एटा में 3 साल की राधिका की मौत से मची सनसनी, जांच के लिए पुलिस की चार टीमें गठित – विस्तार से पढ़िए पूरा घटनाक्रम
रिपोर्ट – नन्द कुमार
एटा: उत्तर प्रदेश के एटा जिले के मलावन थाना क्षेत्र के नगला भूपाल गांव में तीन वर्षीय बच्ची राधिका का शव मिलने के बाद इलाके में चिंता और शोक का माहौल है। बच्ची शनिवार को घर के बाहर खेलते समय लापता हो गई थी। करीब 52 घंटे तक तलाश किए जाने के बाद सोमवार शाम लगभग चार बजे उसका शव गांव में एक घर के पीछे झाड़ियों में मिला। घटनास्थल घर से करीब 100 मीटर की दूरी पर बताया गया है। परिजनों ने बच्ची की हत्या कर शव वहां फेंके जाने की आशंका जताई है। पुलिस ने मामले की जांच तेज करते हुए खुलासे के लिए चार टीमें गठित की हैं।
शनिवार को घर के बाहर खेलते समय लापता हुई थी बच्ची
मिली जानकारी के अनुसार, तीन वर्षीय राधिका पुत्री संजय जन्म से ही अपने ननिहाल नगला भूपाल में रह रही थी। उसके नाना महेश और ननिहाल के अन्य परिजन ही उसका पालन-पोषण कर रहे थे। बताया गया है कि जन्म के समय ही उसकी मां सोनी की मृत्यु हो गई थी।
परिजनों के मुताबिक, शनिवार को बच्ची घर के बाहर खेल रही थी। इसी दौरान वह अचानक लापता हो गई। काफी देर तक जब उसका पता नहीं चला तो परिवार के लोगों ने गांव और आसपास के क्षेत्रों में उसकी तलाश शुरू की। परिजनों तथा ग्रामीणों ने खेतों, खलिहानों, सड़कों और आसपास के घरों में बच्ची को खोजा, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिल सकी।
इसके बाद शनिवार देर रात करीब आठ बजे परिजनों ने मलावन थाने में बच्ची की गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर तलाश शुरू की। हालांकि, दो दिनों तक बच्ची का पता नहीं चल सका। सोमवार शाम झाड़ियों में शव मिलने की सूचना से गांव में हड़कंप मच गया।
घर के पीछे झाड़ियों में मिला शव
सोमवार को करीब चार बजे बच्ची का शव गांव में एक घर के पीछे झाड़ियों में मिला। बताया गया है कि घटनास्थल उसके घर से लगभग 100 मीटर की दूरी पर है। शव मिलने की जानकारी सामने आने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए डॉग स्क्वाड और फोरेंसिक टीम को भी बुलाया गया। जांच एजेंसियों ने घटनास्थल से साक्ष्य संकलित किए हैं, ताकि बच्ची की मौत से जुड़े तथ्यों का पता लगाया जा सके। पुलिस अब उपलब्ध साक्ष्यों, परिजनों के बयान और अन्य परिस्थितियों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है।
एटा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. इलामारन जी ने सोमवार रात करीब दस बजे घटनास्थल का निरीक्षण किया। इसके बाद मामले के जल्द खुलासे के लिए चार पुलिस टीमों को लगाया गया। इन टीमों में मलावन थाना पुलिस के साथ सर्विलांस और स्वाट टीम भी शामिल हैं।
परिजनों ने जताई हत्या की आशंका
बच्ची के मामा शिवकुमार उर्फ लालू ने बताया कि राधिका 24 तारीख को घर के बाहर खेलते समय गायब हो गई थी। इसके बाद परिवार के लोगों ने पुलिस को सूचना दी और लगातार उसकी तलाश करते रहे। उन्होंने बताया कि परिवार की एक महिला ने उनके भाई अनुज को घर के पीछे की ओर कुछ होने की जानकारी दी। इसके बाद वहां जाकर देखा गया तो बच्ची मृत अवस्था में मिली।
मामा ने आशंका जताई कि बच्ची की हत्या करने के बाद शव झाड़ियों में फेंका गया होगा। हालांकि, इस आशंका की पुष्टि जांच पूरी होने और पुलिस के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही हो सकेगी।
बच्ची के पिता संजय ने बताया कि घटना की सूचना मिलने के समय वह जलेसर में थे। जानकारी मिलते ही वह गांव पहुंचे। उन्होंने कहा कि बेटी बचपन से ही ननिहाल में रह रही थी और वह समय-समय पर उससे मिलने आते थे। संजय के अनुसार, उनकी किसी से रंजिश नहीं है। उन्होंने बच्ची के शरीर पर चोट और चेहरे पर किसी रासायनिक पदार्थ के इस्तेमाल की आशंका भी जताई है। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मौत के कारण और चोटों की प्रकृति के संबंध में पोस्टमार्टम रिपोर्ट महत्वपूर्ण होगी।
चार टीमें गठित, पुलिस साक्ष्यों के आधार पर कर रही जांच
मामले में अपर पुलिस अधीक्षक श्वेताभ पांडे ने बताया कि मलावन थाना क्षेत्र के नगला भूपाल में तीन वर्षीय बच्ची के लापता होने की सूचना मिलने पर पुलिस ने तत्काल अभियोग पंजीकृत किया था। इसके बाद गांव और आसपास के खेतों में तलाश की जा रही थी। सोमवार शाम करीब चार बजे झाड़ियों में बच्ची का शव मिला।
उन्होंने बताया कि अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है और घटना के खुलासे के लिए चार पुलिस टीमें गठित की गई हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और जल्द से जल्द तथ्यों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है।
फिलहाल पुलिस विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है। घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्य, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और संबंधित लोगों से पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के निष्कर्ष अहम
तीन वर्षीय राधिका की मौत से परिवार गहरे सदमे में है। गांव के लोग भी बच्ची के लापता होने और बाद में शव मिलने की घटना से चिंतित हैं। परिजनों ने हत्या की आशंका जताते हुए दोषियों का पता लगाने की मांग की है।
हालांकि, घटना के पीछे की वास्तविक वजह और बच्ची की मौत किन परिस्थितियों में हुई, यह अभी स्पष्ट नहीं है। ऐसे में पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा फोरेंसिक जांच के निष्कर्ष अहम होंगे। पुलिस की चार टीमें मामले से जुड़े तथ्यों और संभावित सुरागों की पड़ताल कर रही हैं। अब सभी की निगाहें जांच के नतीजों पर टिकी हैं, जिनसे घटना की परिस्थितियों का पता चल सकेगा।

