बलिया में PDA रथ पर केतकी सिंह का अखिलेश यादव पर तंज, बोलीं- साइकिल का पंचर बनवाने गए हैं
Digital UP News Desk
बलिया: उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां धीरे-धीरे तेज होती नजर आ रही हैं। समाजवादी पार्टी की ओर से प्रस्तावित PDA रथ यात्रा को लेकर भाजपा और सपा के बीच बयानबाजी भी शुरू हो गई है। इसी क्रम में बलिया की बांसडीह विधानसभा सीट से भाजपा विधायक केतकी सिंह ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधा है। उन्होंने PDA रथ को लेकर तंज कसते हुए कहा कि अखिलेश यादव का रथ तेल भरने नहीं, बल्कि साइकिल का पंचर बनवाने गया है।
केतकी सिंह ने कहा कि अखिलेश यादव साइकिल का पंचर ही बनवाते रह जाएंगे। उन्होंने समाजवादी पार्टी के चुनावी अभियान और PDA रणनीति पर टिप्पणी करते हुए कहा कि साइकिल के अंग-भंग हो चुके हैं। भाजपा विधायक के इस बयान के बाद बलिया की राजनीति में सियासी बयानबाजी तेज होने के संकेत मिल रहे हैं।
PDA रथ को लेकर केतकी सिंह का अखिलेश पर हमला
भाजपा विधायक केतकी सिंह ने समाजवादी पार्टी की ओर से निकाले जाने वाले PDA रथ को लेकर कहा कि यह अभियान सपा के लिए बहुत प्रभावी साबित नहीं होगा। उन्होंने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि अखिलेश यादव का रथ तेल भरवाने नहीं, बल्कि साइकिल का पंचर बनवाने के लिए गया है।
केतकी सिंह ने दावा किया कि समाजवादी पार्टी की साइकिल की स्थिति कमजोर हो चुकी है। हालांकि, यह भाजपा विधायक का राजनीतिक आकलन और बयान है। दूसरी ओर, समाजवादी पार्टी PDA अभियान के जरिए पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक वर्गों को अपने साथ जोड़ने की रणनीति पर आगे बढ़ रही है।
‘PDA समाज भाजपा के साथ’ होने का दावा
केतकी सिंह ने PDA को लेकर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि PDA में चाहे कोई भी समाज आता हो, वह भाजपा के साथ है। उनके बयान को आगामी विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा की ओर से सामाजिक समीकरणों को लेकर दिए जा रहे राजनीतिक संदेश के तौर पर देखा जा रहा है।
वहीं, समाजवादी पार्टी की रणनीति की बात करें तो PDA का मतलब पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक गठजोड़ से जोड़ा जा रहा है। पार्टी इस सामाजिक समीकरण को आगामी चुनाव की तैयारियों के लिहाज से महत्वपूर्ण मान रही है।
संजय निषाद के बयान पर भी बोलीं केतकी सिंह
एनडीए को लेकर निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद के बयान पर भी केतकी सिंह ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि संजय निषाद एनडीए के कुनबे को छोड़कर नहीं जाएंगे और उनका आशीर्वाद भाजपा को मिलता रहेगा।
केतकी सिंह ने आगे कहा कि गठबंधन के सभी साथी एकजुट हैं। उन्होंने कहा कि सभी सहयोगी दलों का साथ मिला, तभी उत्तर प्रदेश में सरकार बनी है। उनके मुताबिक, एनडीए के सहयोगी दल मिलकर काम कर रहे हैं और गठबंधन के बीच आपसी सहयोग बना हुआ है।
इस बयान के जरिए भाजपा विधायक ने एनडीए के भीतर सहयोगी दलों के बीच समन्वय को लेकर अपनी स्थिति स्पष्ट की। हालांकि, गठबंधन से जुड़े नेताओं के बयानों और राजनीतिक परिस्थितियों में समय के साथ बदलाव संभव है।
24 सितंबर से PDA रथ अभियान की शुरुआत
समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव 24 सितंबर से PDA रथ अभियान की शुरुआत करने जा रहे हैं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, इसकी शुरुआत रायबरेली से प्रस्तावित है। इस अभियान को 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है।
इसके लिए लाल रंग की लग्जरी बस को प्रचार रथ के रूप में तैयार किया गया है। बस पर ‘सामाजिक न्याय का परचम लहराएगा, PDA ही परिवर्तन लाएगा’ नारा लिखा गया है। इसके अलावा बस पर ‘समाजवादी PDA यात्रा’ भी अंकित है।
सपा की योजना इस अभियान को आगे चलकर उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों और सभी 403 विधानसभा क्षेत्रों तक ले जाने की बताई जा रही है। ऐसे में आने वाले दिनों में PDA रथ यात्रा के जरिए सपा की राजनीतिक गतिविधियां और अधिक दिखाई दे सकती हैं।
बलिया में संगठनात्मक बदलाव भी चर्चा में
PDA रथ अभियान से पहले समाजवादी पार्टी ने बलिया में संगठनात्मक स्तर पर भी बदलाव किया है। पार्टी ने सुनील कुमार मौर्य को बलिया का नया जिलाध्यक्ष बनाया है। संगठन में इस बदलाव को भी आगामी राजनीतिक गतिविधियों से जोड़कर देखा जा रहा है।
बलिया पूर्वांचल की राजनीति में महत्वपूर्ण स्थान रखता है। ऐसे में यहां संगठन को मजबूत करने और सामाजिक समीकरणों के आधार पर राजनीतिक पहुंच बढ़ाने की कोशिश दोनों प्रमुख दलों के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है।
2027 से पहले बढ़ सकती है राजनीतिक बयानबाजी
उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव अभी दूर हैं, लेकिन राजनीतिक दलों की गतिविधियां लगातार बढ़ रही हैं। एक ओर समाजवादी पार्टी PDA अभियान के जरिए सामाजिक गठजोड़ को मजबूत करने की कोशिश कर रही है। दूसरी ओर भाजपा और उसके सहयोगी दल अपने गठबंधन और संगठन को लेकर सक्रिय हैं।
इसी क्रम में नेताओं के बीच बयानबाजी भी तेज होने लगी है। बलिया में केतकी सिंह का अखिलेश यादव पर ताजा हमला इसी राजनीतिक माहौल का हिस्सा है। फिलहाल, PDA रथ यात्रा शुरू होने के बाद सपा का अभियान किस तरह आगे बढ़ता है और भाजपा की ओर से इसका राजनीतिक जवाब किस रूप में सामने आता है, यह आने वाले दिनों में देखने वाली बात होगी।

