आजमगढ़: चोरी की योजना बना रहे दो शातिर चोर गिरफ्तार, चोरी की बैटरियां और औजार बरामद
रिपोर्ट- पित्तेश्वर कुमार
आजमगढ़। जनपद में अपराध और अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत जहानागंज थाना पुलिस को एक महत्वपूर्ण सफलता मिली है। पुलिस ने चोरी की वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहे दो शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से चोरी की दो बैटरियां तथा चोरी की घटनाओं में इस्तेमाल होने वाले विभिन्न औजार भी बरामद किए गए हैं। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर न्यायालय भेज दिया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के उद्देश्य से लगातार विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई, जिससे संभावित चोरी की एक घटना को समय रहते रोका जा सका।
मुखबिर की सूचना पर हुई त्वरित कार्रवाई
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में जिले के सभी थाना क्षेत्रों में नियमित गश्त और संदिग्ध व्यक्तियों की जांच की जा रही है। इसी क्रम में 5 अगस्त की शाम जहानागंज थाना पुलिस क्षेत्र में गश्त और चेकिंग अभियान चला रही थी।
इसी दौरान पुलिस को एक विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिली कि समकेरगंज पुलिया के पास दो संदिग्ध व्यक्ति चोरी की योजना बना रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने बिना समय गंवाए मौके की घेराबंदी की। इसके बाद दोनों संदिग्धों को रात लगभग 8:41 बजे गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस का कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की जाती तो दोनों आरोपी किसी नई चोरी की घटना को अंजाम दे सकते थे।
गिरफ्तार आरोपियों की हुई पहचान
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों से पूछताछ की। पूछताछ में उनकी पहचान इस प्रकार हुई—
- अमित विश्वकर्मा (23 वर्ष) पुत्र पप्पू उर्फ रामबाबू विश्वकर्मा, निवासी फैजपुर, थाना जहानागंज, जनपद आजमगढ़।
- विशाल विश्वकर्मा (28 वर्ष) पुत्र दुर्गेश विश्वकर्मा, निवासी फैजपुर, थाना जहानागंज, जनपद आजमगढ़।
पुलिस के अनुसार दोनों आरोपी स्थानीय क्षेत्र के रहने वाले हैं और पहले भी आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहे हैं।
तलाशी में बरामद हुई चोरी की बैटरियां और औजार
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों की तलाशी ली। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से निम्नलिखित सामान बरामद किया गया—
- चोरी की दो बैटरियां
- दो रिंच
- दो पेचकस
- एक छोटी टेढ़ी सरिया
- एक प्लास
पुलिस का मानना है कि बरामद औजारों का उपयोग चोरी की घटनाओं को अंजाम देने में किया जाता था। वहीं बरामद बैटरियों के संबंध में भी पुलिस आवश्यक जांच कर रही है ताकि उनके वास्तविक मालिक का पता लगाया जा सके।
बीएनएस की धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
पूछताछ और बरामदगी के आधार पर थाना जहानागंज में मु0अ0सं0 168/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 313 एवं 317(2) में मुकदमा दर्ज किया गया है।
इसके बाद आवश्यक विधिक प्रक्रिया पूरी करते हुए दोनों आरोपियों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया।
पुलिस ने खंगाला आपराधिक रिकॉर्ड
जांच के दौरान पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी खंगाला। पुलिस के अनुसार अमित विश्वकर्मा के खिलाफ पहले से कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। इनमें चोरी, मारपीट, धमकी, पॉक्सो एक्ट तथा एससी/एसटी एक्ट जैसी विभिन्न धाराओं से जुड़े मामले शामिल हैं।
वहीं विशाल विश्वकर्मा के विरुद्ध भी एससी/एसटी एक्ट सहित अन्य मामलों में मुकदमा दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है।
हालांकि, पुलिस ने स्पष्ट किया कि पूर्व में दर्ज मामलों की जांच एवं न्यायिक प्रक्रिया अपने-अपने स्तर पर संचालित होती है।
अपराध नियंत्रण के लिए जारी है विशेष अभियान
आजमगढ़ पुलिस लगातार अपराध नियंत्रण के लिए विशेष अभियान चला रही है। नियमित गश्त, संदिग्ध व्यक्तियों की जांच, मुखबिर तंत्र की सक्रियता और संवेदनशील स्थानों पर निगरानी के माध्यम से अपराधों पर अंकुश लगाने का प्रयास किया जा रहा है।
इसके साथ ही पुलिस लोगों से भी अपील कर रही है कि यदि किसी क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियां दिखाई दें तो उसकी सूचना तत्काल स्थानीय थाना या पुलिस हेल्पलाइन पर दें। समय पर दी गई सूचना कई बार बड़ी घटनाओं को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
पुलिस टीम की रही अहम भूमिका
इस सफल कार्रवाई को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में शामिल अधिकारी एवं कर्मचारी निम्नलिखित रहे—
- उपनिरीक्षक दिनेश कुमार पाल
- कांस्टेबल अजय गौड़
- कांस्टेबल रितेश प्रताप सिंह
- कांस्टेबल हरिगोविन्द मौर्य
पुलिस अधिकारियों ने टीम की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई की सराहना की है।
जनता से सहयोग की अपील
पुलिस का कहना है कि अपराधों की रोकथाम केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं बल्कि समाज की भी साझा जिम्मेदारी है। इसलिए नागरिकों को चाहिए कि वे अपने आसपास होने वाली संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखें और किसी भी संदेह की स्थिति में तत्काल पुलिस को सूचित करें। इससे अपराधों की रोकथाम में मदद मिलेगी और कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा।
फिलहाल, पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि बरामद बैटरियां किन स्थानों से चोरी की गई थीं और क्या आरोपी किसी संगठित गिरोह से जुड़े हुए हैं। जांच पूरी होने के बाद आवश्यक कानूनी कार्रवाई आगे बढ़ाई जाएगी।

