आजमगढ़ में नौकरी का झांसा देकर महिला से आभूषण झपटने वाला आरोपी खाकी पर चला रहा था गोली – मुठभेड़ के बाद किया गया गिरफ्तार

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रिपोर्ट – पित्तेश्वर कुमार 

आजमगढ़: उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ में नौकरी दिलाने का झांसा देकर महिला से आभूषण झपटने के मामले में देवगांव थाना पुलिस ने एक शातिर अंतरजनपदीय आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी के दौरान आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे उपचार के लिए 100 शैय्या संयुक्त अस्पताल लालगंज भेजा गया।

पुलिस ने आरोपी के कब्जे से अवैध तमंचा, कारतूस, मोटरसाइकिल, लूटे गए आभूषण और नकदी बरामद करने का दावा किया है। वहीं, जांच के दौरान लूटे गए आभूषण खरीदने वाले एक सुनार को भी गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के मुताबिक, मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।

नौकरी दिलाने के नाम पर महिला को बनाया निशाना

पुलिस के अनुसार, 17 अगस्त को देवगांव थाने में अमित प्रताप सिंह निवासी ग्राम जियासड़, थाना मेहनगर ने तहरीर दी थी। तहरीर में बताया गया कि कुछ अज्ञात लोग उनकी मां को बेटे को नौकरी दिलाने का झांसा देकर लालगंज तहसील के सामने से केराकत तहसील की ओर ले गए।

आरोप है कि रास्ते में आरोपियों ने महिला के कान के टप्स समेत अन्य आभूषण झपट लिए और वहां से फरार हो गए। घटना की सूचना मिलने के बाद देवगांव पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू की।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने घटना से जुड़े सुराग जुटाने के साथ संदिग्ध लोगों और वाहनों की जांच शुरू कर दी। इसके बाद पुलिस को आरोपी के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी मिली।

चेकिंग के दौरान पुलिस को मिली सूचना

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में वांछित और शातिर अपराधियों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा था। इसी क्रम में 17 और 18 अगस्त की रात देवगांव पुलिस संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों की चेकिंग कर रही थी।

इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि एक संदिग्ध व्यक्ति मोटरसाइकिल से पल्हना-लहुवां मार्ग की ओर आने वाला है। सूचना में यह भी बताया गया कि उसके पास अवैध असलहा हो सकता है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने नसीरपुर की ओर चेकिंग शुरू कर दी।

कुछ समय बाद पुलिस को एक मोटरसाइकिल सवार संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिया। पुलिस ने उसे रुकने का संकेत दिया, लेकिन पुलिस के मुताबिक, वह मोटरसाइकिल लेकर वहां से निकलने का प्रयास करने लगा।

नसीरपुर पुलिया के पास हुई पुलिस कार्रवाई

पुलिस टीम ने संदिग्ध मोटरसाइकिल सवार का पीछा किया। इसी दौरान नसीरपुर पुलिया के पास उसकी मोटरसाइकिल असंतुलित होकर गिर गई। पुलिस के अनुसार, टीम ने आरोपी को रुकने के लिए कहा और आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी।

पुलिस का दावा है कि आरोपी ने इसके बाद पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिसकर्मियों ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की। इस दौरान आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी।

घायल होने के बाद पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लिया और उपचार के लिए 100 शैय्या संयुक्त अस्पताल लालगंज भेजा। पुलिस ने घटना के संबंध में आवश्यक साक्ष्य जुटाने के साथ आगे की जांच शुरू कर दी है।

आरोपी की हुई पहचान

पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी की पहचान शमीम उर्फ सूरज उर्फ मुमताज उर्फ बब्लू यादव उर्फ समीर अंसारी के रूप में हुई है। उसकी उम्र करीब 36 वर्ष बताई गई है।

आरोपी मूल रूप से डीएलडब्ल्यू जलालीपट्टी, थाना मंडुवाडीह, कमिश्नरेट वाराणसी का निवासी बताया गया है। वर्तमान में वह ग्राम निधौरा, थाना बलुआ, जनपद चंदौली में रह रहा था।

पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर उसके नेटवर्क और अन्य घटनाओं के संबंध में जानकारी जुटा रही है। इसके अलावा यह भी पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि इस घटना में उसके साथ और कौन-कौन लोग शामिल थे।

तमंचा, कारतूस और आभूषण बरामद

पुलिस ने आरोपी के कब्जे से .315 बोर का एक देशी तमंचा, एक जिंदा कारतूस और दो खोखा कारतूस बरामद करने की जानकारी दी है। इसके अलावा बजाज डिस्कवर मोटरसाइकिल, पीली धातु का एक जोड़ी कान का सहारा और 850 रुपये नकद भी बरामद किए गए हैं।

पुलिस का कहना है कि बरामद सामान की जांच की जा रही है और उसे मामले से जोड़कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। बरामद मोटरसाइकिल के संबंध में भी पुलिस जानकारी एकत्र कर रही है।

आभूषण खरीदने वाला सुनार भी गिरफ्तार

जांच के दौरान पुलिस को लूटे गए आभूषणों के संबंध में एक और महत्वपूर्ण जानकारी मिली। पुलिस के मुताबिक, आरोपी शमीम ने छीने गए आभूषणों में से एक जोड़ी कान के टप्स गाजीपुर के सैदपुर निवासी सुनार दिनेश वर्मा को बेचे थे।

इसके बाद पुलिस ने दिनेश वर्मा को भी गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से पीली धातु के एक जोड़ी कान के टप्स बरामद किए गए हैं। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी ने अन्य आभूषण कहां और किसे बेचे।

इस कार्रवाई के बाद पुलिस मामले में शामिल अन्य संभावित लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है।

आरोपी के खिलाफ कई मुकदमे दर्ज

पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार शमीम उर्फ सूरज के खिलाफ आजमगढ़, वाराणसी और चंदौली में कई मुकदमे दर्ज हैं। इनमें चोरी, धोखाधड़ी, विश्वासघात और चोरी की संपत्ति रखने से संबंधित मामले शामिल बताए गए हैं।

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, चंदौली के सकलडीहा थाने में वर्ष 2023 का एक मामला दर्ज है। इसके अलावा वाराणसी कमिश्नरेट के अलग-अलग थानों में वर्ष 2015, 2017 और 2023 में भी उसके खिलाफ मुकदमे दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है।

पुलिस अब आरोपी के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड और वर्तमान मामले के बीच संबंधों की भी जांच कर रही है।

धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा

गिरफ्तारी और बरामदगी के आधार पर देवगांव थाने में मुकदमा संख्या 294/2026 दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार, मामले में बीएनएस की धारा 109(1), 351(3) और आर्म्स एक्ट की धाराओं 3/25/27 के तहत कार्रवाई की गई है।

पुलिस ने बताया कि मामले की विवेचना जारी है। आरोपी से पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। साथ ही घटना में शामिल अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका भी जांच के दायरे में है।

पुलिस टीम ने की कार्रवाई

इस कार्रवाई में थाना देवगांव के थानाध्यक्ष सुनील कुमार सिंह के साथ उपनिरीक्षक, हेड कांस्टेबल, कांस्टेबल, रिजर्व पुलिसकर्मी और अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे।

पुलिस के अनुसार, कार्रवाई का उद्देश्य वांछित और शातिर अपराधियों की पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करना है। इसी क्रम में संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों की चेकिंग के दौरान आरोपी तक पहुंचने में सफलता मिली।

फिलहाल आरोपी का अस्पताल में उपचार कराया जा रहा है और पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है। वहीं, गिरफ्तार सुनार से भी पूछताछ की जा रही है।

पुलिस की जांच जारी

आजमगढ़ में सामने आए इस मामले में पुलिस की कार्रवाई के बाद अब जांच का दायरा और बढ़ गया है। एक ओर पुलिस गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ कर रही है, वहीं दूसरी ओर बरामद आभूषणों और आरोपी के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड की जानकारी जुटाई जा रही है।

इसके अलावा पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि नौकरी दिलाने का झांसा देकर महिला को अपने साथ ले जाने की योजना में और कितने लोग शामिल थे। जांच के बाद ही पूरे मामले की तस्वीर स्पष्ट होगी।

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