अमरोहा में तेज रफ्तार बस ट्रैक्टर-ट्रॉली से जा टकराई, दो की मौत और 11 यात्री घायल – विस्तार से पढ़िए पूरा घटनाक्रम
रिपोर्ट – इकबाल अंसारी
अमरोहा: उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले में नेशनल हाईवे-9 पर सोमवार सुबह एक सड़क हादसे में दो यात्रियों की मौत हो गई, जबकि 11 यात्री घायल हो गए। हादसा गजरौला कोतवाली क्षेत्र में मोहम्मदाबाद फ्लाईओवर के ऊपर हुआ। बताया जा रहा है कि तेज रफ्तार बस आगे चल रही सीमेंट से लदी ट्रैक्टर-ट्रॉली में पीछे से जा टकराई। टक्कर के बाद मौके पर अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू कराया। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। वहीं, गंभीर रूप से घायल कुछ यात्रियों को बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर किए जाने की जानकारी सामने आई है।
नेशनल हाईवे-9 पर हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, सोमवार सुबह गजरौला कोतवाली क्षेत्र से होकर गुजर रहे नेशनल हाईवे-9 पर मोहम्मदाबाद फ्लाईओवर के ऊपर बस और ट्रैक्टर-ट्रॉली के बीच टक्कर हुई। बस में कई यात्री सवार थे और यह वाहन मनाली से नेपाल की ओर जा रहा था।
बताया गया कि बस की रफ्तार तेज थी। इसी दौरान आगे चल रही सीमेंट से लदी ट्रैक्टर-ट्रॉली से बस की टक्कर हो गई। हादसे के बाद आसपास मौजूद लोगों ने मौके पर पहुंचकर यात्रियों की मदद की और पुलिस को घटना की जानकारी दी।
हादसे में दो यात्रियों की मौत
पुलिस के अनुसार, हादसे में बस में सवार दो यात्रियों की मौत हो गई। वहीं, 11 अन्य यात्री घायल बताए जा रहे हैं। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घायलों को बाहर निकालने में मदद की।
इसके बाद सभी घायलों को उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल भेजा गया। इनमें से कुछ यात्रियों की स्थिति को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर किए जाने की जानकारी है। पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने घायलों के उपचार को लेकर आवश्यक कार्रवाई की।
मृत यात्रियों के शवों को पुलिस ने कब्जे में लेकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। साथ ही, मृतकों और घायलों की पहचान से संबंधित प्रक्रिया भी की जा रही है।
नींद के चलते हादसे की आशंका
अपर पुलिस अधीक्षक अमरोहा अखिलेश भदौरिया के अनुसार, प्रारंभिक तौर पर आशंका है कि बस चालक को नींद आने के कारण यह हादसा हुआ होगा। हालांकि, हादसे के वास्तविक कारणों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। इसके तहत बस की स्थिति, चालक की भूमिका और दुर्घटना से पहले की परिस्थितियों की जानकारी जुटाई जा रही है। इसके अलावा ट्रैक्टर-ट्रॉली से संबंधित तथ्यों की भी जांच की जा सकती है।
स्थानीय लोगों ने शुरू किया राहत कार्य
हादसा होने के बाद आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत मदद के लिए कदम उठाया। स्थानीय लोगों ने बस में फंसे यात्रियों को बाहर निकालने में सहयोग किया और पुलिस को सूचना दी। कुछ ही देर में पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई।
इसके बाद घायलों को एंबुलेंस और अन्य माध्यमों से अस्पताल भेजा गया। हादसे के कारण कुछ समय के लिए हाईवे पर यातायात प्रभावित हुआ और जाम की स्थिति बन गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर यातायात को व्यवस्थित कराया।
हाईवे पर कुछ समय प्रभावित रहा यातायात
बस और ट्रैक्टर-ट्रॉली की टक्कर के बाद दोनों वाहनों की स्थिति के कारण हाईवे पर यातायात की रफ्तार प्रभावित हुई। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ भी जुट गई थी। ऐसे में पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पहले राहत कार्य को प्राथमिकता दी और इसके बाद यातायात व्यवस्था को सामान्य कराने की कोशिश की।
पुलिस की ओर से आवश्यक कार्रवाई के बाद हाईवे पर वाहनों का आवागमन धीरे-धीरे सामान्य हुआ। हादसे के कारण कुछ समय तक वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
यात्रियों की सुरक्षा को लेकर फिर उठे सवाल
नेशनल हाईवे पर लंबी दूरी की बसों की आवाजाही के दौरान चालक की सतर्कता बेहद महत्वपूर्ण होती है। खासकर रात और सुबह के समय लंबे रूट पर चलने वाले वाहनों में चालक के पर्याप्त आराम और नींद पूरी होने जैसे पहलुओं को गंभीरता से लेना जरूरी है।
इस हादसे के बाद एक बार फिर लंबी दूरी की बसों के संचालन और सड़क सुरक्षा मानकों को लेकर चर्चा शुरू हो सकती है। हालांकि, इस मामले में दुर्घटना का अंतिम कारण जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
पुलिस जांच में जुटी
फिलहाल पुलिस ने मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है। घायलों का अस्पताल में इलाज कराया जा रहा है। वहीं, पुलिस हादसे के कारणों की जांच में जुटी है।
अपर पुलिस अधीक्षक अखिलेश भदौरिया के अनुसार, प्रारंभिक जांच में चालक को नींद आने की आशंका जताई गई है। हालांकि, पुलिस सभी तथ्यों की जांच के बाद ही हादसे की सही वजह स्पष्ट करेगी।
कुल मिलाकर, अमरोहा के गजरौला क्षेत्र में नेशनल हाईवे-9 पर हुआ यह हादसा लंबी दूरी के यातायात में सावधानी और सड़क सुरक्षा के महत्व को सामने लाता है। फिलहाल पुलिस की प्राथमिकता घायलों का उपचार सुनिश्चित कराने और हादसे से जुड़े तथ्यों की जांच पूरी करने की है।

