कानपुर में हर्षोल्लास से मनाया गया 80वां स्वतंत्रता दिवस, शहीदों के परिजनों का किया गया सम्मान

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रिपोर्ट – सुहैल अंसारी 

कानपुर: कानपुर में 80वां स्वतंत्रता दिवस देशभक्ति, उत्साह और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। शहर के फूलबाग स्थित नाना राव पार्क में आयोजित जनपद के मुख्य समारोह में प्रदेश की राज्यमंत्री, महिला कल्याण, बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग श्रीमती प्रतिभा शुक्ला ने ध्वजारोहण किया। इसके बाद राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ और राष्ट्रगान ‘जन गण मन’ का सामूहिक गायन हुआ। पूरे परिसर में देशभक्ति का वातावरण नजर आया और बड़ी संख्या में लोगों ने समारोह में सहभागिता की।

कार्यक्रम के दौरान राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला, जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह, जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने नाना राव पार्क स्थित शहीद स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित की। इस अवसर पर देश की स्वतंत्रता और रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले अमर बलिदानियों को श्रद्धापूर्वक नमन किया गया।

स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को किया याद

राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने अपने संबोधन में कहा कि देश की स्वतंत्रता असंख्य ज्ञात-अज्ञात क्रांतिकारियों और स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष, त्याग तथा सर्वोच्च बलिदान का परिणाम है। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता आंदोलन में कानपुर की धरती और यहां के वीरों का योगदान इतिहास में स्वर्णाक्षरों में दर्ज है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश वर्ष 2047 तक विकसित भारत बनने के संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा है। वहीं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश विकास, सुशासन और आत्मनिर्भरता की दिशा में लगातार आगे बढ़ रहा है।

राज्यमंत्री ने नागरिकों से स्वतंत्रता सेनानियों के सपनों को साकार करने के लिए कर्तव्यबोध के साथ राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया। उन्होंने समर्थ, समृद्ध और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में प्रत्येक नागरिक की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।

जिलाधिकारी ने सामाजिक समरसता का किया आह्वान

जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि कानपुर की धरती का स्वतंत्रता आंदोलन में गौरवशाली योगदान रहा है। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस केवल उत्सव मनाने का अवसर नहीं है, बल्कि अमर बलिदानियों के सपनों का भारत बनाने का संकल्प लेने का भी दिन है।

उन्होंने जनपदवासियों से सामाजिक समरसता, आपसी भाईचारे और राष्ट्र की एकता एवं अखंडता को मजबूत करने में सक्रिय सहभागिता की अपील की। जिलाधिकारी ने कहा कि देश की स्वतंत्रता को बनाए रखने के लिए प्रत्येक नागरिक को अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करना चाहिए।

वीर जवानों के परिजनों को किया सम्मानित

मुख्य समारोह में देश की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवानों के परिजनों को सम्मानित किया गया। इस दौरान राष्ट्र की ओर से उनके त्याग और समर्पण के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई।

ऑपरेशन रक्षक में सर्वोच्च बलिदान देने वाले अमर शहीद नायब सूबेदार शमशुल हक की पत्नी श्रीमती महमूदा बानो, अमर शहीद कैप्टन आयुष यादव के पिता अरुणकांत यादव, अमर शहीद अनमोल प्रताप सिंह की पत्नी अंजना सिंह, अमर शहीद सत्य प्रकाश सिंह की पत्नी गीता सिंह, अमर शहीद राइफलमैन खलील अहमद की पत्नी श्रीमती शमीना बेगम, अमर शहीद पवन कुमार की पत्नी श्रीमती सुषमा तथा अमर शहीद रमेश सिंह की पत्नी दिलासा देवी को सम्मानित किया गया।

इसी क्रम में वर्ष 1971 के भारत-पाक युद्ध में सर्वोच्च बलिदान देने वाले अमर शहीद जवान राजेंद्र सिंह की पत्नी सुखी देवी को भी सम्मानित किया गया। इसके अलावा ऑपरेशन रक्षक में सर्वोच्च आहुति देने वाले अमर शहीद जवान ब्रजेंद्र कुमार की पत्नी अर्चना तथा ऑपरेशन पराक्रम में सर्वोच्च बलिदान देने वाले अमर शहीद जवान जय नारायण त्रिपाठी की पत्नी श्रीमती सुमन देवी को सम्मान प्रदान किया गया।

स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के आश्रितों का सम्मान

समारोह में स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के आश्रितों को भी सम्मानित किया गया। इसके माध्यम से स्वतंत्रता आंदोलन में उनके परिवारों के योगदान के प्रति कृतज्ञता प्रकट की गई।

सम्मानित होने वालों में सतेन्द्र कुमार सिन्हा, हरिराम गुप्ता, मृगांक शेखर आनंद, राम कुमार सिंह, आरके निगम, राम दुलारे गुप्ता, सीबी सिंह, राजेश शर्मा, विष्णु दीक्षित, विष्णु गुप्ता, ऋषभ द्विवेदी, सुशील गुप्ता, सुशील कुमार द्विवेदी, तुलसीराम, वैभव दीक्षित, राजेश वाजपेयी, सतेन्द्र सोनकर और निखिल कुमार शामिल रहे।

इस सम्मान समारोह के माध्यम से नई पीढ़ी को स्वतंत्रता आंदोलन में योगदान देने वाले परिवारों के संघर्ष और त्याग से परिचित कराने का संदेश भी दिया गया।

छात्राओं ने दी देशभक्ति से ओतप्रोत प्रस्तुति

स्वतंत्रता दिवस समारोह में ओंकारेश्वर विद्या निकेतन इंटर कॉलेज की छात्राओं ने देशभक्ति से ओतप्रोत सांस्कृतिक प्रस्तुति दी। छात्राओं की मनमोहक प्रस्तुति ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों में राष्ट्रप्रेम और उत्साह का संचार किया।

सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने छात्राओं की प्रस्तुति की सराहना की। इससे समारोह का वातावरण और अधिक उत्साहपूर्ण हो गया।

प्रशासनिक अधिकारी और नागरिक रहे मौजूद

समारोह में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव जे. जैन, प्रशिक्षु आईएएस संदीप कुमार, अपर जिलाधिकारी नगर, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व सहित विभिन्न प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। इसके अलावा जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक, विद्यार्थी और बड़ी संख्या में आमजन भी समारोह में शामिल हुए।

सभी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर देश की एकता, अखंडता और विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।

कलेक्ट्रेट में भी हुआ ध्वजारोहण

80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर कलेक्ट्रेट परिसर में भी विशेष समारोह आयोजित किया गया। यहां जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने ध्वजारोहण किया। इसके बाद राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ और राष्ट्रगान ‘जन गण मन’ का सामूहिक गायन हुआ।

इस अवसर पर जिलाधिकारी ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस अमर बलिदानियों के संघर्ष और त्याग को याद करने के साथ-साथ अपने दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करने की प्रेरणा देता है। उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों और कर्मचारियों से संवेदनशीलता तथा पारदर्शिता के साथ जनसमस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने की अपील की।

टीकाकरण कराने वाले अभिभावक भी सम्मानित

कलेक्ट्रेट समारोह में स्वास्थ्य और जागरूकता के क्षेत्र में बेहतर कार्य करने वाले अभिभावकों को भी सम्मानित किया गया। एक वर्ष के भीतर सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर अपने बच्चों का निर्धारित टीकाकरण पूरा कराने वाले 10 अभिभावकों को सम्मान प्रदान किया गया।

इसके साथ ही स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के परिजनों को भी सम्मानित किया गया। इस दौरान उनके परिवारों के योगदान के प्रति प्रशासन की ओर से कृतज्ञता व्यक्त की गई।

कुल मिलाकर, कानपुर में 80वां स्वतंत्रता दिवस देशभक्ति, सम्मान और सामाजिक जिम्मेदारी के संदेश के साथ मनाया गया। नाना राव पार्क से लेकर कलेक्ट्रेट तक आयोजित कार्यक्रमों में अमर बलिदानियों को नमन किया गया और वीर जवानों के परिजनों तथा स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के आश्रितों को सम्मानित किया गया। वहीं, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और विभिन्न सम्मान समारोहों ने स्वतंत्रता दिवस के आयोजन को यादगार बना दिया।

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