कानपुर देहातः नंदपुर गौशाला का संयुक्त निरीक्षण, हरा चारा और स्वास्थ्य व्यवस्थाएं मिलीं दुरुस्त
रिपोर्ट- विशाल मिश्रा
कानपुर देहात। जिलाधिकारी कपिल सिंह के निर्देशन में बुधवार को डेरापुर क्षेत्र के नंदपुर गांव स्थित गौशाला का संयुक्त निरीक्षण किया गया। निरीक्षण का उद्देश्य गौवंश के लिए उपलब्ध व्यवस्थाओं, चारा, पेयजल, स्वास्थ्य सुविधाओं और गौशाला परिसर की स्थिति का जायजा लेना था। इस दौरान प्रशासन और पशुपालन विभाग के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर व्यवस्थाओं का बारीकी से निरीक्षण किया।
संयुक्त निरीक्षण में उप जिलाधिकारी डेरापुर नीरज गौतम, खंड विकास अधिकारी डेरापुर तथा उप मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी (DYCVO), डेरापुर शामिल रहे। अधिकारियों ने गौशाला में मौजूद गौवंश के लिए की गई व्यवस्थाओं की जानकारी ली और मौके पर उपलब्ध सुविधाओं का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान गौवंश के लिए हरा चारा उपलब्ध पाया गया, जिससे पशुओं के पोषण संबंधी आवश्यकताओं की स्थिति संतोषजनक मिली।
गौवंश के लिए हरे चारे की उपलब्धता की जांच
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने गौशाला में गौवंश के लिए उपलब्ध चारे की स्थिति देखी। मौके पर हरा चारा उपलब्ध पाया गया। अधिकारियों ने यह भी सुनिश्चित किया कि गौवंश को उनकी आवश्यकता के अनुसार पर्याप्त चारा उपलब्ध कराया जा रहा है।
गौशाला में पशुओं के पोषण का सीधा संबंध उनके स्वास्थ्य से होता है। इसलिए प्रशासन की ओर से समय-समय पर चारे की उपलब्धता और गुणवत्ता की जांच की जाती है। इसी क्रम में नंदपुर गौशाला में भी अधिकारियों ने चारा व्यवस्था का निरीक्षण किया।
इसके साथ ही अधिकारियों ने गौवंश के लिए पेयजल की व्यवस्था का भी जायजा लिया। गौशाला में पशुओं के लिए आवश्यक पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता को देखा गया। निरीक्षण का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि गौवंश को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
स्वास्थ्य परीक्षण और वैक्सीनेशन की स्थिति देखी
संयुक्त निरीक्षण के दौरान गौवंश के स्वास्थ्य की स्थिति की भी जानकारी ली गई। अधिकारियों के अनुसार गौवंश का स्वास्थ्य परीक्षण और वैक्सीनेशन मानक के अनुरूप तथा आवश्यकता के अनुसार कराया जाना पाया गया।
पशुओं को समय पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना गौशाला प्रबंधन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। इसी को ध्यान में रखते हुए पशु चिकित्सा विभाग द्वारा गौवंश के स्वास्थ्य परीक्षण और आवश्यक टीकाकरण की व्यवस्था की जा रही है।
अधिकारियों ने स्वास्थ्य संबंधी व्यवस्थाओं की जानकारी लेने के साथ यह भी देखा कि बीमार अथवा कमजोर पशुओं की पहचान होने पर उनके उपचार की उचित व्यवस्था की जा रही है या नहीं। निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य एवं वैक्सीनेशन व्यवस्था संतोषजनक पाई गई।
गौशाला परिसर में नहीं मिला जलभराव
बरसात के मौसम को देखते हुए गौशाला परिसर में जलनिकासी और जलभराव की स्थिति का भी निरीक्षण किया गया। अधिकारियों ने परिसर के विभिन्न हिस्सों का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान गौशाला परिसर में जलभराव की कोई समस्या नहीं मिली।
जलभराव से पशुओं के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका रहती है। ऐसे में गौशाला परिसर में जलनिकासी की समुचित व्यवस्था बनाए रखना आवश्यक है। नंदपुर गौशाला के निरीक्षण में फिलहाल जलभराव की स्थिति नहीं मिलने पर अधिकारियों ने व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
इसके अलावा परिसर की साफ-सफाई तथा गौवंश के रहने के लिए उपलब्ध स्थान का भी निरीक्षण किया गया। अधिकारियों ने गौशाला की व्यवस्थाओं को लगातार बेहतर बनाए रखने पर जोर दिया।
अधिकारियों ने दिए आवश्यक निर्देश
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने गौशाला में उपलब्ध चारा, पेयजल, स्वास्थ्य सेवाओं और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की समीक्षा की। साथ ही संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिए गए कि गौवंश की समुचित देखभाल में किसी प्रकार की लापरवाही न हो।
अधिकारियों ने कहा कि गौशाला में रहने वाले गौवंश को नियमित रूप से चारा और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जाना चाहिए। इसके अलावा आवश्यकता के अनुसार पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण और वैक्सीनेशन कराया जाता रहे। वहीं, मौसम के अनुसार गौशाला परिसर में साफ-सफाई और जलनिकासी की व्यवस्था भी बनाए रखना जरूरी है।
प्रशासन की ओर से गौशालाओं की व्यवस्थाओं की निगरानी को लेकर समय-समय पर निरीक्षण किया जाता है। इसी क्रम में नंदपुर गौशाला का संयुक्त निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान सामने आई व्यवस्थाओं की जानकारी संबंधित अधिकारियों ने जिलाधिकारी के निर्देशन में ली।
लगातार बेहतर व्यवस्था बनाए रखने पर जोर
गौशालाओं में गौवंश की देखभाल के लिए चारा, पानी, स्वास्थ्य और स्वच्छता जैसी बुनियादी व्यवस्थाओं का नियमित निरीक्षण महत्वपूर्ण माना जाता है। इसलिए प्रशासनिक अधिकारी और पशुपालन विभाग के अधिकारी समय-समय पर मौके पर जाकर व्यवस्थाओं का जायजा लेते हैं।
नंदपुर गौशाला के निरीक्षण में हरा चारा उपलब्ध मिलने, स्वास्थ्य परीक्षण एवं वैक्सीनेशन की व्यवस्था मानक के अनुरूप पाए जाने तथा जलभराव की समस्या नहीं मिलने से मौके की स्थिति संतोषजनक रही।
हालांकि, अधिकारियों ने स्पष्ट रूप से निर्देश दिया कि मौजूदा व्यवस्थाओं को केवल निरीक्षण के समय तक सीमित न रखा जाए, बल्कि उन्हें नियमित रूप से बनाए रखा जाए। गौवंश की जरूरतों के अनुसार चारा और पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने के साथ स्वास्थ्य सेवाओं पर भी लगातार ध्यान दिया जाए।
प्रशासन की निगरानी में गौशाला व्यवस्थाओं की समीक्षा
कानपुर देहात जिले में गौशालाओं की व्यवस्थाओं को लेकर प्रशासनिक स्तर पर निरीक्षण और समीक्षा की प्रक्रिया जारी है। इसका उद्देश्य गौवंश के लिए आवश्यक सुविधाओं को सुनिश्चित करना और स्थानीय स्तर पर सामने आने वाली समस्याओं का समय से समाधान करना है।
नंदपुर गांव की गौशाला में हुए संयुक्त निरीक्षण के दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारियों की मौजूदगी रही। इससे गौशाला की व्यवस्थाओं का समन्वित तरीके से मूल्यांकन किया गया। अधिकारियों ने मौके पर उपलब्ध संसाधनों की स्थिति देखने के साथ आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।

