शराब में कीटनाशक मिलाकर हत्या का आरोप, लूट के ₹7,500 के साथ वांछित अभियुक्त गिरफ्तार
रिपोर्ट- बलराम चतुर्वेदी
कानपुर देहात। शिवली थाना पुलिस ने अनूप कुमार मिश्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में वांछित चल रहे एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी पर लूट के इरादे से शराब में विषाक्त पदार्थ मिलाकर अनूप कुमार मिश्रा की हत्या करने का आरोप है। गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान अनीश पुत्र रशीद, उम्र 38 वर्ष, निवासी ग्राम टिकरा, थाना बिठूर, कानपुर नगर के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके कब्जे से मृतक से लूटे गए रुपयों में से 7,500 रुपये नकद बरामद करने का दावा किया है।
पुलिस के मुताबिक, यह मामला अक्टूबर 2025 का है। घटना के बाद मृतक के परिजनों की ओर से दी गई तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं होने के कारण विसरा सुरक्षित कराया गया था। बाद में विधि विज्ञान प्रयोगशाला से प्राप्त रिपोर्ट में विषाक्त पदार्थ की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने जांच को आगे बढ़ाया।
बाघपुर मेले के बहाने साथ ले जाने का आरोप
पुलिस को दी गई तहरीर के अनुसार, रोहित मिश्रा पुत्र स्वर्गीय अनूप कुमार मिश्रा निवासी बसौसी, थाना शिवली ने 6 अक्टूबर 2025 को मामले की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि अनीश उनके पिता अनूप कुमार मिश्रा को बाघपुर मेला दिखाने के लिए अपने साथ लेकर गया था।
परिजनों के मुताबिक, अनूप कुमार मिश्रा के पास मेले के लिए निकलते समय करीब 60 से 70 हजार रुपये मौजूद थे। आरोप है कि अनीश ने अपने एक सहयोगी के साथ मिलकर कल्याणपुर-शिवली मार्ग पर एचपी पेट्रोल पंप बाघपुर के आगे अनूप की हत्या कर दी और उनका शव सड़क किनारे छोड़ दिया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू की। इसके बाद शव का पोस्टमार्टम कराया गया। हालांकि, पोस्टमार्टम के दौरान मौत का स्पष्ट कारण सामने नहीं आया। इसलिए जांच के लिए विसरा सुरक्षित कराया गया।
फॉरेंसिक रिपोर्ट के बाद जांच में आया नया मोड़
पुलिस के अनुसार, मामले की जांच के दौरान विधि विज्ञान प्रयोगशाला से विसरा की रिपोर्ट प्राप्त हुई। रिपोर्ट में मृतक के शरीर में विषाक्त पदार्थ की मौजूदगी की पुष्टि हुई। इसके बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संदिग्धों और घटनाक्रम से जुड़े लोगों से पूछताछ शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस को अनीश की भूमिका के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी मिलने का दावा किया गया। इसके बाद उसकी गिरफ्तारी के लिए प्रयास किए जा रहे थे। इसी क्रम में पुलिस को मुखबिर से आरोपी के संबंध में सूचना मिली।
शेखूपुर मार्ग से आरोपी गिरफ्तार
पुलिस के मुताबिक, मुखबिर की सूचना के आधार पर 1 सितंबर 2026 को अनीश को शेखूपुर गांव जाने वाले रास्ते पर गुप्ता सदन के पास से गिरफ्तार किया गया। तलाशी के दौरान पुलिस ने उसके कब्जे से 7,500 रुपये नकद बरामद किए।
पुलिस का दावा है कि पूछताछ के दौरान आरोपी ने बरामद रकम को अनूप कुमार मिश्रा से लूटी गई रकम का हिस्सा बताया। इसके बाद मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 123, 309(6) और 317(2) की बढ़ोतरी की गई।
पूछताछ में सामने आया घटनाक्रम
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में अनीश ने बताया कि वह अनूप कुमार मिश्रा को पहले से जानता था। 5 अक्टूबर 2025 को टिकरा चौराहे पर दोनों की मुलाकात हुई थी। इसी दौरान अनीश ने अनूप को बाघपुर मेला देखने के लिए साथ चलने को कहा।
बताया गया कि शाम के समय अनीश अपनी मोटरसाइकिल से अनूप को लेकर बाघपुर पहुंचा। वहां अंग्रेजी शराब की दुकान से दो क्वार्टर खरीदे गए। पुलिस के अनुसार, इनमें से एक क्वार्टर दोनों ने पी लिया, जबकि दूसरा अनीश अपने पास लेकर मेले में चला गया।
पुलिस का कहना है कि मेले में अनीश की नजर अनूप के पास मौजूद रकम पर पड़ी। पूछताछ में आरोपी द्वारा करीब 50 हजार रुपये देखने की बात बताई गई है। इसके बाद कथित तौर पर उसके मन में लालच आया और उसने अनूप से रकम हासिल करने की योजना बनाई।
शराब में मिलाया विषाक्त पदार्थ, पुलिस का दावा
पुलिस के मुताबिक, अनीश ने मेले में लगी कीटनाशक दवा की दुकान से गेहूं में रखने वाली कीटनाशक दवा खरीदी। इसके बाद वह अनूप को एक अपेक्षाकृत एकांत स्थान पर ले गया। पुलिस का आरोप है कि वहां उसने शराब में कीटनाशक मिला दिया।
पुलिस के अनुसार, शराब पीने के कुछ समय बाद अनूप की तबीयत बिगड़ गई और वह बेहोश होकर गिर पड़े। इसके बाद उनकी मौत हो गई। पुलिस जांच में सामने आए इस घटनाक्रम की पुष्टि अब उपलब्ध साक्ष्यों और फॉरेंसिक रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया में की जाएगी।
रकम और मोबाइल लेकर फरार होने का आरोप
पुलिस के अनुसार, अनूप की मौत के बाद अनीश ने उनकी जेब से करीब 50 हजार रुपये निकाल लिए। इसके अलावा उनका मोबाइल फोन भी अपने पास रख लिया और उसे बंद कर दिया।
पुलिस का कहना है कि आरोपी ने शव को सड़क किनारे छोड़ दिया। इसके बाद मोटरसाइकिल से जाते समय उसने अनूप का मोबाइल रास्ते में फेंक दिया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने बरामद 7,500 रुपये को कथित तौर पर लूटी गई रकम का हिस्सा बताया है। पुलिस के मुताबिक, शेष रकम खर्च किए जाने की बात आरोपी ने बताई है।

