कानपुर में जगन्नाथ रथयात्रा की तैयारियां हैं तेज, महापौर प्रमिला पांडेय ने किया रूट का निरीक्षण
रिपोर्ट – विक्की रघुवंशी
कानपुर: कानपुर महानगर में 16 और 17 जुलाई 2026 को आयोजित होने वाली ऐतिहासिक भगवान जगन्नाथ रथयात्रा को लेकर नगर निगम ने तैयारियां तेज कर दी हैं। श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए महापौर प्रमिला पांडेय ने नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय, जोन-1 के जोनल अधिकारी विद्यासागर यादव, पार्षद अमित गुप्ता, आदर्श गुप्ता तथा अन्य अधिकारियों के साथ रथ यात्रा मार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान महापौर ने सफाई, सड़क मरम्मत, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था और अन्य आवश्यक सुविधाओं को समय से दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
रथयात्रा कानपुर की प्रमुख धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं में शामिल है। हर वर्ष इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए नगर निगम प्रशासन ने इस बार भी व्यवस्थाओं को पहले से बेहतर बनाने की दिशा में कार्य शुरू कर दिया है।
रथयात्रा मार्ग का किया गया विस्तृत निरीक्षण
निरीक्षण के दौरान महापौर प्रमिला पांडेय ने रथयात्रा के पूरे मार्ग का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों से विभिन्न स्थानों पर मौजूद व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की और आवश्यक सुधार के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि रथयात्रा में लाखों श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना रहती है। ऐसे में प्रशासन की प्राथमिकता यह होनी चाहिए कि मार्ग पूरी तरह सुरक्षित, स्वच्छ और व्यवस्थित रहे, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
सफाई व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता
महापौर ने नगर निगम के अधिकारियों को निर्देश दिए कि रथयात्रा से पहले पूरे मार्ग की विशेष सफाई कराई जाए। नालियों की सफाई, कूड़ा उठान और सार्वजनिक स्थलों की स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जाए।
उन्होंने कहा कि धार्मिक आयोजनों में स्वच्छ वातावरण श्रद्धालुओं की सुविधा के साथ-साथ शहर की सकारात्मक छवि भी प्रस्तुत करता है। इसलिए सफाई कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
सड़कों के गड्ढे भरने के दिए निर्देश
निरीक्षण के दौरान महापौर ने सड़क की स्थिति का भी जायजा लिया। जहां-जहां सड़क पर गड्ढे या क्षतिग्रस्त हिस्से दिखाई दिए, वहां तत्काल मरम्मत कराने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए।
उन्होंने कहा कि रथयात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु पैदल चलते हैं। ऐसे में सड़क पूरी तरह समतल और सुरक्षित होनी चाहिए, ताकि किसी प्रकार की दुर्घटना या असुविधा की संभावना न रहे।
मार्ग प्रकाश व्यवस्था होगी बेहतर
महापौर ने रात्रिकालीन कार्यक्रमों को ध्यान में रखते हुए मार्ग पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां भी स्ट्रीट लाइट खराब हैं, उन्हें तत्काल ठीक कराया जाए तथा आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त अस्थायी प्रकाश व्यवस्था भी की जाए।
अच्छी प्रकाश व्यवस्था से श्रद्धालुओं की सुरक्षा बढ़ेगी और आयोजन सुचारू रूप से संपन्न होगा।
पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश
गर्मी और उमस के मौसम को देखते हुए महापौर ने रथयात्रा मार्ग पर पर्याप्त पेयजल की व्यवस्था करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि विभिन्न स्थानों पर स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की कठिनाई न हो।
इसके साथ ही जलापूर्ति व्यवस्था की नियमित निगरानी करने के लिए संबंधित विभागों को जिम्मेदारी सौंपी गई।
अधिकारियों को समयबद्ध कार्य पूरा करने का निर्देश
निरीक्षण के दौरान महापौर प्रमिला पांडेय ने स्पष्ट किया कि सभी तैयारियां निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरी की जाएं। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि विभिन्न विभाग आपसी समन्वय बनाकर कार्य करें, ताकि आयोजन से पहले सभी व्यवस्थाएं पूरी तरह तैयार मिलें।
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि निरीक्षण के दौरान सामने आई कमियों को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाए।
नगर आयुक्त ने तैयारियों की समीक्षा की
नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय ने भी संबंधित अधिकारियों से विभिन्न व्यवस्थाओं की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य रथयात्रा को व्यवस्थित, सुरक्षित और सुचारू रूप से संपन्न कराना है।
उन्होंने सभी विभागों को नियमित मॉनिटरिंग करने तथा किसी भी समस्या का तत्काल समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जनप्रतिनिधियों ने दिए सुझाव
निरीक्षण में शामिल पार्षद अमित गुप्ता और आदर्श गुप्ता ने भी स्थानीय स्तर पर आवश्यक व्यवस्थाओं को लेकर अपने सुझाव दिए। उन्होंने रथयात्रा मार्ग पर श्रद्धालुओं की सुविधा बढ़ाने के लिए सफाई, यातायात और मूलभूत सुविधाओं पर विशेष ध्यान देने की बात कही।
अधिकारियों ने सभी सुझावों को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
धार्मिक आयोजनों में बेहतर समन्वय की आवश्यकता
विशेषज्ञों का मानना है कि बड़े धार्मिक आयोजनों की सफलता केवल प्रशासनिक तैयारियों पर ही निर्भर नहीं करती, बल्कि विभिन्न विभागों के बेहतर समन्वय और नागरिकों के सहयोग से भी सुनिश्चित होती है।
इसीलिए नगर निगम, जलकल विभाग, विद्युत विभाग, पुलिस प्रशासन और अन्य एजेंसियां मिलकर रथयात्रा की तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटी हैं।
श्रद्धालुओं की सुविधा रहेगी प्राथमिकता
नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि रथयात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी। सफाई, पेयजल, प्रकाश, सड़क और अन्य नागरिक सुविधाओं की लगातार निगरानी की जाएगी, ताकि आयोजन शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।
कानपुर में 16 और 17 जुलाई 2026 को आयोजित होने वाली ऐतिहासिक जगन्नाथ रथयात्रा को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। महापौर प्रमिला पांडेय के नेतृत्व में किए गए मार्ग निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को सफाई, सड़क मरम्मत, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था और अन्य आवश्यक सुविधाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए गए।
नगर निगम का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि रथयात्रा में शामिल होने वाले सभी श्रद्धालुओं को सुरक्षित, स्वच्छ और सुव्यवस्थित वातावरण मिले। यदि सभी विभाग निर्धारित समय पर अपने कार्य पूरे करते हैं, तो इस वर्ष की रथयात्रा भी कानपुर की सांस्कृतिक और धार्मिक परंपरा के अनुरूप सफलतापूर्वक संपन्न होने की उम्मीद है।

