केरल, कर्नाटक और जम्मू-कश्मीर में बारिश का कहर: 11 की मौत, कई लापता, बद्रीनाथ हाईवे धंसा
नई दिल्ली: देश के कई हिस्सों में मानसून लगातार कहर बरपा रहा है। केरल, कर्नाटक और जम्मू-कश्मीर सहित कई राज्यों में मूसलाधार बारिश, भूस्खलन और बादल फटने की घटनाओं ने जनजीवन को गंभीर रूप से प्रभावित किया है। ताजा जानकारी के अनुसार, केरल और कर्नाटक में भारी बारिश एवं लैंडस्लाइड से अब तक 11 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई लोग घायल हुए हैं। वहीं, आठ लोगों के लापता होने की भी सूचना है।
दूसरी ओर, जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में बादल फटने से कई घरों में पानी भर गया। इसके अलावा उत्तराखंड में बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग का लगभग 20 मीटर हिस्सा धंस जाने से चारधाम यात्रा प्रभावित हुई है। प्रशासन ने प्रभावित इलाकों में राहत एवं बचाव कार्य तेज कर दिए हैं।
केरल में लगातार बारिश से बिगड़े हालात
केरल के कई जिलों में लगातार हो रही तेज बारिश के कारण नदियां उफान पर हैं। कई स्थानों पर भूस्खलन की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे सड़क संपर्क प्रभावित हुआ है। स्थानीय प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना शुरू कर दिया है।
राज्य आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार, कई इलाकों में जलभराव के कारण सामान्य जीवन बाधित हो गया है। स्कूलों और कॉलेजों में एहतियातन अवकाश घोषित किया गया है। इसके साथ ही राहत शिविरों में प्रभावित परिवारों को ठहराया जा रहा है।
कर्नाटक में लैंडस्लाइड से जनजीवन प्रभावित
कर्नाटक के पहाड़ी और तटीय इलाकों में भी भारी बारिश का असर देखने को मिला। कई स्थानों पर भूस्खलन के कारण सड़कें बंद हो गईं और यातायात बाधित हुआ। कुछ गांवों का संपर्क भी टूट गया है।
राज्य सरकार ने राहत एवं बचाव दलों को प्रभावित क्षेत्रों में तैनात किया है। राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) की टीमें लगातार राहत कार्यों में जुटी हुई हैं। प्रशासन का कहना है कि मौसम सामान्य होने तक संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जाएगी।
आठ लोगों की तलाश जारी
भारी बारिश और भूस्खलन के बीच कई लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। राहत दल आधुनिक उपकरणों और स्थानीय प्रशासन की सहायता से खोज अभियान चला रहे हैं। खराब मौसम के कारण बचाव कार्यों में चुनौतियां सामने आ रही हैं, फिर भी अभियान लगातार जारी है।
प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने की अपील की है।
किश्तवाड़ में बादल फटने से कई घरों में घुसा पानी
जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में बादल फटने की घटना के बाद कई गांवों में अचानक पानी का बहाव तेज हो गया। इससे अनेक घरों में पानी भर गया और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना पड़ा।
स्थानीय प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत सामग्री उपलब्ध कराई है। साथ ही क्षति का आकलन भी शुरू कर दिया गया है। अधिकारियों के अनुसार, स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त राहत दल भेजे जाएंगे।
बद्रीनाथ हाईवे का 20 मीटर हिस्सा धंसा
उत्तराखंड में लगातार बारिश के कारण बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग का लगभग 20 मीटर हिस्सा धंस गया। इसके चलते यात्रा मार्ग पर यातायात प्रभावित हुआ। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने प्रभावित हिस्से पर आवाजाही रोक दी और मरम्मत कार्य शुरू करा दिया।
चारधाम यात्रा पर निकले श्रद्धालुओं से प्रशासन ने मौसम विभाग की सलाह का पालन करने और यात्रा से पहले मार्ग की ताजा स्थिति की जानकारी लेने की अपील की है।
मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
भारतीय मौसम विभाग ने केरल, कर्नाटक, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर तथा कुछ अन्य राज्यों में अगले कुछ दिनों तक भारी से अत्यधिक भारी बारिश की संभावना जताई है। कई जिलों में ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किए गए हैं।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन और अचानक बाढ़ की आशंका बनी हुई है। इसलिए लोगों को अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।
प्रशासन ने लोगों से की सतर्क रहने की अपील
राज्य सरकारों ने आपदा प्रबंधन एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा है। राहत शिविरों, चिकित्सा सुविधाओं और आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। इसके साथ ही प्रभावित इलाकों में बिजली, पेयजल और संचार सेवाओं को बहाल करने का कार्य भी जारी है।
विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार हो रही बारिश के दौरान नदी, नाले और पहाड़ी क्षेत्रों के आसपास अतिरिक्त सावधानी बरतना आवश्यक है। स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे मौसम संबंधी चेतावनियों को गंभीरता से लें और किसी भी आपात स्थिति में हेल्पलाइन नंबरों पर तुरंत संपर्क करें।
भारी नुकसान हुआ
देश के विभिन्न हिस्सों में मानसून का प्रभाव लगातार बढ़ता दिखाई दे रहा है। केरल, कर्नाटक, जम्मू-कश्मीर और उत्तराखंड में भारी बारिश ने जनजीवन को प्रभावित किया है। हालांकि राहत एवं बचाव एजेंसियां पूरी तत्परता से कार्य कर रही हैं, फिर भी मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक सतर्क रहने की सलाह दी है। ऐसे में नागरिकों की सावधानी और प्रशासन के निर्देशों का पालन ही संभावित जोखिम को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

