वृंदावन में बनेगा रोपवे, सड़क-रेल परियोजना को मिलेगी रफ्तार; पढ़िए CM योगी के दिए हुए बड़े निर्देश
रिपोर्ट – योगेश भारद्वाज
आगरा/मथुरा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आगरा में मथुरा जनपद से जुड़ी उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद की विकास योजनाओं की समीक्षा की। इस दौरान वृंदावन और मथुरा के समग्र विकास को लेकर कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री ने वृंदावन में रोपवे परियोजना का प्रस्ताव शीघ्र शासन को भेजने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही मथुरा-वृंदावन रेल मार्ग पर सड़क-रेल संयुक्त परियोजना को आगे बढ़ाने और पार्किंग सुविधाओं के विस्तार के लिए लैंड पूलिंग योजना तैयार करने को कहा गया है।
बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि मथुरा-वृंदावन आने वाले श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को ध्यान में रखते हुए यातायात, सुरक्षा, पार्किंग और सार्वजनिक सुविधाओं को मजबूत किया जाए। साथ ही, क्षेत्र के धार्मिक महत्व को ध्यान में रखते हुए विकास कार्यों को व्यवस्थित और दीर्घकालिक योजना के तहत आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया।
वृंदावन में रोपवे परियोजना का प्रस्ताव भेजने के निर्देश
समीक्षा बैठक में वृंदावन में रोपवे परियोजना को लेकर विशेष चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने इस परियोजना का प्रस्ताव जल्द शासन को भेजने के निर्देश दिए। माना जा रहा है कि रोपवे परियोजना के माध्यम से श्रद्धालुओं को आवागमन की सुविधा मिल सकती है और प्रमुख धार्मिक स्थलों के आसपास सड़क यातायात का दबाव भी कम किया जा सकता है।
इसके अलावा, मथुरा-वृंदावन रेल मार्ग पर सड़क-रेल संयुक्त परियोजना को आगे बढ़ाने के निर्देश दिए गए। इस परियोजना से जुड़े प्रस्ताव को जल्द आगे बढ़ाने को कहा गया है। वहीं, पार्किंग सुविधाओं के विस्तार के लिए लैंड पूलिंग की योजना तैयार कर शासन को भेजने के निर्देश भी मुख्यमंत्री ने दिए।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि मथुरा-वृंदावन क्षेत्र में पर्याप्त पार्किंग सुविधाएं विकसित की जानी चाहिए। इसके लिए सार्वजनिक-निजी भागीदारी यानी पीपीपी मॉडल का उपयोग करने पर भी जोर दिया गया।
प्लास्टिक मुक्त होंगे मथुरा और वृंदावन
बैठक के दौरान मथुरा और वृंदावन में चलाए जा रहे स्वच्छता अभियान की मुख्यमंत्री ने सराहना की। उन्होंने दोनों नगरों को पूरी तरह प्लास्टिक मुक्त बनाने के निर्देश दिए। इसके लिए केवल जन-जागरूकता अभियान चलाने के बजाय प्रभावी प्रवर्तन कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि स्थानीय लोगों, व्यापारियों, श्रद्धालुओं और विभिन्न सामाजिक संगठनों को अभियान से जोड़ा जाए। साथ ही, प्लास्टिक के उपयोग को रोकने के लिए नियमों का प्रभावी ढंग से पालन कराया जाए।
इस प्रकार स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण को धार्मिक पर्यटन के विकास से जोड़कर मथुरा-वृंदावन को और बेहतर बनाने की दिशा में काम करने पर जोर दिया गया।
श्रद्धालुओं की संख्या के अनुसार बढ़ेगा पुलिस बल
समीक्षा बैठक में मथुरा-वृंदावन क्षेत्र में आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या के अनुरूप पुलिस बल बढ़ाने का प्रस्ताव भी रखा गया। आगरा मंडलायुक्त नगेन्द्र प्रताप ने मुख्यमंत्री के समक्ष क्षेत्र में एक नया वृंदावन पुलिस सर्किल बनाए जाने का प्रस्ताव प्रस्तुत किया।
इसके अलावा, एएसपी यातायात और एएसपी प्रोटोकॉल के नए पद सृजित करने का प्रस्ताव भी रखा गया। मुख्यमंत्री ने इन प्रस्तावों को तत्काल शासन को भेजने के निर्देश दिए।
माना जा रहा है कि इन व्यवस्थाओं से धार्मिक आयोजनों, त्योहारों और विशेष अवसरों पर श्रद्धालुओं की भीड़ को नियंत्रित करने में मदद मिलेगी। साथ ही, यातायात प्रबंधन और वीआईपी प्रोटोकॉल व्यवस्था को भी अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा।
4500 अतिरिक्त पुलिसकर्मियों की जरूरत पर चर्चा
मथुरा-वृंदावन क्षेत्र में आने वाले श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या के मद्देनजर अतिरिक्त पुलिस बल की आवश्यकता पर भी चर्चा हुई। समीक्षा के दौरान करीब 4500 अतिरिक्त पुलिसकर्मियों की आवश्यकता से जुड़ी व्यवस्था को लेकर भी मंथन किया गया।
इसके साथ ही, क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था को नए सिरे से मजबूत करने और पुलिस प्रशासन की आवश्यकताओं के अनुरूप मानव संसाधन उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। मुख्यमंत्री ने संबंधित प्रस्तावों को शासन स्तर पर भेजने की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए।
फ्लोटिंग पॉपुलेशन के आधार पर नगर निकायों को मिलेंगे संसाधन
मथुरा-वृंदावन क्षेत्र में सामान्य आबादी के अलावा बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक भी पहुंचते हैं। इस कारण यहां की वास्तविक जरूरतें स्थायी आबादी से कहीं अधिक होती हैं।
इसी को ध्यान में रखते हुए मथुरा-वृंदावन नगर निगम और मथुरा जनपद के अन्य नगर निकायों के लिए मानव संसाधन और उपकरणों की आपूर्ति फ्लोटिंग पॉपुलेशन के आधार पर किए जाने के प्रस्ताव पर सहमति दी गई। मुख्यमंत्री ने इस प्रस्ताव को शासन को भेजने के निर्देश दिए।
इससे सफाई, यातायात, पेयजल, कचरा प्रबंधन और अन्य नागरिक सुविधाओं को बढ़ती आबादी के अनुसार बेहतर बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
700 करोड़ रुपये की विकास योजनाओं पर भी हुई चर्चा
बैठक में मथुरा-वृंदावन विकास प्राधिकरण की महायोजना के तहत प्रस्तावित मार्गों और यातायात व्यवस्था पर भी विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया। इसके अंतर्गत करीब 700 करोड़ रुपये के मुख्य चौराहों के सुधार, फ्लाईओवर निर्माण और मार्गों के सुदृढ़ीकरण की कार्ययोजना प्रस्तुत की गई।
मुख्यमंत्री ने महायोजना के अंतर्गत प्रस्तावित महत्वपूर्ण मार्गों के निर्माण से जुड़े प्रस्तावों को शीघ्र शासन को भेजने के निर्देश दिए। इसके अलावा, यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने और प्रमुख मार्गों पर दबाव कम करने के लिए अवस्थापना सुविधाओं के विकास पर भी जोर दिया गया।
165 परियोजनाओं की हुई समीक्षा
उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद की वर्ष 2018-19 से वर्ष 2025-26 तक स्वीकृत परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई। परिषद की कुल 165 स्वीकृत परियोजनाओं में से 115 परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं, जबकि 28 परियोजनाएं अभी प्रगति पर हैं।
मुख्यमंत्री ने चल रही परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए। साथ ही, तीर्थस्थलों के विकास से जुड़ी योजनाओं में गुणवत्ता और उपयोगिता पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
बैठक में तीर्थ-मित्र नीति से संबंधित शासनादेश जारी करने और 50 छोटी इलेक्ट्रिक बसों के संचालन के लिए प्रस्ताव भेजने के निर्देश भी दिए गए। इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से श्रद्धालुओं को बेहतर सार्वजनिक परिवहन सुविधा मिलने के साथ-साथ प्रदूषण कम करने में भी मदद मिल सकती है।
यमुना पार औद्योगिक विकास परियोजना पर भी जोर
समीक्षा बैठक में यमुना नदी के पार यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण से जुड़ी परियोजना पर भी चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने इस परियोजना के समयबद्ध क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इस परियोजना को क्षेत्र के विकास और भविष्य की आर्थिक गतिविधियों से जोड़कर देखा जा रहा है। इसलिए अधिकारियों को योजना के क्रियान्वयन में अनावश्यक देरी से बचने और निर्धारित समय सीमा के अनुसार कार्य करने को कहा गया।
विकास और धार्मिक पर्यटन को साथ लेकर आगे बढ़ने की तैयारी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की समीक्षा बैठक में स्पष्ट रूप से मथुरा-वृंदावन के विकास को बहुआयामी रूप देने पर जोर दिया गया। एक ओर जहां रोपवे, सड़क-रेल परियोजना, फ्लाईओवर और पार्किंग जैसी सुविधाओं के विस्तार की योजना है, वहीं दूसरी ओर स्वच्छता, प्लास्टिक मुक्त अभियान, पुलिस व्यवस्था और इलेक्ट्रिक बसों पर भी ध्यान दिया जा रहा है।
इससे मथुरा-वृंदावन में आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ-साथ धार्मिक पर्यटन को व्यवस्थित रूप से बढ़ावा देने में मदद मिल सकती है। हालांकि, इन सभी योजनाओं का वास्तविक प्रभाव उनके समयबद्ध और प्रभावी क्रियान्वयन पर निर्भर करेगा।
बैठक में केंद्रीय मंत्री एसपी सिंह बघेल, प्रदेश के कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मी नारायण, सांसद तेजवीर सिंह, विनोद अग्रवाल, महापौर मथुरा-वृंदावन, विधायक पूरन प्रकाश, राजेश चौधरी, मेघश्याम सिंह और ओम प्रकाश सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
इसके अलावा, जिला पंचायत अध्यक्ष चौधरी किशन सिंह, उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद के उपाध्यक्ष शैलजाकांत मिश्र, वरिष्ठ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी भी बैठक में उपस्थित रहे।

