वृंदावन परिक्रमा मार्ग पर चला 11 किमी विशेष स्वच्छता अभियान, अधिकारियों ने किया श्रमदान – पढ़िए संदेश
रिपोर्ट – योगेश भारद्वाज
मथुरा: “हम सबने यह ठाना है, ब्रज को स्वच्छ बनाना है” के संकल्प को साकार करने की दिशा में रविवार, 19 जुलाई 2026 को श्रीधाम वृंदावन के ऐतिहासिक परिक्रमा मार्ग पर व्यापक विशेष स्वच्छता अभियान चलाया गया। लगभग 11 किलोमीटर लंबे परिक्रमा मार्ग को 11 अलग-अलग जोन में विभाजित कर सफाई कार्य कराया गया। प्रत्येक जोन की जिम्मेदारी एक-एक वरिष्ठ अधिकारी को सौंपी गई, जिससे पूरे अभियान का प्रभावी संचालन सुनिश्चित हो सके।
इस अभियान में उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद, जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन, नगर निगम और विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने न केवल सफाई व्यवस्था का निरीक्षण किया, बल्कि स्वयं श्रमदान कर स्वच्छता का संदेश भी दिया। साथ ही स्थानीय नागरिकों, दुकानदारों, होटल संचालकों और श्रद्धालुओं से भी स्वच्छता बनाए रखने की अपील की गई।
ब्रज की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को स्वच्छ रखने का संकल्प
वृंदावन विश्वभर के करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। यह श्री राधा-कृष्ण की लीलास्थली होने के साथ-साथ संतों और भक्तों की तपोभूमि भी माना जाता है। ऐसे में इस पवित्र धाम की स्वच्छता बनाए रखना केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक और श्रद्धालु का भी नैतिक दायित्व है।
इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने व्यापक स्तर पर सफाई अभियान चलाया, ताकि परिक्रमा मार्ग पर आने वाले श्रद्धालुओं को स्वच्छ और सुंदर वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।
11 किलोमीटर मार्ग को 11 जोन में बांटकर चला अभियान
विशेष स्वच्छता अभियान को व्यवस्थित ढंग से संचालित करने के लिए लगभग 11 किलोमीटर लंबे वृंदावन परिक्रमा मार्ग को 11 जोन में विभाजित किया गया। प्रत्येक जोन की निगरानी और सफाई व्यवस्था की जिम्मेदारी अलग-अलग अधिकारियों को दी गई।
इस व्यवस्था के कारण सफाई कार्य निर्धारित समय में प्रभावी ढंग से पूरा किया गया। अधिकारियों ने स्वयं विभिन्न क्षेत्रों का निरीक्षण किया और सफाई कर्मचारियों के साथ मिलकर श्रमदान भी किया। इसके अलावा अभियान के दौरान कूड़ा-कचरा एकत्र कर उसका उचित निस्तारण भी सुनिश्चित किया गया।
वरिष्ठ अधिकारियों ने किया श्रमदान
अभियान में उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद के उपाध्यक्ष शैलजा कांत मिश्र, मंडलायुक्त नगेन्द्र प्रताप, पुलिस उपमहानिरीक्षक शैलेश कुमार पाण्डेय, जिलाधिकारी चन्द्र प्रकाश सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार, नगर आयुक्त ओजस्वी राज, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) डॉ. पंकज कुमार वर्मा तथा एसपी सिटी राजीव कुमार सिंह सहित कई वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।
सभी अधिकारियों ने स्वयं श्रमदान करते हुए यह संदेश दिया कि स्वच्छता केवल सरकारी अभियान नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी भी है। अधिकारियों की सहभागिता ने स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं को भी स्वच्छता अभियान से जुड़ने के लिए प्रेरित किया।
दुकानदारों और व्यापारियों को किया गया जागरूक
अभियान के दौरान जिलाधिकारी चन्द्र प्रकाश सिंह ने परिक्रमा मार्ग पर स्थित दुकानदारों, होटल संचालकों, रेस्टोरेंट, ढाबा संचालकों और अन्य व्यापारियों से संवाद किया। उन्होंने सभी से अपने प्रतिष्ठानों के आसपास नियमित सफाई रखने और कचरा निर्धारित स्थान पर डालने का आग्रह किया।
उन्होंने कहा कि यदि प्रत्येक व्यापारी अपने प्रतिष्ठान के आसपास स्वच्छता बनाए रखे, तो पूरे क्षेत्र की साफ-सफाई बेहतर बनी रह सकती है। इसके साथ ही उन्होंने प्लास्टिक और अन्य अपशिष्ट पदार्थों का उचित निस्तारण करने की भी अपील की।
आम नागरिकों से भी किया गया सहयोग का अनुरोध
जिलाधिकारी ने स्थानीय नागरिकों से अपने घरों और आसपास के क्षेत्रों को स्वच्छ रखने की अपील करते हुए कहा कि स्वच्छ वातावरण स्वस्थ समाज की पहचान है। उन्होंने कहा कि प्रशासन अपनी जिम्मेदारी निभा रहा है, लेकिन स्थायी परिणाम तभी मिलेंगे जब आमजन भी इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएंगे।
उन्होंने लोगों से सार्वजनिक स्थानों पर कूड़ा न फैलाने और स्वच्छता को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का अनुरोध किया।
श्रद्धालुओं को मिलेगा स्वच्छ और बेहतर वातावरण
हर वर्ष लाखों श्रद्धालु वृंदावन परिक्रमा मार्ग पर दर्शन और परिक्रमा के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में स्वच्छ वातावरण श्रद्धालुओं की सुविधा के साथ-साथ धार्मिक स्थल की गरिमा बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
अभियान के दौरान अधिकारियों ने यह सुनिश्चित किया कि परिक्रमा मार्ग पर कहीं भी कचरा जमा न रहे और नियमित सफाई व्यवस्था प्रभावी रूप से संचालित होती रहे।
सामूहिक सहभागिता से सफल हुआ अभियान
इस विशेष अभियान की सबसे बड़ी विशेषता विभिन्न विभागों के बीच समन्वय और सामूहिक भागीदारी रही। प्रशासनिक अधिकारियों, नगर निगम कर्मचारियों, पुलिस विभाग तथा अन्य संबंधित संस्थाओं ने मिलकर अभियान को सफल बनाया।
इसके साथ ही स्थानीय लोगों ने भी अभियान का स्वागत किया और भविष्य में स्वच्छता बनाए रखने का संकल्प लिया। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे अभियान तभी सफल होते हैं जब प्रशासन और नागरिक दोनों मिलकर कार्य करें।
स्वच्छता से पर्यटन और धार्मिक आस्था दोनों को मिलेगा लाभ
वृंदावन देश-विदेश के श्रद्धालुओं और पर्यटकों का प्रमुख धार्मिक स्थल है। इसलिए यहां स्वच्छता बनाए रखना पर्यटन विकास के साथ-साथ धार्मिक महत्व को भी मजबूत करता है।
स्वच्छ वातावरण न केवल श्रद्धालुओं के अनुभव को बेहतर बनाता है, बल्कि शहर की सकारात्मक छवि भी प्रस्तुत करता है। यही कारण है कि प्रशासन समय-समय पर ऐसे जनभागीदारी आधारित अभियान संचालित कर रहा है।
‘स्वच्छ ब्रज’ अभियान को मिलेगी नई गति
“हम सबने यह ठाना है, ब्रज को स्वच्छ बनाना है” अभियान का उद्देश्य केवल एक दिन सफाई करना नहीं, बल्कि लोगों में स्थायी स्वच्छता की आदत विकसित करना है। प्रशासन का प्रयास है कि नागरिक नियमित रूप से स्वच्छता के प्रति जागरूक रहें और अपने आसपास के क्षेत्रों को साफ रखें।
वृंदावन परिक्रमा मार्ग पर चलाया गया 11 किलोमीटर विशेष स्वच्छता अभियान जनभागीदारी और प्रशासनिक समन्वय का उत्कृष्ट उदाहरण है। वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा श्रमदान, व्यापारियों और नागरिकों को जागरूक करने तथा स्वच्छता का संदेश देने से इस अभियान को व्यापक समर्थन मिला। यदि इसी प्रकार समाज के सभी वर्ग स्वच्छता के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाते रहें, तो “स्वच्छ ब्रज” का संकल्प निश्चित रूप से साकार होगा और आने वाली पीढ़ियों को एक स्वच्छ, सुंदर एवं प्रेरणादायी धार्मिक धरोहर प्राप्त होगी।

