कानपुर देहात कांग्रेस कार्यक्रम में जमकर हुआ बवाल, महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष की शिकायत पर कई लोगों के खिलाफ मामला दर्ज
रिपोर्ट – बलराम चतुर्वेदी
कानपुर देहात: जिले में कांग्रेस के एक स्वागत कार्यक्रम के दौरान हुए विवाद ने राजनीतिक माहौल को गर्म कर दिया है। प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम की मौजूदगी में आयोजित कार्यक्रम में दो गुटों के बीच कहासुनी और धक्का-मुक्की की स्थिति उत्पन्न हो गई, जिसके बाद पुलिस को मौके पर पहुंचकर स्थिति नियंत्रित करनी पड़ी।
इस घटना के बाद कांग्रेस महिला मोर्चा की जिलाध्यक्ष मनोरमा शंखवार की शिकायत पर पूर्व जिलाध्यक्ष नरेश कटियार, उनके बेटे और समर्थकों सहित कई लोगों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
कार्यक्रम के दौरान हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार, कांग्रेस के स्वागत कार्यक्रम में पूर्व जिलाध्यक्ष नरेश कटियार और वर्तमान जिलाध्यक्ष अंबरीश सिंह गौर के समर्थकों के बीच किसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ। धीरे-धीरे यह विवाद बढ़कर मारपीट और धक्का-मुक्की तक पहुंच गया।
इसके अलावा, मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जिससे कार्यक्रम की व्यवस्था प्रभावित हुई। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस बल ने तुरंत हस्तक्षेप कर हालात को नियंत्रित किया।
महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष ने लगाए गंभीर आरोप
महिला कांग्रेस मोर्चा की जिलाध्यक्ष मनोरमा शंखवार ने पूर्व जिलाध्यक्ष नरेश कटियार और उनके समर्थकों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने अपनी शिकायत में कहा कि विवाद के दौरान उनके साथ दुर्व्यवहार किया गया और उन्हें शारीरिक रूप से चोट पहुंचाई गई।
इसके अलावा, उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उनके साथ मौजूद अन्य लोगों ने भी कथित रूप से मारपीट और अभद्र व्यवहार किया।
पुलिस ने दर्ज किया मामला
पीड़िता की तहरीर के आधार पर पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पूर्व जिलाध्यक्ष नरेश कटियार, उनके बेटे अंश कटियार और अन्य समर्थकों सहित 10 से 15 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
साथ ही, पुलिस ने बताया कि इस मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) और संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है, जिसमें SC/ST एक्ट के प्रावधान भी शामिल हैं।
इसके अलावा, पुलिस का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी गई है और सभी आरोपों की बारीकी से जांच की जा रही है।
राजनीतिक गुटबाजी पर उठे सवाल
इस घटना के बाद कांग्रेस संगठन के भीतर गुटबाजी एक बार फिर सामने आई है। कार्यक्रम में हुई इस अप्रिय स्थिति ने संगठनात्मक अनुशासन और आंतरिक समन्वय पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे विवाद राजनीतिक कार्यक्रमों की छवि को प्रभावित करते हैं और कार्यकर्ताओं के बीच अविश्वास को बढ़ाते हैं।
पुलिस की आगे की कार्रवाई
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सभी आरोपों की जांच की जा रही है। साथ ही, आरोपियों की पहचान कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इसके अलावा, पुलिस ने यह भी कहा कि जल्द ही आवश्यक तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
कुल मिलाकर, कानपुर देहात में कांग्रेस कार्यक्रम के दौरान हुआ विवाद संगठनात्मक एकता पर सवाल खड़े करता है। महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष की शिकायत पर दर्ज मामला अब जांच के अधीन है, और पुलिस द्वारा निष्पक्ष कार्रवाई की जा रही है।

