कानपुर में चलती ट्रेन में सीट से गिरी 8 साल की बच्ची, बिल्हौर स्टेशन पर रोककर रेलवे ने किया उपचार

fd1dbdb1-58cc-456e-a2ea-7b5d8932f376

Digital UP News

कानपुर/बिल्हौर: चलती ट्रेन में यात्रा के दौरान एक आठ वर्षीय बच्ची के घायल होने की सूचना मिलते ही रेलवे प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई की। कन्नौज से आगे सफर के दौरान सीट से गिरकर घायल हुई बच्ची के लिए बिल्हौर रेलवे स्टेशन पर ट्रेन को रोककर रेलवे की स्वास्थ्य टीम और कर्मचारियों ने प्राथमिक उपचार किया। बच्ची के सिर में चोट लगी थी। उपचार के बाद उसकी स्थिति सामान्य बताई गई, जिसके बाद ट्रेन को आगे के लिए रवाना कर दिया गया।

घटना के दौरान यात्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के माध्यम से रेलवे कंट्रोल रूम को जानकारी दी थी। सूचना मिलते ही रेलवे प्रशासन सक्रिय हुआ और बिल्हौर स्टेशन पर बच्ची के उपचार की व्यवस्था कराई गई। इस दौरान छपरा एक्सप्रेस करीब आठ मिनट तक स्टेशन पर रुकी रही।

कन्नौज के बाद सीट से गिर गई बच्ची

स्टेशन मास्टर राजीव कुमार के अनुसार, गाड़ी संख्या 15084 छपरा एक्सप्रेस सोमवार को फर्रुखाबाद से छपरा की ओर जा रही थी। ट्रेन जब कन्नौज रेलवे स्टेशन से रवाना हुई, तब लखनऊ निवासी यात्री चंदन की आठ वर्षीय बेटी देवांशी बोगी में खेल रही थी।

इसी दौरान अचानक उसका संतुलन बिगड़ गया और वह सीट से नीचे गिर गई। गिरने के कारण उसके सिर में चोट लग गई। बच्ची के घायल होने के बाद उसके परिजन चिंतित हो गए और तत्काल मदद की आवश्यकता महसूस हुई।

हालांकि, घटना के बाद ट्रेन अपनी यात्रा पर आगे बढ़ रही थी। ऐसे में बच्ची को जल्द प्राथमिक उपचार दिलाना परिवार के लिए महत्वपूर्ण था। इसी बीच यात्री की ओर से रेलवे को सोशल मीडिया के माध्यम से सूचना दी गई।

एक्स पर पोस्ट के बाद रेलवे प्रशासन हुआ सक्रिय

बच्ची के उपचार को लेकर यात्री ने एक्स पर पोस्ट कर रेलवे कंट्रोल रूम को घटना की जानकारी दी। पोस्ट के माध्यम से बच्ची के घायल होने और ट्रेन में तत्काल चिकित्सा सहायता की आवश्यकता के बारे में बताया गया।

सूचना मिलने के बाद रेलवे प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया। इसके बाद बिल्हौर रेलवे स्टेशन पर आवश्यक व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए। रेलवे कर्मचारियों को बच्ची की बोगी तक पहुंचकर प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराने के लिए तैयार किया गया।

इस तरह सोशल मीडिया के माध्यम से मिली सूचना रेलवे प्रशासन तक तेजी से पहुंची और ट्रेन के अगले निर्धारित पड़ाव पर बच्ची के लिए उपचार की व्यवस्था की गई।

बिल्हौर स्टेशन पर ट्रेन रोककर किया गया प्राथमिक उपचार

सोमवार शाम करीब चार बजे छपरा एक्सप्रेस बिल्हौर रेलवे स्टेशन पहुंची। रेलवे कंट्रोल रूम से पहले ही सूचना मिलने के कारण स्टेशन पर कर्मचारियों ने बच्ची के उपचार की तैयारी कर ली थी।

ट्रेन रुकते ही रेलवे कर्मचारी घायल बच्ची की बोगी में पहुंचे। कमर्शियल सुपरवाइजर पंकज कश्यप और प्वाइंटमैन ने बच्ची को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया। इसके बाद उसके सिर पर आवश्यक मरहम-पट्टी की गई।

प्राथमिक उपचार के दौरान बच्ची के परिजन भी उसके साथ मौजूद रहे। उपचार पूरा होने के बाद रेलवे की ओर से बच्ची की स्थिति सामान्य बताई गई। इसके बाद परिजनों ने राहत की सांस ली।

करीब आठ मिनट स्टेशन पर खड़ी रही ट्रेन

बच्ची को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराने के लिए छपरा एक्सप्रेस को बिल्हौर रेलवे स्टेशन पर करीब आठ मिनट तक रोका गया। उपचार पूरा होने और बच्ची की स्थिति सामान्य होने के बाद ट्रेन को आगे की यात्रा के लिए रवाना कर दिया गया।

रेलवे प्रशासन की ओर से कम समय में उपचार की व्यवस्था किए जाने से यात्रियों और बच्ची के परिजनों को काफी राहत मिली। घटना ने यह भी दिखाया कि यात्रा के दौरान किसी यात्री को अचानक स्वास्थ्य संबंधी सहायता की आवश्यकता पड़ने पर रेलवे के कंट्रोल सिस्टम के जरिए मदद उपलब्ध कराई जा सकती है।

यात्रियों के लिए रेलवे की त्वरित प्रतिक्रिया बनी राहत

रेल यात्रा के दौरान अचानक होने वाली घटनाओं में समय पर सूचना मिलना बेहद महत्वपूर्ण होता है। इस मामले में यात्री ने सोशल मीडिया के जरिए रेलवे कंट्रोल रूम तक सूचना पहुंचाई। इसके बाद संबंधित स्टेशन पर आवश्यक व्यवस्था की गई।

विशेष रूप से, ट्रेन के बिल्हौर पहुंचने से पहले रेलवे कर्मचारियों को घटना की जानकारी मिल गई थी। इसलिए स्टेशन पर बच्ची को प्राथमिक उपचार देने के लिए कर्मचारी तैयार रहे।

वहीं, इस घटना के बाद यात्रियों के बीच यह संदेश भी जाता है कि यात्रा के दौरान किसी आपात स्थिति में रेलवे के संबंधित सहायता माध्यमों तक सूचना पहुंचाना उपयोगी हो सकता है।

बच्ची के परिजनों ने ली राहत की सांस

बच्ची के सिर में चोट लगने के बाद परिवार के लोग स्वाभाविक रूप से परेशान थे। हालांकि, बिल्हौर स्टेशन पर रेलवे कर्मचारियों की ओर से प्राथमिक उपचार मिलने के बाद स्थिति सामान्य बताई गई।

उपचार के बाद ट्रेन को निर्धारित यात्रा पर आगे रवाना कर दिया गया। इस दौरान रेलवे कर्मचारियों की तत्परता से बच्ची को यात्रा के बीच आवश्यक प्राथमिक चिकित्सा मिल सकी।

कुल मिलाकर, चलती ट्रेन में सीट से गिरकर घायल हुई आठ वर्षीय बच्ची के मामले में रेलवे प्रशासन ने सूचना मिलते ही त्वरित कदम उठाया। एक्स पर मिली सूचना के बाद बिल्हौर स्टेशन पर ट्रेन रोककर बच्ची का प्राथमिक उपचार किया गया। करीब आठ मिनट के ठहराव के बाद छपरा एक्सप्रेस अपने गंतव्य की ओर रवाना हो गई।

You may have missed