औरैया में चरित्र शक में पत्नी की हत्या, आरोपी पति गिरफ्तार, जानिए असली वजह,,,
रिपोर्ट- अंजुमन तिवारी
औरैया। उत्तर प्रदेश के औरैया जिले में थाना बेला क्षेत्र में महिला की हत्या के मामले का पुलिस ने खुलासा करते हुए उसके पति को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, पत्नी के चरित्र पर संदेह और घरेलू विवाद के चलते आरोपी पति ने वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के साथ ही घटना में इस्तेमाल किया गया गमछा भी बरामद कर लिया है। आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में भेजते हुए आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
पुलिस अधीक्षक अभिषेक भारती के अनुसार, 4 सितंबर 2026 को थाना बेला क्षेत्र के ग्राम पट्टी ज्ञानी में एक महिला की हत्या की सूचना मिली थी। यह सूचना मृतका के पिता तेजराम राजपूत ने डायल-112 के माध्यम से पुलिस को दी थी। सूचना में बताया गया था कि उनकी 35 वर्षीय बेटी रेखा की उसके पति प्रमोद राजपूत ने कथित तौर पर हत्या कर दी है। घटना के बाद आरोपी घर में ताला लगाकर वहां से चला गया और चाबी मृतका के पिता को सौंप दी।
सूचना मिलते ही पुलिस ने शुरू की जांच
महिला की हत्या की सूचना मिलते ही थाना बेला पुलिस मौके पर पहुंची। इसके अलावा फॉरेंसिक टीम और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। टीम ने मौके से आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए और घटनास्थल की बारीकी से जांच की। इसके बाद महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
मृतका के पिता की तहरीर के आधार पर पुलिस ने आरोपी पति प्रमोद राजपूत के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की तीन टीमें गठित की गईं। इनमें स्वाट टीम, सर्विलांस टीम और थाना पुलिस को शामिल किया गया। इसके बाद पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू कर दी।
पुलिस टीमों ने संभावित ठिकानों पर दबिश देने के साथ ही सर्विलांस के माध्यम से आरोपी की गतिविधियों की जानकारी जुटाई। वहीं, मुखबिर तंत्र को भी सक्रिय किया गया। लगातार प्रयास के बाद पुलिस को आरोपी के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी मिली।
8 सितंबर को आरोपी पति गिरफ्तार
पुलिस के मुताबिक, 8 सितंबर 2026 को संयुक्त पुलिस टीम को मुखबिर से आरोपी के संबंध में सूचना मिली। इसके आधार पर पुलिस ने तिर्वा रोड बॉर्डर बैरियर क्षेत्र में भदौरा मोड़ के पास घेराबंदी की। इसी दौरान पुलिस ने प्रमोद कुमार पुत्र रामनारायण राजपूत को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस का कहना है कि घटना में इस्तेमाल किया गया गमछा पहले ही बरामद किया जा चुका था। गिरफ्तारी के बाद आरोपी से पूछताछ की गई, जिसमें पुलिस के अनुसार उसने वारदात के संबंध में जानकारी दी।
2015 में हुई थी शादी, तीन बेटे हैं
पूछताछ में सामने आई जानकारी के अनुसार, प्रमोद राजपूत की शादी वर्ष 2015 में रेखा से हुई थी। दंपती के तीन बेटे हैं। पुलिस के मुताबिक, रेखा अपने पिता की इकलौती संतान थी। उसके नाम करीब तीन बीघा जमीन और एक प्लॉट था। इसी वजह से आरोपी अपने परिवार के साथ अपनी पत्नी के मायके में रह रहा था।
पुलिस के अनुसार, आरोपी अपनी पत्नी के चरित्र को लेकर संदेह करता था। इस बात को लेकर पति-पत्नी के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। पुलिस पूछताछ में संपत्ति से जुड़ा पहलू भी सामने आया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी को आशंका थी कि जमीन और प्लॉट उसके हाथ से निकल सकते हैं। इसी कारण उसने कथित तौर पर पत्नी की संपत्ति अपने नाम करा ली थी।
हालांकि, संपत्ति और पारिवारिक विवाद से जुड़े इन तथ्यों की पुष्टि पुलिस जांच और संबंधित दस्तावेजों के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया में होगी।
जन्माष्टमी के दिन हुआ विवाद
पुलिस के अनुसार, घटना वाले दिन जन्माष्टमी के अवसर पर पति-पत्नी के बीच एक बार फिर विवाद हुआ। इसी दौरान विवाद बढ़ गया और आरोपी ने कथित तौर पर गमछे का इस्तेमाल करते हुए अपनी पत्नी की हत्या कर दी। पुलिस के मुताबिक, उस समय घर में कोई अन्य सदस्य मौजूद नहीं था।
वारदात के बाद आरोपी कथित तौर पर अपने ससुर के पास पहुंचा और घटना की जानकारी दी। इसके बाद उसने घर की चाबी अपने ससुर को सौंप दी और वहां से चला गया। मृतका के पिता ने इसके बाद पुलिस को डायल-112 के माध्यम से सूचना दी।
फॉरेंसिक जांच और पोस्टमार्टम से जुटाए गए साक्ष्य
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए। फॉरेंसिक टीम ने भी मौके का निरीक्षण किया। वहीं, शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया, ताकि मौत के कारणों की चिकित्सकीय पुष्टि की जा सके। पुलिस ने मामले में उपलब्ध साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में वैज्ञानिक साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध तथ्यों को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है। इसके अलावा घटना से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है, ताकि मामले की विवेचना को तथ्यों के आधार पर आगे बढ़ाया जा सके।
आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में भेजा
पुलिस ने आरोपी प्रमोद कुमार को गिरफ्तार करने के बाद आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की। इसके बाद उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया। पुलिस मामले में आगे की विवेचना कर रही है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय में आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

