BSUP कॉलोनी में जलभराव और सीवर समस्या पर प्रदर्शन, ढोल-मंजीरे बजाकर लोगों ने कहा- काम नहीं तो वोट नहीं
रिपोर्ट – हनुमंत सिंह पिंटू
कानपुर। दक्षिण क्षेत्र के दबौली वेस्ट स्थित BSUP कॉलोनी में लंबे समय से चली आ रही नाली, सीवर और जलभराव की समस्याओं को लेकर स्थानीय लोगों का आक्रोश बुधवार को सड़क पर दिखाई दिया। कॉलोनी में रहने वाले करीब 1500 लोगों ने समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। इस दौरान महिलाओं, पुरुषों, बच्चों और बुजुर्गों ने ढोल-मंजीरे बजाकर अपना विरोध दर्ज कराया और स्थानीय जनप्रतिनिधियों तथा नगर निगम से जल्द कार्रवाई की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान लोगों ने “काम नहीं तो वोट नहीं” जैसे नारे लगाए। स्थानीय नागरिकों ने कहा कि वर्षों से वे चोक नालियों, सीवर की समस्या और जलभराव जैसी मूलभूत परेशानियों का सामना कर रहे हैं। उनका कहना है कि कई बार शिकायत किए जाने के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है। ऐसे में अब उन्हें केवल आश्वासन नहीं, बल्कि मौके पर दिखाई देने वाला काम चाहिए।
दस साल से नालियों और सीवर की समस्या का दावा
स्थानीय लोगों के अनुसार, दबौली वेस्ट की BSUP कॉलोनी में बड़ी संख्या में आर्थिक रूप से कमजोर परिवार रहते हैं। नगर पटरी के किनारे बनी इस चार मंजिला कॉलोनी में करीब 1500 लोगों के रहने का दावा किया जा रहा है। नागरिकों का आरोप है कि पिछले करीब दस वर्षों से नालियों की नियमित सफाई की समस्या बनी हुई है।
लोगों के मुताबिक, नालियां चोक होने के कारण पानी की निकासी प्रभावित होती है और गंदा पानी सड़कों तक पहुंच जाता है। इसके अलावा, सीवर लाइन में रुकावट की समस्या के कारण भी लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। जल निकासी की व्यवस्था प्रभावित होने से कई स्थानों पर गंदगी और बदबू की स्थिति बन जाती है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि समस्या केवल BSUP कॉलोनी तक सीमित नहीं है। कॉलोनी के पीछे बने मकानों में रहने वाले परिवार भी इससे प्रभावित होते हैं। उनके अनुसार, आसपास की गंदगी और जलभराव के कारण लोगों को रोजमर्रा के कामों में परेशानी होती है।
शिकायतों के बाद भी समाधान नहीं होने का आरोप
प्रदर्शन कर रहे लोगों ने आरोप लगाया कि उन्होंने समय-समय पर अपनी समस्याओं की जानकारी संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को दी। इसके बावजूद उनकी शिकायतों का स्थायी समाधान नहीं हो पाया। नागरिकों का कहना है कि सफाई और सीवर से जुड़ी समस्या किसी एक दिन की नहीं, बल्कि लंबे समय से चली आ रही है।
प्रदर्शनकारियों ने स्थानीय विधायक वंदना शर्मा और गोविंद नगर क्षेत्र के विधायक सुरेंद्र मैथानी के प्रति भी नाराजगी जाहिर की। नागरिकों के अनुसार, चुनाव के दौरान जनप्रतिनिधियों से संपर्क होता है और विकास के आश्वासन दिए जाते हैं, लेकिन कॉलोनी की मूलभूत समस्याओं को लेकर अपेक्षित कार्रवाई नहीं दिखाई देती।
हालांकि, इन आरोपों पर संबंधित जनप्रतिनिधियों या नगर निगम की ओर से इस प्रदर्शन के समय कोई पक्ष सामने नहीं आया है। इसलिए स्थानीय नागरिकों के आरोपों को उनके बयान के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
2027 विधानसभा चुनाव को लेकर जताई नाराजगी
प्रदर्शन के दौरान स्थानीय लोगों ने आगामी 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर भी अपना विरोध दर्ज कराया। नागरिकों ने कहा कि यदि चुनाव से पहले कॉलोनी की नालियों, सीवर और जलभराव की समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे चुनाव के दौरान अपना विरोध दर्ज कराएंगे।
लोगों ने “काम नहीं तो वोट नहीं” का नारा लगाते हुए मतदान के बहिष्कार की चेतावनी देने की बात कही। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि उनका उद्देश्य किसी राजनीतिक दल का समर्थन या विरोध करना नहीं, बल्कि कॉलोनी की बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं का समाधान कराना है।
नागरिकों ने कहा कि चुनाव के समय नेताओं से वोट मांगने की अपेक्षा की जाती है, लेकिन इसके साथ ही क्षेत्र की मूलभूत सुविधाओं पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए। उनका कहना है कि यदि नाली, सीवर और जल निकासी जैसी समस्याएं लगातार बनी रहती हैं तो लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित होती है।
बच्चों और बुजुर्गों की परेशानी का दावा
स्थानीय लोगों ने कहा कि गंदगी और जलभराव का असर परिवार के सभी सदस्यों पर पड़ता है। खासतौर पर बच्चों और बुजुर्गों को परेशानी होने की बात कही गई। नागरिकों के मुताबिक, आसपास जमा गंदे पानी और कचरे के कारण वातावरण खराब रहता है और दुर्गंध की समस्या बनी रहती है।
क्षेत्रीय नागरिकों ने नगर निगम से मांग की कि नालियों की तत्काल सफाई कराई जाए। इसके साथ ही सीवर लाइन की जांच कराकर जहां भी चोक की समस्या है, उसे दूर किया जाए। लोगों ने जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान करने के लिए जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाने की भी मांग की।
क्या बोले क्षेत्रीय नागरिक?
प्रदर्शन में शामिल सत्यवती ने कहा कि कॉलोनी के लोग लंबे समय से गंदगी और जल निकासी की समस्या से परेशान हैं। उनके अनुसार, नालियां भरी रहती हैं और सीवर चोक होने के कारण गंदा पानी सड़क तक पहुंच जाता है। उन्होंने नगर निगम से तत्काल सफाई और सीवर समस्या के स्थायी समाधान की मांग की।
वहीं, अनुराग पाल ने कहा कि BSUP कॉलोनी में करीब 1500 लोग रहते हैं और बड़ी संख्या में लोग समस्या से प्रभावित हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव से पहले यदि समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो स्थानीय लोग वोट के बहिष्कार पर विचार कर सकते हैं।
फिलहाल BSUP कॉलोनी के लोगों ने ढोल-मंजीरे बजाकर अपनी नाराजगी जाहिर कर दी है। अब स्थानीय नागरिकों की निगाह नगर निगम और संबंधित जनप्रतिनिधियों की कार्रवाई पर है। देखना होगा कि लंबे समय से बताई जा रही नाली, सीवर और जलभराव की समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन की ओर से क्या कदम उठाए जाते हैं।

