कानपुर पुलिस ने रक्षाबंधन से पहले लौटाईं 111 मोबाइल की खुशियां, CEIR से मिली अपनों से जुड़ने की राह

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रिपोर्ट- सर्वेश सोनू शर्मा 

कानपुर। रक्षाबंधन के पावन पर्व की पूर्व संध्या पर कानपुर पुलिस ने जनसेवा और जनविश्वास की एक सराहनीय मिसाल पेश की। गुरुवार, 27 अगस्त 2026 को थाना बर्रा परिसर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान दक्षिण जोन सर्विलांस टीम और विभिन्न थानों की CEIR पोर्टल टीम ने बरामद किए गए 111 मोबाइल फोन उनके वास्तविक स्वामियों को वापस सौंपे। लंबे समय बाद अपना खोया हुआ मोबाइल फोन वापस मिलने पर लोगों के चेहरों पर खुशी और संतोष साफ दिखाई दिया।

कार्यक्रम में पुलिस उपायुक्त दक्षिण श्री दीपेंद्र नाथ चौधरी, अपर पुलिस उपायुक्त दक्षिण श्री सुमित सुधाकर रामटेके और एसीपी बर्रा की मौजूदगी में मोबाइल फोन उनके वास्तविक मालिकों को सुपुर्द किए गए। पुलिस की इस पहल से उन लोगों को बड़ी राहत मिली, जिनके मोबाइल फोन गुम या चोरी हो गए थे और उन्हें वापस पाने की उम्मीद कम होती जा रही थी।

CEIR पोर्टल से मोबाइल बरामदगी में पुलिस को मिली सफलता

मोबाइल फोन आज के समय में सिर्फ बातचीत का साधन नहीं रह गया है। इसमें लोगों के व्यक्तिगत संपर्क, जरूरी दस्तावेजों से जुड़ी जानकारियां, फोटो, डिजिटल भुगतान और अन्य महत्वपूर्ण डेटा मौजूद रहता है। ऐसे में मोबाइल फोन खो जाने या चोरी होने से लोगों को आर्थिक नुकसान के साथ-साथ कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

इसी को ध्यान में रखते हुए पुलिस की ओर से CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल के माध्यम से गुम और चोरी हुए मोबाइल फोन की तलाश एवं बरामदगी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। दक्षिण जोन सर्विलांस टीम और विभिन्न थानों की CEIR पोर्टल टीम ने तकनीकी माध्यमों का इस्तेमाल करते हुए 111 मोबाइल फोन बरामद किए।

इसके बाद इन मोबाइल फोन का सत्यापन कराया गया और वास्तविक स्वामियों की पहचान सुनिश्चित करने के उपरांत उन्हें वापस सौंपा गया। इस प्रक्रिया का उद्देश्य न केवल लोगों को उनका सामान वापस दिलाना है, बल्कि पुलिस और जनता के बीच भरोसे को भी मजबूत करना है।

मोबाइल वापस मिलने पर खिले लोगों के चेहरे

बर्रा थाने में आयोजित कार्यक्रम के दौरान जब लोगों को उनके खोए हुए मोबाइल फोन वापस मिले तो उनके चेहरों पर खुशी नजर आई। लंबे समय बाद अपना मोबाइल फोन वापस मिलने की खुशी कई लोगों के लिए रक्षाबंधन के त्योहार से पहले एक खास उपहार जैसी रही।

मोबाइल फोन वापस मिलने से लोगों की व्यक्तिगत और डिजिटल जरूरतें भी आसान हो सकेंगी। खास तौर पर ऐसे लोगों के लिए यह राहत महत्वपूर्ण है, जिनके मोबाइल में परिवार और परिचितों के संपर्क नंबर, जरूरी फोटो या अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां सुरक्षित थीं।

पुलिस की इस कार्रवाई ने यह संदेश भी दिया कि मोबाइल फोन गुम हो जाने के बाद नागरिकों को इसकी सूचना पुलिस को देनी चाहिए और आवश्यक प्रक्रिया पूरी करनी चाहिए। इसके साथ ही मोबाइल के दुरुपयोग की आशंका को देखते हुए समय पर शिकायत दर्ज कराना भी महत्वपूर्ण है।

पुलिस अधिकारियों ने बताया जनविश्वास मजबूत करने की पहल

कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों ने कहा कि CEIR पोर्टल के माध्यम से गुम एवं चोरी हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए लगातार प्रभावी प्रयास किए जा रहे हैं। बरामद मोबाइल फोन को उनके वास्तविक स्वामियों तक पहुंचाना पुलिस की जनसेवा का महत्वपूर्ण हिस्सा है।

अधिकारियों के अनुसार, तकनीक के बेहतर इस्तेमाल से पुलिस की कार्यक्षमता को बढ़ाया जा सकता है। वहीं, बरामद सामान को सही व्यक्ति तक पहुंचाने से आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास भी मजबूत होता है। इसलिए ऐसे प्रयासों को लगातार आगे बढ़ाया जा रहा है।

दरअसल, पुलिस और आमजन के बीच बेहतर समन्वय किसी भी क्षेत्र में कानून-व्यवस्था और नागरिक सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण होता है। ऐसे में खोए हुए मोबाइल फोन को बरामद कर उनके मालिकों को लौटाने की कार्रवाई जनता के साथ सीधे जुड़ने का माध्यम भी बन रही है।

रक्षाबंधन पर महिला पुलिसकर्मियों ने बांधी राखी

मोबाइल फोन लौटाने के कार्यक्रम के साथ ही रक्षाबंधन पर्व को लेकर थाना परिसर में भावनात्मक माहौल भी देखने को मिला। इस अवसर पर महिला उपनिरीक्षकों और महिला आरक्षियों ने संबंधित पुलिस अधिकारियों को राखी बांधकर रक्षाबंधन का पर्व मनाया।

महिला पुलिसकर्मियों ने अधिकारियों की कलाई पर राखी बांधी और भाई-बहन के स्नेह, विश्वास तथा सुरक्षा के प्रतीक इस पर्व की परंपरा को निभाया। वहीं, पुलिस अधिकारियों ने भी महिला पुलिसकर्मियों को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

रक्षाबंधन के मौके पर आयोजित यह कार्यक्रम पुलिस विभाग के भीतर आपसी सौहार्द और पारिवारिक भावना को भी दर्शाता है। पुलिसकर्मी वर्षभर अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हुए नागरिकों की सुरक्षा में जुटे रहते हैं। ऐसे अवसर उनके लिए भी आपसी आत्मीयता और अपनत्व का अनुभव कराने वाले होते हैं।

111 मोबाइल की वापसी ने दिया सकारात्मक संदेश

रक्षाबंधन से ठीक पहले 111 लोगों को उनके खोए हुए मोबाइल फोन वापस मिलना अपने आप में एक सकारात्मक पहल रही। एक ओर जहां लोगों को उनका जरूरी सामान वापस मिला, वहीं दूसरी ओर पुलिस और आमजन के बीच विश्वास का रिश्ता और मजबूत हुआ।

विशेष रूप से तकनीक आधारित CEIR प्रणाली के माध्यम से मोबाइल फोन की बरामदगी यह बताती है कि आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल नागरिक सेवाओं को बेहतर बनाने में प्रभावी भूमिका निभा सकता है। हालांकि, मोबाइल फोन के सुरक्षित इस्तेमाल और उसकी सुरक्षा को लेकर नागरिकों को भी जागरूक रहने की जरूरत है।

नागरिकों को मोबाइल फोन का IMEI नंबर सुरक्षित रखना चाहिए और फोन गुम या चोरी होने की स्थिति में तत्काल संबंधित माध्यम से शिकायत दर्ज करानी चाहिए। इसके अलावा मोबाइल में मजबूत पासवर्ड, स्क्रीन लॉक और आवश्यक सुरक्षा सुविधाओं का इस्तेमाल करना भी उपयोगी है।

पुलिस और जनता के बीच बढ़ा अपनत्व

कानपुर पुलिस की इस पहल का सबसे महत्वपूर्ण पक्ष यह रहा कि इसमें जनसेवा के साथ सामाजिक जुड़ाव की भावना भी नजर आई। एक तरफ लोगों को उनके खोए मोबाइल फोन वापस मिले तो दूसरी तरफ रक्षाबंधन के अवसर पर पुलिस अधिकारियों और महिला पुलिसकर्मियों के बीच स्नेहपूर्ण माहौल बना।

इस पूरे आयोजन ने यह संदेश दिया कि पुलिस की भूमिका केवल कानून-व्यवस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि जरूरत के समय नागरिकों की मदद करना भी उसके दायित्व का महत्वपूर्ण हिस्सा है। खोया हुआ मोबाइल वापस मिलने जैसी छोटी दिखाई देने वाली पहल किसी परिवार के लिए बड़ी राहत बन सकती है।

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