बारिश के बीच भी मथुरा सर्राफा बाजार में बनी रहेगी रौनक, सोना 1.43 लाख और चांदी 2.28 लाख प्रति किलो
रिपोर्ट – योगेश भारद्वाज
मथुरा: सप्ताह के अंतिम कारोबारी दिन मथुरा के सर्राफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में स्थिरता देखने को मिली। कारोबारियों का मानना है कि मानसूनी मौसम के बावजूद बाजार में खरीदारी का माहौल बना रहेगा। खासकर जिन परिवारों में विवाह, सगाई, मुंडन, गृह प्रवेश या अन्य मांगलिक कार्यक्रम तय हैं, वे अपनी जरूरत के अनुसार आभूषणों की खरीदारी कर रहे हैं। वहीं, निवेश के उद्देश्य से भी कई ग्राहक सोने और चांदी में रुचि दिखा रहे हैं।
तिलक द्वार सर्राफ कमेटी, मथुरा के मंत्री मयंक अग्रवाल के अनुसार शनिवार को स्थानीय बाजार में 24 कैरेट सोने का भाव 1,43,000 प्रति 10 ग्राम और चांदी का भाव 2,28,000 प्रति किलोग्राम दर्ज किया गया। उनका कहना है कि फिलहाल कीमतों में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ है, इसलिए बाजार में संतुलित कारोबार की उम्मीद बनी हुई है।
मानसून के बावजूद बाजार में खरीदारी जारी
बारिश का मौसम अक्सर खुदरा बाजारों की रौनक को कुछ हद तक प्रभावित करता है। हालांकि सर्राफा कारोबारियों का कहना है कि इस बार स्थिति सामान्य बनी हुई है। लगातार हो रही बारिश के बावजूद आवश्यक खरीदारी करने वाले ग्राहक बाजार पहुंच रहे हैं।
व्यापारियों के अनुसार, जिन परिवारों में निकट भविष्य में शुभ कार्य होने वाले हैं, वे कीमतों में संभावित बदलाव का इंतजार करने के बजाय अपनी आवश्यकता के अनुसार खरीदारी कर रहे हैं। इससे बाजार में मांग पूरी तरह कमजोर नहीं हुई है।
इसके अलावा, कई ग्राहक ऐसे भी हैं जो लंबे समय के निवेश को ध्यान में रखते हुए सोने और चांदी की खरीदारी कर रहे हैं। उनका मानना है कि कीमती धातुएं लंबे समय में निवेश का एक महत्वपूर्ण विकल्प बनी रहती हैं।
सोने की कीमतों में सीमित उतार-चढ़ाव
मयंक अग्रवाल का कहना है कि पिछले कुछ दिनों से सोने की कीमतों में केवल सीमित उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। यही कारण है कि ग्राहकों में किसी प्रकार की घबराहट नहीं है और वे सामान्य रूप से खरीदारी कर रहे हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार, जब बाजार में अत्यधिक उतार-चढ़ाव नहीं होता, तब ग्राहक अधिक सहजता से खरीदारी का निर्णय लेते हैं। यही स्थिति वर्तमान समय में मथुरा के स्थानीय सर्राफा बाजार में भी देखने को मिल रही है।
हालांकि अंतरराष्ट्रीय बाजार, डॉलर की चाल और वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों का प्रभाव सोने की कीमतों पर पड़ता है, लेकिन फिलहाल स्थानीय स्तर पर कारोबार सामान्य बना हुआ है।
चांदी की मांग भी बनी हुई
सोने के साथ-साथ चांदी की मांग भी बाजार में अच्छी बनी हुई है। सर्राफा कारोबारियों के अनुसार चांदी का उपयोग केवल आभूषणों तक सीमित नहीं है, बल्कि औद्योगिक क्षेत्र में भी इसकी मांग बनी रहती है।
इसके अतिरिक्त, धार्मिक आयोजनों और पारिवारिक समारोहों में चांदी से बने उत्पादों की मांग लगातार बनी रहती है। बाजार में विशेष रूप से चांदी की पायल, बिछिया, सिक्के, पूजा सामग्री और उपहार स्वरूप दिए जाने वाले उत्पादों की बिक्री सामान्य रहने की संभावना जताई जा रही है।
इसी कारण चांदी के दाम स्थिर रहने से ग्राहकों को खरीदारी में सुविधा मिल रही है।
त्योहारी सीजन से बढ़ सकती है मांग
सर्राफा कारोबारियों का मानना है कि आने वाले सप्ताहों में बाजार की गतिविधियां और तेज हो सकती हैं। इसके पीछे प्रमुख कारण रक्षाबंधन, श्रीकृष्ण जन्माष्टमी और आगामी त्योहारी सीजन को माना जा रहा है।
व्यापारियों के अनुसार, कई ग्राहक पहले से ही त्योहारों और पारिवारिक आयोजनों की तैयारी शुरू कर देते हैं। इसलिए आने वाले समय में आभूषणों की मांग धीरे-धीरे बढ़ने की संभावना है।
विशेषकर जन्माष्टमी के दौरान मथुरा और वृंदावन में धार्मिक गतिविधियां बढ़ जाती हैं, जिसका सकारात्मक प्रभाव स्थानीय व्यापार पर भी देखने को मिलता है।
हॉलमार्क आभूषण खरीदने की सलाह
सर्राफा कारोबारियों ने ग्राहकों से अपील की है कि वे खरीदारी करते समय केवल हॉलमार्क वाले आभूषणों को ही प्राथमिकता दें। हॉलमार्क प्रमाणित आभूषण धातु की शुद्धता का प्रमाण होते हैं और ग्राहकों को गुणवत्ता की बेहतर गारंटी प्रदान करते हैं।
इसके साथ ही अधिकृत और विश्वसनीय प्रतिष्ठानों से ही खरीदारी करने की सलाह दी गई है, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
विशेषज्ञों का कहना है कि खरीदारी के समय ग्राहकों को बिल अवश्य लेना चाहिए और आभूषण पर अंकित हॉलमार्क की जांच भी करनी चाहिए। इससे उपभोक्ताओं के अधिकार सुरक्षित रहते हैं।
अंतरराष्ट्रीय बाजार पर रहेगी नजर
व्यापारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में सोने और चांदी की कीमतें काफी हद तक अंतरराष्ट्रीय बाजार की स्थिति पर निर्भर करेंगी। यदि वैश्विक बाजार में कोई बड़ा बदलाव नहीं होता और डॉलर की चाल सामान्य रहती है, तो स्थानीय बाजार में भी कीमतों में सीमित उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
हालांकि वैश्विक आर्थिक घटनाक्रम, केंद्रीय बैंकों की नीतियां और अंतरराष्ट्रीय मांग जैसे कारक भी कीमती धातुओं की कीमतों को प्रभावित करते हैं। इसलिए निवेश करने वाले ग्राहकों को बाजार की स्थिति पर नियमित नजर बनाए रखने की सलाह दी जाती है।
संतुलित कारोबार की उम्मीद
सर्राफा कारोबारियों का मानना है कि वर्तमान परिस्थितियों में मथुरा का बाजार संतुलित स्थिति में है। एक ओर नियमित ग्राहकों की खरीदारी जारी है, वहीं दूसरी ओर निवेशक भी बाजार पर नजर बनाए हुए हैं।
यदि मौसम और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कोई बड़ा बदलाव नहीं होता, तो आने वाले दिनों में कारोबार सामान्य गति से चलता रहेगा। इसके साथ ही त्योहारी मांग बढ़ने पर बाजार में और अधिक रौनक देखने को मिल सकती है।
मथुरा सर्राफा बाजार में शनिवार को 24 कैरेट सोना 1,43,000 प्रति 10 ग्राम और चांदी 2,28,000 प्रति किलोग्राम के स्तर पर स्थिर रही। कारोबारियों के अनुसार मानसून के बावजूद बाजार में खरीदारी का माहौल बना हुआ है और आगामी रक्षाबंधन, जन्माष्टमी तथा अन्य त्योहारों को देखते हुए मांग में धीरे-धीरे बढ़ोतरी की संभावना है। वहीं ग्राहकों को हॉलमार्क आभूषण खरीदने और अधिकृत प्रतिष्ठानों से ही खरीदारी करने की सलाह दी गई है। यदि वैश्विक बाजार में कोई बड़ा बदलाव नहीं होता, तो स्थानीय बाजार में भी कीमतों में सीमित उतार-चढ़ाव के साथ कारोबार सामान्य बना रहने की उम्मीद है।

