभुता के प्रति प्रतिबद्धता व्यक्त की गई। इस तरह श्रद्धांजलि कार्यक्रम के साथ पुलिसकर्मियों को अपने कर्तव्यों के प्रति सजग रहने और राष्ट्रीय मूल्यों को प्राथमिकता देने का संदेश मिला।
कुल मिलाकर, बिजनौर रिजर्व पुलिस लाइन में गांधी-शास्त्री जयंती का कार्यक्रम श्रद्धा, सम्मान और राष्ट्रीय एकता के संकल्प के साथ आयोजित किया गया। पुलिस अधीक्षक श्री कृष्ण कुमार द्वारा प्रतिमाओं पर माल्यार्पण, पुलिसकर्मियों को शपथ दिलाना, चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को उपहार देना और मिष्ठान वितरण कार्यक्रम के प्रमुख हिस्से रहे।

