आर्यनगर में इंदिरा गांधी प्रतिमा स्थल का सौंदर्यीकरण, अमिताभ बाजपेयी ने किया लोकार्पण
रिपोर्ट- विक्की रघुवंशी
कानपुर। आर्यनगर विधानसभा क्षेत्र स्थित माल रोड पर भारत रत्न एवं पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय श्रीमती इंदिरा गांधी की प्रतिमा स्थल के सौंदर्यीकरण कार्य का मंगलवार को लोकार्पण किया गया। आर्यनगर विधायक अमिताभ बाजपेयी ने आयोजित कार्यक्रम में विधिवत लोकार्पण कर प्रतिमा स्थल को बेहतर स्वरूप देने के प्रयास को सार्वजनिक किया। इस अवसर पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, कार्यकर्ता, समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में क्षेत्रीय नागरिक मौजूद रहे।
विधायक अमिताभ बाजपेयी ने कहा कि स्वर्गीय श्रीमती इंदिरा गांधी देश के इतिहास में महत्वपूर्ण स्थान रखने वाली पूर्व प्रधानमंत्री थीं। उनकी स्मृति और सम्मान को बनाए रखने के उद्देश्य से प्रतिमा स्थल का सौंदर्यीकरण कराया गया है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थलों पर स्थापित महापुरुषों और राष्ट्रीय नेताओं की प्रतिमाएं नई पीढ़ी को उनके योगदान से परिचित कराने का माध्यम भी बनती हैं। इसलिए ऐसे स्थलों की साफ-सफाई, सुंदरता और व्यवस्थित रखरखाव आवश्यक है।
प्रतिमा स्थल को बेहतर स्वरूप देने का प्रयास
माल रोड स्थित इंदिरा गांधी प्रतिमा स्थल लंबे समय से क्षेत्र के महत्वपूर्ण सार्वजनिक स्थलों में शामिल रहा है। सौंदर्यीकरण कार्य के बाद स्थल को अधिक व्यवस्थित और आकर्षक बनाने का प्रयास किया गया है। लोकार्पण कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित किए और स्वर्गीय श्रीमती इंदिरा गांधी को नमन किया।
इस दौरान विधायक अमिताभ बाजपेयी ने कहा कि प्रतिमा स्थल केवल एक संरचना नहीं, बल्कि देश के राजनीतिक और सामाजिक इतिहास से जुड़ी स्मृति का प्रतीक है। ऐसे स्थानों को संरक्षित रखना सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने क्षेत्र के लोगों से भी अपील की कि प्रतिमा स्थल और उसके आसपास स्वच्छता बनाए रखने में सहयोग करें।
चबूतरे के निर्माण को लेकर उठे सवाल
हालांकि, लोकार्पण कार्यक्रम से पहले प्रतिमा स्थल के मुख्य द्वार के बाहर बनाए गए एक चबूतरे को लेकर कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं की ओर से विरोध दर्ज कराया जा रहा था। इस मुद्दे को लेकर कार्यकर्ताओं ने मानव श्रृंखला बनाकर अपनी आपत्ति जताई।
मामले की जानकारी मिलने के बाद विधायक अमिताभ बाजपेयी मौके पर पहुंचे। उन्होंने विरोध कर रहे कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं से बातचीत की और उनसे लोकार्पण कार्यक्रम में शामिल होने का अनुरोध किया। इसके बाद वरिष्ठ नेताओं की सहभागिता से कार्यक्रम संपन्न हुआ।
विधायक ने इस दौरान चबूतरे के निर्माण को लेकर अधिकारियों से जांच कराने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि यह स्पष्ट किया जाना चाहिए कि मुख्य द्वार के बाहर चबूतरे का निर्माण किसकी अनुमति से कराया गया है और इसके लिए संबंधित विभाग से वैध स्वीकृति ली गई थी या नहीं।
24 घंटे में दस्तावेज प्रस्तुत करने की मांग
अमिताभ बाजपेयी ने अधिकारियों से निर्माण से संबंधित वैध अनुमति और आवश्यक कागजात 24 घंटे के भीतर प्रस्तुत करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि निर्माण के संबंध में निर्धारित नियमों के अनुरूप वैध दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए जाते हैं, तो नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।
विधायक के इस रुख के बाद कार्यक्रम स्थल पर मौजूद लोगों के बीच यह मुद्दा चर्चा का विषय बना रहा। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थल पर किसी भी प्रकार का निर्माण नियमों और निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार ही होना चाहिए। साथ ही, यदि किसी निर्माण के लिए अनुमति आवश्यक है तो संबंधित दस्तावेजों की जांच किया जाना जरूरी है।
उन्होंने अधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करने और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई सुनिश्चित करने की बात कही। इससे विवाद को नियमों के अनुरूप सुलझाने पर जोर दिया गया।
वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं की रही मौजूदगी
लोकार्पण कार्यक्रम में कांग्रेस जिलाध्यक्ष पवन गुप्ता, पूर्व अध्यक्ष हरप्रकाश अग्निहोत्री, मदन मोहन शुक्ला, रामगोपाल पुरी, नीरज सिंह, पार्षद रजत बाजपेई, विजय त्रिवेदी, चंकी गुप्ता, दुर्गेश चक, विशाल शुक्ला, बबलू जायसवाल, बंटी पांडे, विक्की जायसवाल, पुण्य जैन, हर्ष नागवंशी, रवि पांडे, शिब्बू शुक्ला, अमित गुप्ता, निशांत गुप्ता, उत्कर्ष मिश्रा, संस्कार खरे, शुभम जायसवाल और सोनू त्रिपाठी समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कार्यक्रम में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी से जुड़े कार्यकर्ताओं के साथ-साथ क्षेत्रीय नागरिकों ने भी भाग लिया। इस दौरान लोगों ने इंदिरा गांधी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
इंदिरा गांधी की स्मृति को संजोने पर जोर
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने स्वर्गीय श्रीमती इंदिरा गांधी के सार्वजनिक जीवन और देश के प्रति उनके योगदान को याद किया। विधायक अमिताभ बाजपेयी ने कहा कि ऐतिहासिक व्यक्तित्वों की स्मृतियों को सुरक्षित रखना जरूरी है, ताकि आने वाली पीढ़ियां देश के इतिहास और लोकतांत्रिक यात्रा से परिचित हो सकें।
उन्होंने कहा कि प्रतिमा स्थलों का सौंदर्यीकरण केवल बाहरी सजावट तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि इनके आसपास स्वच्छता, सुरक्षा और व्यवस्थित वातावरण भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए। इसके लिए संबंधित विभागों और स्थानीय नागरिकों के बीच सहयोग जरूरी है।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने प्रतिमा स्थल के सौंदर्यीकरण कार्य को देखा और स्वर्गीय श्रीमती इंदिरा गांधी को श्रद्धापूर्वक नमन किया। वहीं, चबूतरे के निर्माण से जुड़े दस्तावेजों की जांच और आगे की कार्रवाई को लेकर भी लोगों की नजर अधिकारियों की रिपोर्ट पर रहेगी।

