श्रावस्ती में कजरी तीज मेले को लेकर प्रशासन अलर्ट, डीएम-एसपी ने दिए सुरक्षा के सख्त निर्देश
रिपोर्ट – सूर्य प्रकाश शुक्ला
श्रावस्ती: कजरी तीज मेले को लेकर श्रावस्ती जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। सिरसिया क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध विभूतिनाथ मंदिर में आयोजित होने वाले मेले को लेकर जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग और पुलिस अधीक्षक ने व्यवस्थाओं की समीक्षा की। इस दौरान अधिकारियों ने सुरक्षा, स्वास्थ्य, बिजली, पेयजल और यातायात समेत सभी जरूरी व्यवस्थाओं को समय से पूरा करने के निर्देश दिए।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मेले में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही, बिना आवश्यक अनुमति और एनओसी के झूले लगाने पर रोक रहेगी। मेले में आने वाले श्रद्धालुओं और लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए निगरानी व्यवस्था को भी मजबूत किया जाएगा।
विभूतिनाथ मंदिर में तैयारियों की समीक्षा
कजरी तीज के अवसर पर विभूतिनाथ मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना रहती है। इसे देखते हुए जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने मंदिर परिसर तथा मेला क्षेत्र में की जाने वाली व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
बैठक के दौरान अधिकारियों ने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने के निर्देश दिए। खास तौर पर भीड़ प्रबंधन, यातायात व्यवस्था, पेयजल, बिजली और स्वास्थ्य सेवाओं पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
इसके अलावा, मेला परिसर में आने-जाने वाले लोगों को किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए प्रवेश और निकास व्यवस्था को भी व्यवस्थित रखने पर जोर दिया गया।
सुरक्षा व्यवस्था रहेगी कड़ी
मेला क्षेत्र में सुरक्षा के लिए व्यापक इंतजाम किए जाएंगे। प्रशासन की ओर से सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से निगरानी की व्यवस्था की जाएगी। इसके साथ ही वॉच टावर भी लगाए जाएंगे, ताकि मेला परिसर के अलग-अलग हिस्सों पर नजर रखी जा सके।
वहीं, खुफिया पुलिस की टीम भी सक्रिय रहेगी। इसके अलावा पुलिसकर्मियों की तैनाती अलग-अलग स्थानों पर की जाएगी। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, मेला परिसर में सादे कपड़ों में महिला और पुरुष पुलिसकर्मी भी तैनात रहेंगे।
इस व्यवस्था का उद्देश्य किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर समय रहते नजर रखना और श्रद्धालुओं को सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराना है।
बिना एनओसी के नहीं लगेंगे झूले
कजरी तीज मेले में मनोरंजन के लिए झूले और अन्य अस्थायी व्यवस्थाएं भी लगाई जाती हैं। हालांकि, प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि बिना आवश्यक एनओसी के किसी भी झूले को लगाने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
अधिकारियों ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि झूलों और अन्य अस्थायी संरचनाओं की आवश्यक जांच के बाद ही अनुमति दी जाए। इस दौरान सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने पर भी विशेष जोर दिया गया है।
इससे पहले ही संबंधित विभागों को अपनी जिम्मेदारियां पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि मेला शुरू होने के बाद किसी तरह की अव्यवस्था सामने न आए।
स्वास्थ्य और पेयजल व्यवस्था पर भी जोर
बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग को भी आवश्यक तैयारियां पूरी रखने के निर्देश दिए गए हैं। मेला क्षेत्र में जरूरत के अनुसार चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने और स्वास्थ्यकर्मियों की तैनाती सुनिश्चित करने को कहा गया है।
इसी तरह, पेयजल व्यवस्था को लेकर भी अधिकारियों ने विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। गर्मी और भीड़ को देखते हुए पर्याप्त पेयजल उपलब्ध रहना जरूरी है। इसलिए संबंधित विभाग को पानी की व्यवस्था की लगातार निगरानी करने के लिए कहा गया है।
इसके साथ ही मेला क्षेत्र में साफ-सफाई व्यवस्था बनाए रखने पर भी जोर दिया गया, जिससे श्रद्धालुओं को स्वच्छ और सुविधाजनक वातावरण मिल सके।
यातायात व्यवस्था को लेकर भी तैयारी
मेले में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने के कारण यातायात का दबाव बढ़ने की संभावना रहती है। इसे देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने यातायात व्यवस्था को लेकर भी आवश्यक तैयारियां शुरू कर दी हैं।
वाहनों की पार्किंग, आवागमन और भीड़ वाले स्थानों पर पुलिस की तैनाती को लेकर संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। कोशिश रहेगी कि श्रद्धालुओं को मंदिर तक पहुंचने और वापस लौटने में परेशानी न हो।
इसके अलावा, भीड़ बढ़ने की स्थिति में यातायात को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक वैकल्पिक व्यवस्था भी तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं।
सोशल मीडिया पर भी रहेगी निगरानी
कजरी तीज मेले के दौरान अफवाहों और भ्रामक सूचनाओं को रोकने के लिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी नजर रखी जाएगी। पुलिस की एलआईयू के साथ संबंधित टीमें सोशल मीडिया गतिविधियों की निगरानी करेंगी।
प्रशासन का उद्देश्य है कि मेले से संबंधित सही जानकारी लोगों तक पहुंचे और किसी भी तरह की अफवाह से स्थिति प्रभावित न हो। इसलिए सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाली सूचनाओं पर भी नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं।
लापरवाही पर होगी कार्रवाई
जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मेले की सभी व्यवस्थाएं समय से पूरी कर ली जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदारी तय करते हुए कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, पुलिस अधीक्षक ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अधिकारियों और पुलिसकर्मियों को पूरी सतर्कता के साथ ड्यूटी करने के निर्देश दिए। सादे कपड़ों में महिला और पुरुष पुलिसकर्मियों की तैनाती के साथ-साथ एलआईयू और अन्य टीमों की निगरानी से सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा।
श्रद्धालुओं की सुविधा प्रशासन की प्राथमिकता
कजरी तीज मेला धार्मिक आस्था से जुड़ा आयोजन है। ऐसे में प्रशासन की प्राथमिकता श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुविधाजनक माहौल उपलब्ध कराना है। इसके लिए विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित किया जा रहा है।
कुल मिलाकर, श्रावस्ती प्रशासन ने कजरी तीज मेले को लेकर तैयारियों को गंभीरता से लिया है। सुरक्षा से लेकर स्वास्थ्य, बिजली, पेयजल और यातायात तक हर व्यवस्था की समीक्षा की जा रही है। वहीं, सीसीटीवी, वॉच टावर, खुफिया पुलिस और सादे कपड़ों में पुलिसकर्मियों की तैनाती से निगरानी व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा।

