कुशीनगर में बाढ़ के बीच SDRF का बड़ा रेस्क्यू ऑपरेशन, 200 लोगों और 80 मवेशियों को सुरक्षित निकाला
रिपोर्ट – शैलेंद्र मणि त्रिपाठी
कुशीनगर: जिले में बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। इसी क्रम में राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल यानी SDRF की दो टीमों ने प्रभावित क्षेत्रों में दिन-रात रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर बड़ी संख्या में लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया। अभियान के दौरान कुल 200 लोगों का सुरक्षित रेस्क्यू किया गया। इनमें 50 पुरुष, 68 महिलाएं और 82 बच्चे शामिल हैं।
इसके साथ ही बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में फंसे 80 मवेशियों को भी सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। SDRF की टीमों ने अलग-अलग स्थानों पर पहुंचकर लोगों को सुरक्षित निकालने के साथ ही जरूरतमंद परिवारों तक राहत पहुंचाने में सहयोग किया।
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में लगातार अभियान
जानकारी के अनुसार, कुशीनगर में बाढ़ की स्थिति को देखते हुए SDRF की दो टीमें प्रभावित क्षेत्रों में लगातार सक्रिय हैं। टीमों ने शिवपुर क्षेत्र के हरिपुरा, मरच्छावा, नारायणपुर और बसई के अलावा सलिकपुर चौकी क्षेत्र में भी बचाव अभियान चलाया।
बाढ़ प्रभावित इलाकों में पानी बढ़ने के कारण कई परिवारों को सुरक्षित स्थानों की ओर जाने की जरूरत पड़ी। ऐसे में SDRF के जवानों ने मौके पर पहुंचकर लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने का कार्य किया। विशेष रूप से बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को प्राथमिकता के साथ सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया गया।
अभियान के दौरान SDRF की टीमों ने स्थानीय परिस्थितियों का आकलन करते हुए प्रभावित परिवारों तक पहुंच बनाई। इसके बाद लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया, ताकि बाढ़ के बीच उन्हें किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
200 लोगों को सुरक्षित निकाला गया
SDRF के रेस्क्यू अभियान में कुल 200 लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया गया। आंकड़ों के अनुसार, इनमें 50 पुरुष, 68 महिलाएं और 82 बच्चे शामिल हैं। बड़ी संख्या में बच्चों और महिलाओं के रेस्क्यू से यह भी स्पष्ट होता है कि टीमों ने परिवारों को सुरक्षित निकालने पर विशेष ध्यान दिया।
इसके अलावा, ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों के साथ रहने वाले मवेशियों को भी सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया गया। अभियान के तहत 80 मवेशियों का रेस्क्यू किया गया। ग्रामीण इलाकों में पशुधन परिवारों की आजीविका का महत्वपूर्ण हिस्सा होता है, इसलिए बाढ़ के दौरान मवेशियों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाना भी राहत अभियान का अहम हिस्सा रहा।
रात में भी जारी रहा बचाव अभियान
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में SDRF की टीमों ने केवल दिन के समय ही नहीं, बल्कि रात्रिकालीन रेस्क्यू ऑपरेशन भी चलाया। जानकारी के मुताबिक, रात के दौरान चलाए गए अभियान में 53 लोगों को सुरक्षित निकाला गया।
रात में रेस्क्यू अभियान के दौरान टीमों ने स्थानीय परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया। इस दौरान टीम के सदस्यों ने समन्वय के साथ बचाव कार्य किया।
बाढ़ जैसी परिस्थितियों में राहत और बचाव कार्य को लगातार जारी रखना जरूरी होता है। ऐसे में SDRF की टीमों द्वारा दिन और रात दोनों समय अभियान चलाए जाने से प्रभावित परिवारों को समय पर सहायता मिलने में मदद मिली।
उपनिरीक्षक अंकित विश्वकर्मा के नेतृत्व में अभियान
रेस्क्यू ऑपरेशन का नेतृत्व उपनिरीक्षक अंकित विश्वकर्मा और हेड कांस्टेबल जयप्रकाश यादव ने किया। उनके नेतृत्व में SDRF के जवानों ने अलग-अलग प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर लोगों और मवेशियों को सुरक्षित निकालने का कार्य किया।
टीमों ने स्थानीय स्तर पर उपलब्ध जानकारी और परिस्थितियों के आधार पर रेस्क्यू अभियान को आगे बढ़ाया। वहीं, प्रभावित इलाकों में लगातार मौजूद रहकर स्थिति पर नजर बनाए रखने का काम भी किया जा रहा है।
परिवारों को मिली राहत
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में SDRF की तत्परता से स्थानीय परिवारों को बड़ी राहत मिली है। जिन लोगों को बाढ़ के कारण सुरक्षित स्थान तक पहुंचने में परेशानी हो रही थी, उन्हें रेस्क्यू टीमों ने सहायता उपलब्ध कराई।
खास तौर पर बच्चों और महिलाओं को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने के साथ मवेशियों का भी रेस्क्यू किया जाना ग्रामीण परिवारों के लिए महत्वपूर्ण रहा। इससे प्रभावित लोगों को अपने परिवार और पशुधन की सुरक्षा को लेकर राहत मिली।
लगातार सक्रिय हैं SDRF की टीमें
कुशीनगर के प्रभावित क्षेत्रों में SDRF की दो टीमें लगातार अभियान में जुटी हुई हैं। टीमों का उद्देश्य बाढ़ प्रभावित लोगों तक समय पर पहुंच बनाना और जरूरत के अनुसार उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना है।
इसके अलावा, स्थानीय स्तर पर बाढ़ की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। प्रशासन और राहत-बचाव से जुड़ी टीमें प्रभावित क्षेत्रों में अपनी गतिविधियां जारी रखे हुए हैं। ऐसे में आने वाले समय में स्थिति के अनुसार रेस्क्यू और राहत अभियान को आगे बढ़ाया जाएगा।
फिलहाल SDRF द्वारा 200 लोगों और 80 मवेशियों को सुरक्षित निकालने की कार्रवाई बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव व्यवस्था की सक्रियता को दर्शाती है। रात्रिकालीन अभियान में 53 लोगों को सुरक्षित निकालना भी इस ऑपरेशन का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा। प्रभावित परिवारों के लिए राहत और बचाव कार्य लगातार जारी है।

