CBSE के नए चेयरपर्सन बने IAS मनदीप के. भंडारी, जम्मू-कश्मीर LG के प्रधान सचिव से मिली नई जिम्मेदारी

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Digital UP News Desk

नई दिल्ली: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) को नया चेयरपर्सन मिल गया है। केंद्र सरकार ने वरिष्ठ भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) अधिकारी मनदीप के. भंडारी को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड का नया अध्यक्ष नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति 25 सितंबर 2026 को हुए प्रशासनिक फेरबदल के तहत की गई। कैबिनेट की नियुक्ति समिति (ACC) ने उनकी नियुक्ति को मंजूरी दी है।

मनदीप के. भंडारी 2001 बैच के AGMUT कैडर के IAS अधिकारी हैं। नियुक्ति से पहले वह जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल के प्रधान सचिव के पद पर कार्यरत थे। अब उन्हें देश के प्रमुख स्कूली शिक्षा बोर्डों में शामिल CBSE की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

सरकारी आदेश के अनुसार, उन्हें भारत सरकार में अतिरिक्त सचिव के रैंक और वेतनमान पर नियुक्त किया गया है तथा इस नियुक्ति के लिए पद को अस्थायी रूप से अपग्रेड किया गया है।

मनदीप भंडारी ने प्रशांत लोखंडे का स्थान लिया

मनदीप के. भंडारी ने लोखंडे प्रशांत सीताराम का स्थान लिया है, जो CBSE चेयरपर्सन का अतिरिक्त प्रभार संभाल रहे थे। लोखंडे को इस वर्ष जुलाई में केंद्रीय गृह मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव नियुक्त किए जाने के बाद CBSE अध्यक्ष पद का अतिरिक्त प्रभार दिया गया था। अब भंडारी की नियुक्ति के साथ बोर्ड को पूर्णकालिक नेतृत्व मिला है।

दरअसल, CBSE में पिछले कुछ महीनों के दौरान नेतृत्व स्तर पर बदलाव देखने को मिले हैं। इसी क्रम में अब मनदीप भंडारी की नियुक्ति हुई है। रिपोर्टों के मुताबिक, वह चार महीने से भी कम समय में CBSE की जिम्मेदारी संभालने वाले तीसरे चेयरपर्सन होंगे।

जम्मू-कश्मीर में भी निभा चुके हैं अहम जिम्मेदारी

CBSE की नई जिम्मेदारी मिलने से पहले मनदीप भंडारी जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल के प्रधान सचिव के रूप में काम कर रहे थे। इससे पहले भी वह प्रशासन के विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर जिम्मेदारियां निभा चुके हैं। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, उन्होंने श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड में करीब एक दशक तक अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी के रूप में भी सेवाएं दी थीं।

उनके प्रशासनिक अनुभव को देखते हुए अब शिक्षा क्षेत्र से जुड़े इस महत्वपूर्ण संस्थान की जिम्मेदारी उनके पास होगी। हालांकि, उनके कार्यकाल की प्राथमिकताओं को लेकर सरकार की ओर से अलग से विस्तृत एजेंडा जारी किए जाने की जानकारी फिलहाल उपलब्ध नहीं है।

CBSE की जिम्मेदारी क्यों महत्वपूर्ण है?

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड देश के प्रमुख स्कूल शिक्षा बोर्डों में से एक है। CBSE से संबद्ध स्कूलों में लाखों विद्यार्थी पढ़ते हैं। बोर्ड की जिम्मेदारियों में विभिन्न कक्षाओं की परीक्षाएं, पाठ्यक्रम से जुड़े विषय, स्कूलों की संबद्धता, मूल्यांकन व्यवस्था और कई शैक्षणिक गतिविधियां शामिल हैं।

इसके अलावा, CBSE समय-समय पर परीक्षा और मूल्यांकन व्यवस्था में तकनीकी बदलाव भी करता है। इसलिए चेयरपर्सन की भूमिका बोर्ड के प्रशासनिक और शैक्षणिक संचालन के लिहाज से महत्वपूर्ण मानी जाती है।

CBSE की आधिकारिक वेबसाइट पर सितंबर 2026 में कक्षा 10 और 12 की मुख्य परीक्षाओं के लिए उम्मीदवारों की सूची (LOC) जमा करने से संबंधित दिशा-निर्देश सहित कई महत्वपूर्ण सूचनाएं जारी की गई हैं। इससे स्पष्ट है कि बोर्ड फिलहाल आगामी शैक्षणिक और परीक्षा संबंधी गतिविधियों में सक्रिय है।

OSM व्यवस्था को लेकर चर्चा के बीच हुई नियुक्ति

मनदीप भंडारी की नियुक्ति ऐसे समय हुई है जब CBSE की ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) व्यवस्था को लेकर पिछले महीनों में चर्चा रही है। रिपोर्टों के अनुसार, OSM प्रणाली के इस्तेमाल और उससे जुड़ी कुछ समस्याओं को लेकर छात्रों और अन्य संबंधित पक्षों की ओर से शिकायतें सामने आई थीं। इसके बाद बोर्ड के नेतृत्व में भी बदलाव हुए।

इसी पृष्ठभूमि में नई नियुक्ति को CBSE के प्रशासनिक नेतृत्व में एक महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, नई व्यवस्था के तहत बोर्ड की ओर से भविष्य में कौन-कौन से कदम उठाए जाएंगे, इसका आकलन आगे जारी होने वाले आधिकारिक निर्देशों से ही किया जा सकेगा।

परीक्षा और डिजिटल व्यवस्था पर रहेगी नजर

CBSE वर्तमान समय में परीक्षा प्रक्रिया को अधिक तकनीक आधारित बनाने की दिशा में काम कर रहा है। बोर्ड की वेबसाइट पर परीक्षा, परिणाम, छात्रवृत्ति, स्कूल संबद्धता और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों से संबंधित लगातार सूचनाएं जारी होती रहती हैं।

ऐसे में मनदीप भंडारी के सामने प्रशासनिक व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के साथ-साथ परीक्षा संबंधी प्रक्रियाओं के संचालन की जिम्मेदारी भी होगी। खासतौर पर विद्यार्थियों, अभिभावकों और स्कूलों के लिए परीक्षा से जुड़ी सूचनाओं की समय पर उपलब्धता महत्वपूर्ण रहेगी।

विद्यार्थियों और स्कूलों के लिए नई नियुक्ति का महत्व

CBSE चेयरपर्सन का पद सीधे तौर पर बोर्ड की नीतियों और प्रशासनिक संचालन से जुड़ा है। इसलिए नई नियुक्ति का असर बोर्ड से जुड़े स्कूलों और विद्यार्थियों की विभिन्न गतिविधियों पर पड़ सकता है। हालांकि, किसी भी नए प्रशासनिक फैसले का वास्तविक प्रभाव उसके बाद जारी होने वाले आधिकारिक आदेशों और दिशा-निर्देशों से ही स्पष्ट होगा।

फिलहाल मनदीप के. भंडारी की नियुक्ति के साथ CBSE में नेतृत्व परिवर्तन पूरा हो गया है। 2001 बैच के वरिष्ठ IAS अधिकारी के रूप में उनके पास प्रशासनिक अनुभव है और अब वह देश के प्रमुख स्कूली शिक्षा बोर्ड की जिम्मेदारी संभालेंगे।