गांधी-शास्त्री जयंती पर जिलाधिकारी ने किया नमन, स्वच्छता कर्मियों को किया सम्मानित

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रिपोर्ट – विशाल मिश्रा

कानपुर देहात। जिलाधिकारी कपिल सिंह ने महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री के चित्रों पर पुष्प अर्पित कर उनके आदर्शों को याद किया।

राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर कलेक्ट्रेट परिसर में श्रद्धा और सम्मान के साथ कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान जिलाधिकारी कपिल सिंह समेत प्रशासनिक अधिकारियों और कर्मचारियों ने दोनों महान विभूतियों के चित्रों पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया। कार्यक्रम में राष्ट्र निर्माण में महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री के योगदान को याद करते हुए उनके आदर्शों को वर्तमान समय में अपनाने पर जोर दिया गया।

कार्यक्रम में जिलाधिकारी कपिल सिंह के साथ अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) अमित कुमार, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) दुष्यंत कुमार मौर्य तथा अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) दिग्विजय सिंह सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री के चित्रों पर पुष्प अर्पित कर उनके प्रति श्रद्धा व्यक्त की।

सत्य, अहिंसा और सादगी के संदेश को किया याद

जयंती समारोह के दौरान महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री के जीवन, व्यक्तित्व, विचारों और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान पर विचार गोष्ठी आयोजित की गई। गोष्ठी में वक्ताओं ने दोनों महापुरुषों के आदर्शों और सिद्धांतों पर विस्तार से प्रकाश डाला। साथ ही, उनके जीवन से प्रेरणा लेकर समाज और देश के प्रति जिम्मेदारियों का निर्वहन करने का आह्वान किया गया।

महात्मा गांधी के सत्य, अहिंसा, स्वच्छता और स्वावलंबन के विचारों को आज भी समाज के लिए प्रासंगिक बताया गया। वहीं, पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के सादगीपूर्ण जीवन, ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा और देशभक्ति को नागरिकों के लिए प्रेरणादायक बताया गया।

इसके अलावा, उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों ने दोनों महापुरुषों के आदर्शों को अपने व्यक्तिगत और प्रशासनिक जीवन में अपनाने का संकल्प लिया। इस दौरान सत्य, अहिंसा, सादगी, स्वच्छता, सेवा और राष्ट्रहित जैसे मूल्यों को जीवन में उतारने की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया गया।

जिलाधिकारी ने बताया दोनों महापुरुषों का महत्व

इस अवसर पर जिलाधिकारी कपिल सिंह ने कहा कि महात्मा गांधी के विचार आज भी समाज को सत्य, अहिंसा और स्वच्छता के मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं। उनके विचारों ने न केवल स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा दी, बल्कि समाज में समानता, स्वावलंबन और जिम्मेदारी की भावना को भी मजबूत किया।

उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री का सादा जीवन और उच्च विचार प्रत्येक नागरिक के लिए अनुकरणीय है। शास्त्री जी ने अपने सार्वजनिक जीवन में सादगी, ईमानदारी और कर्तव्य के प्रति समर्पण का उदाहरण प्रस्तुत किया। ऐसे में उनके आदर्श आज की पीढ़ी के लिए भी प्रेरणा का स्रोत हैं।

जिलाधिकारी ने दोनों महान विभूतियों के जीवन, मूल्यों और आदर्शों पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि राष्ट्र के विकास के साथ-साथ सामाजिक समरसता को मजबूत करने के लिए उनके सिद्धांतों को व्यवहार में उतारना आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों से जनसेवा के कार्यों में पूरी निष्ठा और संवेदनशीलता के साथ अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने का आह्वान किया।

स्वच्छता कर्मियों का हुआ सम्मान

गांधी जयंती के अवसर पर स्वच्छता के महत्व को देखते हुए स्वच्छता कर्मियों को भी विशेष रूप से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के अंत में जिलाधिकारी कपिल सिंह ने स्वच्छता कर्मियों राकेश कुमार, संदीप कुमार और कमल को अंगवस्त्र एवं मिष्ठान भेंट कर सम्मानित किया।

जिलाधिकारी ने स्वच्छता कर्मियों के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि स्वच्छ और स्वस्थ समाज के निर्माण में सफाई कर्मियों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। वे नियमित रूप से अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए सार्वजनिक स्थानों की स्वच्छता बनाए रखने में योगदान देते हैं। इसलिए उनके कार्यों का सम्मान करना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।

इसके साथ ही कार्यक्रम में स्वच्छता, सेवा और राष्ट्रहित के प्रति अपने दायित्वों को पूरी निष्ठा से निभाने का संकल्प भी लिया गया। अधिकारियों और कर्मचारियों ने कहा कि स्वच्छता केवल किसी एक विभाग या व्यक्ति की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसमें समाज के प्रत्येक नागरिक की भागीदारी जरूरी है।

राष्ट्र निर्माण में आदर्शों को अपनाने पर जोर

गांधी-शास्त्री जयंती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में यह संदेश दिया गया कि महापुरुषों को केवल जयंती के अवसर पर याद करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनके विचारों को दैनिक जीवन में अपनाना भी आवश्यक है। सत्य, अहिंसा, सादगी, स्वच्छता, सेवा और राष्ट्रहित जैसे मूल्यों को व्यवहार में शामिल करके समाज को बेहतर दिशा दी जा सकती है।

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों ने महात्मा गांधी तथा लाल बहादुर शास्त्री के आदर्शों से प्रेरणा लेने का संकल्प दोहराया। साथ ही, प्रशासनिक दायित्वों को पारदर्शिता, ईमानदारी और जनसेवा की भावना के साथ पूरा करने पर बल दिया गया।

इस अवसर पर अतिरिक्त मजिस्ट्रेट सहित कलेक्ट्रेट के विभिन्न अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं गरिमापूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।

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