मथुरा सराफा बाजार में ऊंचे भाव के बावजूद ग्राहकों का कायम है भरोसा: आने वाले इन त्योहारों से बढ़ी उम्मीद

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रिपोर्ट – योगेश भारद्वाज

मथुरा : मथुरा के सराफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतें ऊंचे स्तर पर बनी रहने के बावजूद बाजार में ग्राहकों की रुचि लगातार बनी हुई है।

आगामी रक्षाबंधन, जन्माष्टमी और विवाह सीजन को देखते हुए व्यापारियों को आने वाले दिनों में कारोबार में और तेजी आने की उम्मीद है।

निवेश के साथ-साथ पारिवारिक आवश्यकताओं के लिए भी लोग आभूषणों की खरीदारी कर रहे हैं, जिससे बाजार में सकारात्मक माहौल दिखाई दे रहा है।

व्यापारियों का कहना है कि वर्तमान समय में ग्राहक पहले की तुलना में अधिक सोच-समझकर खरीदारी कर रहे हैं।

हालांकि कीमतें ऊंची हैं, फिर भी आवश्यक अवसरों के लिए आभूषण खरीदने की परंपरा कायम है। यही कारण है कि बाजार में नियमित रूप से ग्राहकों की आवाजाही बनी हुई है।

सोने और चांदी के भाव ऊंचे स्तर पर

इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन, मथुरा के महासचिव चिराग अग्रवाल के अनुसार शुक्रवार को 10 ग्राम सोने का भाव ₹1,43,000 तथा चांदी का भाव ₹2,28,000 प्रति किलोग्राम दर्ज किया गया।

उनके अनुसार अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमती धातुओं की कीमतों में मजबूती और घरेलू मांग के कारण स्थानीय बाजार पर भी इसका प्रभाव दिखाई दे रहा है। हालांकि ऊंची कीमतों के बावजूद उपभोक्ताओं का भरोसा बना हुआ है और आवश्यक खरीदारी जारी है।

निवेश और जरूरत—दोनों बना रहे मांग

सराफा कारोबारियों का कहना है कि वर्तमान समय में दो तरह के ग्राहक बाजार में आ रहे हैं। एक ओर वे लोग हैं जो सोने और चांदी को सुरक्षित निवेश के रूप में देखते हैं, वहीं दूसरी ओर ऐसे परिवार हैं जो आगामी त्योहारों और विवाह समारोहों के लिए आभूषण खरीद रहे हैं।

सर्राफा विशेषज्ञों का मानना है कि सोना लंबे समय से भारतीय परिवारों के लिए केवल आभूषण नहीं, बल्कि आर्थिक सुरक्षा का भी एक महत्वपूर्ण माध्यम रहा है। इसलिए कीमतें बढ़ने के बावजूद इसकी मांग पूरी तरह समाप्त नहीं होती।

हल्के वजन के आभूषणों की मांग बढ़ी

बाजार में इस समय भारी आभूषणों की तुलना में हल्के वजन वाले डिजाइन अधिक पसंद किए जा रहे हैं। व्यापारियों के अनुसार ग्राहक विशेष रूप से अंगूठी, चेन, मंगलसूत्र, कान के टॉप्स, पेंडेंट और हल्के सेट खरीदने में अधिक रुचि दिखा रहे हैं।

वहीं चांदी में पायल, बिछिया, सिक्के, पूजा-पाठ में उपयोग होने वाले बर्तन तथा धार्मिक उपयोग की वस्तुओं की मांग भी लगातार बनी हुई है। इसके अलावा युवा ग्राहकों में आधुनिक डिजाइनों और हल्के आभूषणों की लोकप्रियता तेजी से बढ़ रही है।

मानसून के बीच बाजार में बनी रौनक

मानसूनी मौसम के बावजूद मथुरा सराफा बाजार में ग्राहकों की आवाजाही बनी हुई है। व्यापारियों का कहना है कि सुबह और शाम के समय बाजार में अपेक्षाकृत अधिक भीड़ देखने को मिल रही है।

बारिश के बीच भी लोग अपनी सुविधा के अनुसार खरीदारी कर रहे हैं। इसके साथ ही कई ग्राहक पहले बाजार में डिजाइन पसंद कर रहे हैं और बाद में खरीदारी का निर्णय ले रहे हैं।

त्योहारों से कारोबार को मिलेगा बल

रक्षाबंधन, जन्माष्टमी और उसके बाद शुरू होने वाले विवाह सीजन को देखते हुए सराफा कारोबारियों में उत्साह दिखाई दे रहा है।

व्यापारियों का कहना है कि भारतीय परंपरा में त्योहारों और शुभ अवसरों पर सोना-चांदी खरीदना शुभ माना जाता है। यही कारण है कि प्रत्येक वर्ष इन अवसरों पर बाजार में मांग बढ़ जाती है।

इसके अतिरिक्त कई परिवार पहले से ही अपनी खरीदारी की योजना बना रहे हैं ताकि भविष्य में कीमतों में संभावित वृद्धि का असर कम हो।

नए डिजाइन और विशेष ऑफर आकर्षण का केंद्र

त्योहारी सीजन को ध्यान में रखते हुए कई ज्वेलर्स नए डिजाइनों के आभूषण बाजार में उतार रहे हैं। इसके साथ ही कुछ प्रतिष्ठानों ने ग्राहकों के लिए विशेष ऑफर, एक्सचेंज सुविधा और आसान भुगतान विकल्प भी उपलब्ध कराए हैं।

व्यापारियों का मानना है कि ग्राहकों की पसंद लगातार बदल रही है। इसलिए पारंपरिक डिजाइनों के साथ-साथ आधुनिक और हल्के आभूषणों की नई श्रृंखला भी बाजार में प्रस्तुत की जा रही है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार का भी पड़ता है असर

विशेषज्ञों के अनुसार सोने और चांदी की कीमतें केवल स्थानीय मांग से तय नहीं होतीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय बाजार, डॉलर की चाल, वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों और निवेशकों की गतिविधियों का भी इन पर प्रभाव पड़ता है।

यदि वैश्विक बाजार में कीमतों में बड़ा उतार-चढ़ाव नहीं होता है, तो स्थानीय बाजार में भी भाव वर्तमान दायरे में बने रहने की संभावना है।

ग्राहकों को क्या रखना चाहिए ध्यान?

सराफा विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि आभूषण खरीदते समय ग्राहकों को कुछ महत्वपूर्ण बातों का ध्यान रखना चाहिए।

सबसे पहले केवल हॉलमार्क वाले आभूषण ही खरीदें। इसके अलावा खरीदारी का बिल अवश्य लें और सोने की शुद्धता की जांच करें।

यदि निवेश के उद्देश्य से खरीदारी कर रहे हैं, तो बाजार के ताजा भावों की जानकारी लेकर ही निर्णय लेना बेहतर माना जाता है।

कारोबारियों को सकारात्मक संकेत

मथुरा के सराफा कारोबारियों का मानना है कि बाजार में ग्राहकों का विश्वास अभी भी मजबूत बना हुआ है। यही कारण है कि ऊंची कीमतों के बावजूद कारोबार पूरी तरह प्रभावित नहीं हुआ है।

यदि त्योहारी सीजन के दौरान मांग अपेक्षा के अनुरूप बढ़ती है और अंतरराष्ट्रीय बाजार स्थिर रहता है, तो स्थानीय कारोबार में भी उल्लेखनीय सुधार देखने को मिल सकता है।

मथुरा सराफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतें फिलहाल ऊंचे स्तर पर हैं, लेकिन ग्राहकों का भरोसा और खरीदारी की परंपरा बरकरार है।

रक्षाबंधन, जन्माष्टमी और आगामी विवाह सीजन को देखते हुए व्यापारियों को कारोबार में अच्छी वृद्धि की उम्मीद है। निवेश, पारिवारिक आवश्यकताओं और धार्मिक परंपराओं के कारण सोना-चांदी की मांग बनी हुई है।

आने वाले दिनों में यदि बाजार की परिस्थितियां अनुकूल रहती हैं, तो मथुरा सराफा बाजार में खरीदारी की रफ्तार और तेज होने की संभावना है।

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