यमुना एक्सप्रेसवे पर बस में आग, 9 यात्रियों की मौत-पहचान के लिए DNA जांच, FIR दर्ज

ChatGPT Image Sep 24, 2026, 11_26_55 AM

Digital UP News Desk

ग्रेटर नोएडा: अपनों से मिलने और छुट्टी के बाद घर लौटने की उम्मीद लेकर निकले यात्रियों का सफर यमुना एक्सप्रेसवे पर दर्दनाक हादसे में बदल गया। बुधवार देर रात जेवर थाना क्षेत्र में दयानतपुर गांव के पास दिल्ली से महोबा जा रही एक स्लीपर बस में अचानक आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कई यात्री समय रहते बस से बाहर नहीं निकल सके। हादसे में 9 यात्रियों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया और घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया।

हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग और एक्सप्रेसवे की सुरक्षा टीम मौके पर पहुंची। आग पर काबू पाने के लिए कई दमकल गाड़ियों को लगाया गया। हालांकि, जब तक आग बुझाई गई, तब तक बस बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी थी। प्रारंभिक जांच में आग की वजह को लेकर अलग-अलग आशंकाएं सामने आई हैं। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और फॉरेंसिक टीम भी घटनास्थल से साक्ष्य जुटा रही है।

सो रहे थे अधिकांश यात्री, अचानक मची अफरातफरी

बताया जा रहा है कि हादसे के समय बस में बड़ी संख्या में यात्री मौजूद थे और उनमें से अधिकांश सो रहे थे। इसी दौरान बस में धुआं उठने लगा और कुछ ही समय में आग ने विकराल रूप ले लिया। यात्रियों को जैसे ही घटना का पता चला, बस में अफरातफरी मच गई। कई यात्रियों ने दरवाजे और खिड़कियों के रास्ते बाहर निकलकर अपनी जान बचाई।

रिपोर्टों के अनुसार, बस में करीब 35 या उससे अधिक यात्री सवार थे। अलग-अलग रिपोर्टों में यात्रियों की संख्या को लेकर अंतर है, जबकि 9 मौतों की पुष्टि हुई है।

मृतकों की पहचान में मुश्किल, DNA जांच का सहारा

हादसे की सबसे बड़ी चुनौती मृतकों की पहचान को लेकर सामने आई है। आग की तीव्रता के कारण शवों की पहचान सामान्य प्रक्रिया से करना मुश्किल बताया गया है। ऐसे में पुलिस और प्रशासन यात्रियों की टिकट बुकिंग तथा अन्य उपलब्ध रिकॉर्ड के आधार पर उनके परिजनों से संपर्क करने में जुटे हैं।

इसके बाद आवश्यक प्रक्रिया के तहत परिजनों के DNA नमूने लिए जाने और उन्हें अज्ञात शवों के नमूनों से मिलाने की व्यवस्था की जा सकती है। इस प्रक्रिया के बाद ही मृतकों की पहचान की पुष्टि हो सकेगी। प्रशासन की ओर से पहचान और शवों को परिजनों तक पहुंचाने की प्रक्रिया को प्राथमिकता दी जा रही है।

बस आग की वजह क्या थी?

हादसे के बाद बस में आग लगने के कारण को लेकर जांच जारी है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में एयर-कंडीशनिंग सिस्टम में शॉर्ट सर्किट की आशंका सामने आई है। वहीं, कुछ मीडिया रिपोर्टों में बस में रखे सामान के कारण आग तेजी से फैलने की आशंका भी जताई गई है। हालांकि, इन कारणों की आधिकारिक पुष्टि अभी जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।

इसलिए फिलहाल आग की एक निश्चित वजह बताना जल्दबाजी होगी। पुलिस वाहन की तकनीकी स्थिति, यात्रियों के सामान, बस के संचालन और अन्य परिस्थितियों की जांच कर रही है।

चालक और परिचालक पर आरोप, FIR दर्ज

हादसे के बाद जेवर थाना पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। कुछ यात्रियों की ओर से चालक और परिचालक पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए गए हैं। शिकायत में दावा किया गया है कि यात्रियों ने बस में असामान्य गंध और धुएं को लेकर चालक-परिचालक को जानकारी दी थी, लेकिन बस तत्काल नहीं रोकी गई।

इन आरोपों की पुलिस जांच कर रही है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार चालक और परिचालक से पूछताछ भी की गई है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि आग लगने के बाद बस को कितनी जल्दी रोका गया और यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए क्या कदम उठाए गए।

CM योगी ने जताया दुख, मुआवजे का ऐलान

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यमुना एक्सप्रेसवे बस हादसे पर दुख जताया है। उन्होंने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए प्रत्येक मृतक के परिवार को 2-2 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। साथ ही अधिकारियों को घायलों के उपचार और प्रभावित परिवारों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।

मुख्यमंत्री ने हादसे को अत्यंत दुखद बताते हुए दिवंगत लोगों की आत्मा की शांति और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।

जांच के साथ सामने आएंगे हादसे के पूरे तथ्य

यमुना एक्सप्रेसवे पर हुआ यह हादसा एक बार फिर लंबी दूरी की स्लीपर बसों में यात्री सुरक्षा से जुड़े सवाल सामने लाता है। हालांकि, किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले पुलिस और फॉरेंसिक जांच के परिणाम का इंतजार करना जरूरी है।

फिलहाल पुलिस मृतकों की पहचान, घायलों के उपचार, हादसे के वास्तविक कारण और चालक-परिचालक की भूमिका समेत सभी पहलुओं की जांच कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि बस में आग कैसे लगी और इतनी तेजी से क्यों फैली।

You may have missed