कानपुर में पकड़ा गया 20 हजार का इनामी अंशू सचान, तमंचा, नकदी और लाखों के आभूषण हुए बरामद – जानिए हिस्ट्रीशीट
रिपोर्ट – शुभम साहू
कानपुर: कानपुर कमिश्नरेट पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बड़ी सफलता हासिल करने का दावा किया है। सजेती थाना पुलिस ने 20 हजार रुपये के इनामी आरोपी अंशू सचान उर्फ अंशुमान को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी लंबे समय से विभिन्न आपराधिक मामलों में वांछित था और उसकी गिरफ्तारी पर 20 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस ने उसके कब्जे से एक देशी तमंचा, चोरी के करीब एक लाख रुपये नकद तथा लगभग छह लाख रुपये मूल्य के आभूषण बरामद करने का दावा किया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी के खिलाफ कानपुर नगर और फतेहपुर जनपद के विभिन्न थाना क्षेत्रों में कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। फिलहाल बरामद सामान और आरोपी से जुड़े अन्य मामलों की भी जांच की जा रही है।
गुप्त सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई
पुलिस के अनुसार सजेती थाना प्रभारी और उनकी टीम को सूचना मिली थी कि 20 हजार रुपये का इनामी अपराधी बर्रा थाना क्षेत्र के बर्रा बाईपास के आसपास मौजूद है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने तत्काल घेराबंदी की और योजनाबद्ध तरीके से अभियान चलाया।
इसके बाद पुलिस टीम ने आरोपी को बिना किसी अप्रिय घटना के हिरासत में ले लिया। गिरफ्तारी के दौरान आरोपी की तलाशी ली गई, जिसमें पुलिस ने एक देशी तमंचा, नकदी और बड़ी मात्रा में आभूषण बरामद करने का दावा किया।
चोरी की घटनाओं से जुड़ा बताया जा रहा सामान
प्रारंभिक जांच में पुलिस का कहना है कि बरामद नकदी और आभूषण चोरी की घटनाओं से संबंधित हो सकते हैं। हालांकि, पुलिस अभी इनकी पुष्टि के लिए संबंधित मुकदमों के रिकॉर्ड का मिलान कर रही है।
जांच अधिकारी यह भी पता लगाने का प्रयास कर रहे हैं कि बरामद आभूषण किन मामलों से जुड़े हैं और इनके वास्तविक स्वामियों की पहचान कैसे की जाए। यदि जांच में पुष्टि होती है तो कानूनी प्रक्रिया के तहत सामान उसके वास्तविक मालिकों को लौटाने की कार्रवाई भी की जाएगी।
आरोपी का आपराधिक इतिहास खंगाल रही पुलिस
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी अंशू सचान उर्फ अंशुमान का आपराधिक इतिहास लंबा बताया जा रहा है। उसके विरुद्ध कानपुर नगर और फतेहपुर के विभिन्न थाना क्षेत्रों में एक दर्जन से अधिक मुकदमे दर्ज होने की जानकारी सामने आई है।
इन मामलों में चोरी, अवैध हथियार रखने तथा अन्य आपराधिक गतिविधियों से जुड़े आरोप शामिल बताए जा रहे हैं। लगातार आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहने के कारण ही पुलिस ने उस पर 20 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था।
अब पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी किसी संगठित गिरोह से जुड़ा है या नहीं तथा उसके अन्य सहयोगियों की भूमिका क्या रही है।
बर्रा बाईपास से हुई गिरफ्तारी
पुलिस के मुताबिक आरोपी की गिरफ्तारी बर्रा बाईपास क्षेत्र से की गई। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने इलाके की घेराबंदी कर संदिग्ध की गतिविधियों पर नजर रखी। उचित समय मिलने पर पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया।
इसके बाद आरोपी को थाने लाकर पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान मिली जानकारी के आधार पर पुलिस अन्य मामलों की भी जांच आगे बढ़ा रही है।
डीसीपी साउथ ने दी आधिकारिक जानकारी
पूरे मामले की जानकारी डीसीपी साउथ दीपेंद्र नाथ चौधरी ने प्रेस वार्ता के दौरान साझा की। उन्होंने बताया कि पुलिस ने 20 हजार रुपये के इनामी आरोपी को गिरफ्तार किया है और उसके कब्जे से अवैध तमंचा, चोरी की नकदी तथा लाखों रुपये मूल्य के आभूषण बरामद किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि आरोपी के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी कर उसे न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है।
पुलिस कर रही है विस्तृत जांच
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी किन-किन वारदातों में शामिल रहा है। इसके साथ ही बरामद नकदी और आभूषणों का मिलान दर्ज मुकदमों से किया जा रहा है।
जांच के दौरान यदि अन्य आरोपियों की भूमिका सामने आती है तो उनके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि अपराध से जुड़े हर पहलू की निष्पक्ष जांच की जा रही है।
अपराध नियंत्रण अभियान जारी
कानपुर कमिश्नरेट पुलिस द्वारा अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार विशेष अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि इनामी और वांछित आरोपियों की धरपकड़ प्राथमिकता में शामिल है। इसी अभियान के तहत हाल के दिनों में कई आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया है।
अधिकारियों का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे।
कानूनी प्रक्रिया का पालन जरूरी
विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी आपराधिक मामले में अंतिम निर्णय न्यायालय द्वारा उपलब्ध साक्ष्यों और कानूनी प्रक्रिया के आधार पर लिया जाता है। इसलिए गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ आरोप सिद्ध होना न्यायिक प्रक्रिया पर निर्भर करता है।
इसी कारण पुलिस द्वारा की गई बरामदगी और आरोपों की पुष्टि भी जांच एवं न्यायालयीन प्रक्रिया के बाद ही अंतिम रूप से मानी जाती है।
कानपुर के सजेती थाना क्षेत्र में पुलिस ने 20 हजार रुपये के इनामी आरोपी अंशू सचान उर्फ अंशुमान को गिरफ्तार करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार उसके कब्जे से एक देशी तमंचा, करीब एक लाख रुपये नकद तथा लगभग छह लाख रुपये मूल्य के आभूषण बरामद किए गए हैं। फिलहाल आरोपी को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है, जबकि पुलिस उसके आपराधिक इतिहास, बरामद सामान और संभावित अन्य मामलों की विस्तृत जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि अपराध नियंत्रण के लिए इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।

