सावन के प्रथम सोमवार से पहले परमट बाबा आनंदेश्वर और जागेश्वर मंदिर पहुंचे डीसीपी ट्रैफिक, यातायात व्यवस्था का लिया जायजा
रिपोर्टः विक्की रघुवंशी
कानपुर। सावन माह का प्रथम सोमवार भगवान शिव के भक्तों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। इस दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु शिवालयों में जलाभिषेक और पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगम यातायात व्यवस्था और कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिकता होती है। इसी क्रम में पुलिस उपायुक्त यातायात रवीन्द्र कुमार ने सावन के प्रथम सोमवार की तैयारियों का जायजा लेने के लिए बाबा आनंदेश्वर मंदिर (परमट) तथा जागेश्वर मंदिर का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने यातायात व्यवस्था, पार्किंग, पैदल मार्गों और आपातकालीन रूट का गहन अवलोकन करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
श्रद्धालुओं की सुविधा को प्राथमिकता
निरीक्षण के दौरान डीसीपी ट्रैफिक ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सावन के प्रथम सोमवार पर आने वाले हजारों श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मंदिरों के आसपास यातायात का संचालन इस प्रकार किया जाए कि वाहन चालकों और पैदल श्रद्धालुओं दोनों को सुरक्षित एवं सुगम आवागमन की सुविधा मिल सके। इसके लिए आवश्यकतानुसार यातायात डायवर्जन, बैरिकेडिंग और पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित की जाएगी।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि भीड़ के दबाव को देखते हुए यातायात संचालन की प्रत्येक व्यवस्था पहले से ही तैयार रखी जाए ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था की स्थिति उत्पन्न न हो।
पार्किंग स्थलों का किया निरीक्षण
डीसीपी रवीन्द्र कुमार ने मंदिर परिसर के आसपास बनाए गए पार्किंग स्थलों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वाहनों की पार्किंग व्यवस्थित ढंग से कराई जाए, जिससे मुख्य मार्गों पर जाम की स्थिति न बने। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि पार्किंग स्थल से मंदिर तक श्रद्धालुओं को सुरक्षित पैदल मार्ग उपलब्ध हो।
उन्होंने कहा कि पार्किंग स्थलों पर पर्याप्त पुलिसकर्मी और यातायात कर्मी तैनात रहें ताकि वाहन चालकों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
पैदल श्रद्धालुओं की आवाजाही पर विशेष ध्यान
सावन के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु पैदल चलकर मंदिर पहुंचते हैं। इसे ध्यान में रखते हुए डीसीपी ट्रैफिक ने पैदल मार्गों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं के लिए अलग सुरक्षित कॉरिडोर बनाया जाए तथा आवश्यक स्थानों पर बैरिकेडिंग की व्यवस्था की जाए।
इसके अलावा भीड़ अधिक होने की स्थिति में श्रद्धालुओं की आवाजाही को चरणबद्ध तरीके से संचालित करने के निर्देश भी दिए गए ताकि किसी भी स्थान पर अनावश्यक दबाव न बने।
आपातकालीन मार्ग हमेशा रहें खुले
निरीक्षण के दौरान डीसीपी ने विशेष रूप से आपातकालीन मार्गों की स्थिति का अवलोकन किया। उन्होंने कहा कि किसी भी आपात स्थिति में एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड अथवा अन्य आवश्यक सेवाओं के वाहनों को निर्बाध आवागमन मिलना चाहिए। इसलिए ऐसे मार्गों पर किसी प्रकार का अतिक्रमण या अवरोध नहीं होना चाहिए।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि आपातकालीन रूट की नियमित निगरानी की जाए और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को दिए विशेष निर्देश
निरीक्षण के दौरान डीसीपी ट्रैफिक रवीन्द्र कुमार ने ड्यूटी पर तैनात सभी पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देशित किया कि वे श्रद्धालुओं के साथ सौहार्दपूर्ण और विनम्र व्यवहार करें। उन्होंने कहा कि पुलिस का उद्देश्य केवल यातायात नियंत्रित करना ही नहीं, बल्कि श्रद्धालुओं को आवश्यक सहायता और सही जानकारी उपलब्ध कराना भी है।
उन्होंने कहा कि यदि किसी श्रद्धालु को मार्ग, पार्किंग या अन्य व्यवस्था संबंधी जानकारी चाहिए तो पुलिसकर्मी तत्परता के साथ सहयोग करें। इससे श्रद्धालुओं का विश्वास भी बढ़ेगा और व्यवस्थाएं भी अधिक प्रभावी रहेंगी।
यातायात व्यवस्था रहेगी पूरी तरह सुव्यवस्थित
पुलिस प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सावन के प्रथम सोमवार पर शहर की यातायात व्यवस्था पूरी तरह सुचारु बनी रहे। मंदिरों के आसपास अतिरिक्त यातायात पुलिस की तैनाती की जाएगी तथा संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।
इसके साथ ही आवश्यकतानुसार यातायात डायवर्जन लागू किया जाएगा, ताकि मुख्य मार्गों पर वाहनों का दबाव कम किया जा सके और श्रद्धालुओं को बिना किसी बाधा के मंदिर तक पहुंचने का अवसर मिले।
श्रद्धालुओं से भी सहयोग की अपील
प्रशासन ने श्रद्धालुओं से भी अपील की है कि वे यातायात नियमों का पालन करें और पुलिस द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का अनुपालन करें। यदि किसी स्थान पर भीड़ अधिक हो तो धैर्य बनाए रखें तथा निर्धारित मार्गों का ही उपयोग करें।
साथ ही वाहन चालकों से अनुरोध किया गया है कि वे केवल निर्धारित पार्किंग स्थलों पर ही अपने वाहन खड़े करें और सड़क किनारे अवैध पार्किंग से बचें, जिससे यातायात बाधित न हो।
प्रशासन पूरी तरह सतर्क
सावन के प्रथम सोमवार को लेकर कानपुर पुलिस और यातायात विभाग पूरी तरह सतर्क है। विभिन्न मंदिरों के आसपास सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण और यातायात व्यवस्था को लेकर पहले से व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। डीसीपी ट्रैफिक का यह निरीक्षण इन्हीं तैयारियों का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है।
प्रशासन का प्रयास है कि श्रद्धालु पूरी श्रद्धा, सुरक्षा और सुविधा के साथ भगवान शिव के दर्शन एवं जलाभिषेक कर सकें। इसके लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य कर रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि यदि सभी लोग यातायात नियमों का पालन करेंगे और प्रशासन का सहयोग करेंगे तो सावन के प्रथम सोमवार का आयोजन शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न होगा।

