कानपुर के ग्रीन पार्क में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर, 33 लोगों ने किया रक्तदान; डीएम ने बढ़ाया रक्तदाताओं का हौसला
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कानपुर नगर, 1 अक्टूबर 2026। रक्त की जरूरत किसी भी व्यक्ति को अचानक पड़ सकती है। दुर्घटना, गंभीर बीमारी, ऑपरेशन या अन्य चिकित्सकीय परिस्थितियों में समय पर उपलब्ध रक्त कई मरीजों के उपचार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसी उद्देश्य से लोगों को स्वैच्छिक रक्तदान के लिए प्रेरित करने के लिए कानपुर के ग्रीन पार्क स्टेडियम में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया।
रेडक्रॉस सोसायटी एवं क्षेत्रीय क्रीड़ा विभाग, कानपुर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस स्वैच्छिक रक्तदान शिविर में लोगों ने उत्साह के साथ हिस्सा लिया। शिविर में जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर भी पहुंचे और रक्तदान करने वाले लोगों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने रक्तदाताओं को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया तथा समाज के अन्य स्वस्थ एवं सक्षम लोगों से भी रक्तदान के लिए आगे आने की अपील की।
डीएम ने कहा- रक्तदान महादान
जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने कहा कि रक्तदान महादान है। एक यूनिट रक्त जरूरत के समय किसी मरीज के उपचार में महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है। उन्होंने कहा कि रक्त की आवश्यकता केवल दुर्घटना या आपात स्थिति में ही नहीं, बल्कि गंभीर बीमारी, सर्जरी और विभिन्न चिकित्सकीय उपचारों के दौरान भी हो सकती है।
उन्होंने लोगों से अपील की कि जो लोग स्वास्थ्य की दृष्टि से रक्तदान करने के लिए सक्षम हैं, वे समय-समय पर स्वैच्छिक रक्तदान करें। इससे अस्पतालों में जरूरतमंद मरीजों के लिए रक्त की उपलब्धता बनाए रखने में सहायता मिलती है। साथ ही, रक्तदान समाज में सेवा और सहयोग की भावना को भी मजबूत करता है।
50 यूनिट रक्तदान का रखा गया था लक्ष्य
ग्रीन पार्क स्टेडियम में आयोजित शिविर के लिए 50 यूनिट रक्तदान का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। इसके लिए रेडक्रॉस सोसायटी, क्षेत्रीय क्रीड़ा विभाग, स्वयंसेवकों और सहयोगी संस्थाओं की ओर से लोगों को रक्तदान के प्रति जागरूक किया गया।
हालांकि, शिविर के दौरान कुल 33 लोगों ने रक्तदान किया। रक्तदाताओं ने उत्साहपूर्वक शिविर में सहभागिता की। प्रशासन और आयोजकों ने रक्तदान करने वाले सभी लोगों का आभार व्यक्त किया और उनके योगदान की सराहना की।
जिलाधिकारी ने कहा कि रक्तदान केवल किसी जरूरतमंद व्यक्ति की मदद करने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह समाज में मानवीय संवेदनाओं, सहयोग और सेवा की भावना को मजबूत करने का भी एक महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक लोगों को रक्तदान के महत्व के बारे में जागरूक करने की आवश्यकता है।
रक्तदान के प्रति बढ़ रही जागरूकता
प्रशासन के अनुसार, लोगों में रक्तदान को लेकर जागरूकता और सहभागिता लगातार बढ़ रही है। इसी क्रम में जिलाधिकारी ने बताया कि इससे एक दिन पहले आईआईटी कानपुर में भी लगभग 250 यूनिट रक्तदान किया गया था।
लगातार आयोजित किए जा रहे ऐसे रक्तदान शिविरों के माध्यम से लोगों को रक्तदान के महत्व के बारे में जानकारी देने के साथ ही उन्हें स्वैच्छिक रूप से इस सामाजिक कार्य से जुड़ने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। विशेष रूप से युवाओं और स्वस्थ नागरिकों की भागीदारी रक्त की उपलब्धता बनाए रखने में उपयोगी हो सकती है।
रक्तदाताओं को प्रशस्ति पत्र देकर किया सम्मानित
ग्रीन पार्क में आयोजित शिविर में रक्तदान करने वाले लोगों को जिलाधिकारी ने प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। उन्होंने रक्तदाताओं के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए नागरिकों की सक्रिय भागीदारी जरूरी है।
इसके अलावा, जिलाधिकारी ने रेडक्रॉस सोसायटी के पदाधिकारियों और सदस्यों, स्वयंसेवकों तथा सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधियों की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि सामूहिक प्रयासों के माध्यम से सामाजिक सेवा से जुड़े अभियानों को और प्रभावी बनाया जा सकता है।
अधिकारियों और स्वयंसेवकों की रही मौजूदगी
रक्तदान शिविर के दौरान मुख्य विकास अधिकारी अभिनव जे. जैन, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. हरि दत्त नेमी, रेडक्रॉस सोसायटी के पदाधिकारी एवं सदस्य, स्वयंसेवक, क्षेत्रीय क्रीड़ा विभाग के अधिकारी-कर्मचारी और सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
आयोजकों का कहना है कि स्वैच्छिक रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। नियमित रूप से आयोजित होने वाले ऐसे शिविर जरूरत के समय रक्त की उपलब्धता में सहयोग कर सकते हैं।
इस प्रकार ग्रीन पार्क स्टेडियम में आयोजित रक्तदान शिविर ने लोगों को रक्तदान के सामाजिक महत्व से जोड़ने का संदेश दिया। वहीं, 33 रक्तदाताओं की सहभागिता ने यह भी दिखाया कि नागरिक सामाजिक सेवा के कार्यों में अपनी भूमिका निभाने के लिए आगे आ रहे हैं। प्रशासन और सामाजिक संस्थाओं की ओर से भविष्य में भी इस तरह के जागरूकता एवं रक्तदान कार्यक्रमों को प्रोत्साहित किए जाने की आवश्यकता है।

