लखनऊ में 30% बढ़ी प्रीमियम पेट्रोल की मांग, E24 पेट्रोल पर वाहन चालकों ने उठाए सवाल – पढ़िए क्यों

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Digital UP News Desk 

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में इन दिनों प्रीमियम पेट्रोल की मांग में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की जा रही है। पेट्रोल पंप संचालकों और वाहन चालकों के अनुसार, पिछले कुछ समय में प्रीमियम पेट्रोल की बिक्री में करीब 30 प्रतिशत तक बढ़ोतरी देखी गई है। इसकी एक प्रमुख वजह यह बताई जा रही है कि कुछ वाहन मालिक E24 इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल के उपयोग के बाद अपनी गाड़ियों के प्रदर्शन को लेकर चिंता जता रहे हैं।

हालांकि, इस विषय पर आधिकारिक स्तर पर किसी व्यापक अध्ययन या निष्कर्ष की घोषणा नहीं की गई है। वहीं, वाहन निर्माता कंपनियां भी ईंधन के उपयोग को लेकर अपने-अपने मॉडल के अनुसार अलग-अलग दिशा-निर्देश जारी करती हैं। ऐसे में विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि वाहन मालिक अपनी गाड़ी के मैनुअल में दिए गए निर्देशों के अनुसार ही ईंधन का चयन करें।

प्रीमियम पेट्रोल की बिक्री में बढ़ोतरी

लखनऊ के कई पेट्रोल पंप संचालकों का कहना है कि पिछले कुछ सप्ताह में प्रीमियम पेट्रोल खरीदने वाले ग्राहकों की संख्या बढ़ी है। विशेष रूप से नई कार और बाइक खरीदने वाले उपभोक्ता सामान्य पेट्रोल की तुलना में प्रीमियम पेट्रोल को प्राथमिकता दे रहे हैं।

पंप संचालकों के अनुसार, कई ग्राहक स्वयं यह बताते हैं कि वे बेहतर इंजन प्रदर्शन और स्मूथ ड्राइविंग अनुभव के लिए प्रीमियम पेट्रोल का विकल्प चुन रहे हैं।

वाहन चालकों ने क्या कहा?

कुछ वाहन मालिकों का दावा है कि E24 इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल के उपयोग के बाद उनकी गाड़ियों में पहले जैसी पिकअप नहीं मिल रही। इसके अलावा कुछ लोगों ने माइलेज में कमी आने की भी बात कही है।

हालांकि, यह ध्यान देना आवश्यक है कि ये दावे व्यक्तिगत अनुभवों पर आधारित हैं। इनकी पुष्टि किसी आधिकारिक वैज्ञानिक अध्ययन या सरकारी रिपोर्ट से नहीं हुई है।

जानिए इथेनॉल मिश्रित ईंधन क्या है?

इथेनॉल एक जैव-ईंधन (Biofuel) है, जिसे मुख्य रूप से गन्ना, मक्का और अन्य कृषि उत्पादों से तैयार किया जाता है। भारत सरकार लंबे समय से पेट्रोल में इथेनॉल मिश्रण को बढ़ावा दे रही है। इसका उद्देश्य कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता कम करना, पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना और किसानों की आय में वृद्धि करना है।

इथेनॉल मिश्रण की विभिन्न श्रेणियां होती हैं, जैसे E10, E20 और अन्य। किसी भी प्रकार के ईंधन का उपयोग संबंधित वाहन की तकनीकी क्षमता के अनुसार ही किया जाना चाहिए।

पढ़िए विशेषज्ञ क्या कहते हैं?

ऑटोमोबाइल विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी वाहन की कार्यक्षमता कई कारणों से प्रभावित हो सकती है। इनमें वाहन का रखरखाव, इंजन की स्थिति, ड्राइविंग शैली, सड़क की स्थिति, टायर प्रेशर और ईंधन की गुणवत्ता जैसे कई कारक शामिल हैं।

जानकर विशेषज्ञों के अनुसार, यदि किसी वाहन मालिक को माइलेज या पिकअप में कमी महसूस होती है, तो पहले अधिकृत सर्विस सेंटर में वाहन की जांच करानी चाहिए। केवल ईंधन को इसका एकमात्र कारण मान लेना उचित नहीं होगा।

नई गाड़ियों के मालिक क्यों चुन रहे हैं प्रीमियम पेट्रोल?

नई तकनीक वाले कई इंजन उच्च गुणवत्ता वाले ईंधन पर बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। इसी कारण कुछ वाहन मालिक प्रीमियम पेट्रोल का उपयोग करना पसंद करते हैं। हालांकि, सभी वाहनों के लिए प्रीमियम पेट्रोल आवश्यक नहीं होता।

वाहन निर्माता कंपनियां अपने उपयोगकर्ता मैनुअल में स्पष्ट रूप से बताती हैं कि संबंधित मॉडल के लिए किस प्रकार का ईंधन उपयुक्त रहेगा। इसलिए वाहन मालिकों को निर्माता की सलाह का पालन करना चाहिए।

सरकार का इथेनॉल मिश्रण अभियान

भारत सरकार का लक्ष्य चरणबद्ध तरीके से इथेनॉल मिश्रण को बढ़ावा देना है। इस पहल का उद्देश्य ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करना, प्रदूषण कम करना और घरेलू जैव ईंधन उत्पादन को प्रोत्साहित करना है।

सरकार का मानना है कि इससे विदेशी मुद्रा की बचत होगी तथा किसानों को भी आर्थिक लाभ मिलेगा। हालांकि, सरकार समय-समय पर वाहन उद्योग और विशेषज्ञों के साथ समन्वय बनाकर तकनीकी पहलुओं पर भी काम कर रही है।

वाहन मालिकों के लिए क्या है सलाह?

यदि किसी वाहन के प्रदर्शन में बदलाव महसूस हो रहा है, तो सबसे पहले अधिकृत सर्विस सेंटर से तकनीकी जांच करानी चाहिए। साथ ही, वाहन निर्माता द्वारा अनुशंसित ईंधन का ही उपयोग करना बेहतर माना जाता है।

इसके अतिरिक्त समय पर सर्विस, सही इंजन ऑयल, उचित टायर प्रेशर और नियमित रखरखाव भी वाहन के माइलेज और प्रदर्शन को बेहतर बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

क्या प्रीमियम पेट्रोल सभी के लिए जरूरी है?

विशेषज्ञों के अनुसार, प्रीमियम पेट्रोल केवल उन वाहनों के लिए अधिक उपयोगी हो सकता है, जिनके इंजन की डिजाइन या निर्माता की सिफारिश इसकी मांग करती है। सामान्य वाहनों के लिए निर्माता द्वारा अनुशंसित ईंधन पर्याप्त होता है। इसलिए केवल अफवाहों या अपुष्ट दावों के आधार पर ईंधन बदलने के बजाय अधिकृत जानकारी पर भरोसा करना चाहिए।

लखनऊ में प्रीमियम पेट्रोल की मांग में लगभग 30 प्रतिशत वृद्धि की चर्चा के बीच कई वाहन चालकों ने E24 इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल को लेकर अपने अनुभव साझा किए हैं। हालांकि, माइलेज और पिकअप में कमी के दावों की आधिकारिक पुष्टि अभी उपलब्ध नहीं है।

ऐसे में वाहन मालिकों के लिए सबसे उचित कदम यही होगा कि वे अपनी गाड़ी के निर्माता द्वारा सुझाए गए ईंधन का उपयोग करें, नियमित सर्विस कराएं और किसी भी तकनीकी समस्या की स्थिति में अधिकृत सर्विस सेंटर से सलाह लें। इससे वाहन की कार्यक्षमता और सुरक्षा दोनों बेहतर बनी रह सकती हैं।

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