आजमगढ़ में दो युवक अवैध तमंचों के साथ गिरफ्तार, एक पर पहले से दर्ज हैं तीन मुकदमे – तुरंत पढ़ें
रिपोर्ट – पित्तेश्वर कुमार
आजमगढ़: अवैध असलहों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बिलरियागंज पुलिस ने मंगलवार की भोर दो युवकों को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, दोनों के कब्जे से .315 बोर के दो अवैध तमंचे और दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ आयुध अधिनियम के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है।
गिरफ्तार आरोपियों में एक युवक के खिलाफ पहले से तीन आपराधिक मामले दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है। इन मामलों में एनडीपीएस एक्ट, आबकारी अधिनियम और आयुध अधिनियम से संबंधित मुकदमे शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, अवैध असलहों की बरामदगी के बाद मामले की आगे की जांच की जा रही है।
अवैध असलहों के खिलाफ चल रहा अभियान
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में जिले में अपराध नियंत्रण और अवैध असलहों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में बिलरियागंज पुलिस टीम मंगलवार यानी 11 अगस्त की भोर क्षेत्र में गश्त कर रही थी।
पुलिस के अनुसार, उपनिरीक्षक इसरार अहमद खान और उपनिरीक्षक प्यारे राम पुलिस टीम के साथ क्षेत्र में मौजूद थे। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि बिन्दवल से लोहसरवा मार्ग की ओर दो संदिग्ध युवक पैदल आ रहे हैं और उनके पास अवैध असलहे हो सकते हैं।
सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई की योजना बनाई और लोहसरवा मोड़ के पास घेराबंदी कर चेकिंग शुरू कर दी।
लोहसरवा मोड़ पर पुलिस ने की घेराबंदी
पुलिस के मुताबिक, कुछ समय बाद बिन्दवल की ओर से दो युवक आते दिखाई दिए। पुलिस टीम ने उन्हें रोकने का इशारा किया। पुलिस का कहना है कि दोनों युवकों ने पुलिस को देखकर पीछे मुड़कर भागने का प्रयास किया।
इसके बाद पुलिस टीम ने घेराबंदी करते हुए दोनों को पकड़ लिया। पुलिस ने दोनों युवकों की तलाशी ली। तलाशी के दौरान उनके पास से एक-एक अवैध तमंचा बरामद होने की बात सामने आई।
इसके अलावा दोनों के कब्जे से दो जिंदा कारतूस भी बरामद किए गए। बरामदगी के बाद पुलिस ने दोनों युवकों को हिरासत में ले लिया और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू की।
पुलिस के अनुसार, दोनों की गिरफ्तारी मंगलवार की भोर करीब 2:39 बजे लोहसरवा मोड़ के पास की गई।
दो .315 बोर तमंचे और कारतूस बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से .315 बोर के दो तमंचे बरामद किए हैं। इसके साथ ही दो जिंदा कारतूस भी पुलिस के हाथ लगे हैं।
बरामद असलहों और कारतूसों को पुलिस ने नियमानुसार कब्जे में लेकर सील कर दिया है। अब पुलिस इन हथियारों के स्रोत और आरोपियों के पास इनके पहुंचने के संबंध में भी जानकारी जुटा सकती है।
पुलिस जांच का एक महत्वपूर्ण पहलू यह भी होगा कि दोनों युवक कथित तौर पर इन असलहों को कहां से लेकर आए थे और इनके इस्तेमाल की कोई योजना थी या नहीं। इन सभी बिंदुओं की जानकारी आगे की विवेचना में सामने आ सकती है।
दोनों आरोपियों की पहचान
गिरफ्तार किए गए युवकों की पहचान मोहम्मद तारिक पुत्र कुद्दुश निवासी बिन्दवल और शहनवाज उर्फ शेरु पुत्र मोहम्मद अहमद निवासी खानकाह, थाना बिलरियागंज के रूप में हुई है।
पुलिस ने दोनों के खिलाफ आयुध अधिनियम की धारा 3/25 के तहत कार्रवाई की है। मामले में बिलरियागंज थाने में मु0अ0सं0 212/2026 दर्ज किए जाने की जानकारी पुलिस की ओर से दी गई है।
गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस बरामद असलहों और कारतूसों के संबंध में आवश्यक जानकारी जुटाने का प्रयास कर रही है।
मोहम्मद तारिक पर पहले से तीन मामले
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी मोहम्मद तारिक के खिलाफ पहले से तीन आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें अलग-अलग वर्षों में एनडीपीएस एक्ट, आबकारी अधिनियम और आयुध अधिनियम से संबंधित मामले शामिल हैं।
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, वर्ष 2022 में उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत मुकदमा दर्ज हुआ था। इसके बाद वर्ष 2023 में आबकारी अधिनियम की धारा 60 के तहत मामला दर्ज होने की जानकारी दी गई है।
इसके अलावा वर्ष 2025 में आयुध अधिनियम की धारा 4/25 के तहत भी उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज होने की बात पुलिस ने बताई है।
पुलिस अब वर्तमान मामले को इन पूर्व मामलों के संदर्भ में भी देख रही है। हालांकि, किसी भी व्यक्ति के खिलाफ दर्ज मुकदमे आरोपों से संबंधित होते हैं और मामलों का अंतिम निर्धारण न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर होता है।
शहनवाज की भूमिका की भी जांच
दूसरे गिरफ्तार आरोपी की पहचान शहनवाज उर्फ शेरु के रूप में हुई है। पुलिस उसके आपराधिक रिकॉर्ड और वर्तमान मामले में भूमिका की जांच कर रही है।
दोनों युवकों के पास से एक-एक तमंचा बरामद होने के कारण पुलिस द्वारा उनसे पूछताछ की जा रही है। जांच में यह पता लगाने का प्रयास किया जा सकता है कि दोनों एक साथ क्यों मौजूद थे और उनके पास कथित तौर पर अवैध हथियार कैसे पहुंचे।
पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस टीम ने इस तरह की कार्रवाई
इस कार्रवाई में बिलरियागंज थाना पुलिस की टीम शामिल रही। टीम का नेतृत्व थानाध्यक्ष अमित कुमार मिश्रा ने किया।
कार्रवाई करने वाली टीम में उपनिरीक्षक इसरार अहमद खान, उपनिरीक्षक प्यारे राम, कांस्टेबल छट्ठू साहनी, ह्रदेश कुमार गुप्ता, राकेश कुमार वर्मा और रामबाबू यादव शामिल रहे।
पुलिस टीम को संदिग्ध युवकों के संबंध में सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंचकर घेराबंदी करने और तलाशी की कार्रवाई की गई। पुलिस के अनुसार, कार्रवाई के दौरान दोनों युवकों को पकड़ लिया गया और उनके कब्जे से असलहे बरामद किए गए।
अपराध नियंत्रण के लिए पुलिस की निगरानी
आजमगढ़ पुलिस की ओर से अपराध नियंत्रण और अवैध असलहों के खिलाफ अभियान जारी रखने की बात कही गई है। पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है और सूचना मिलने पर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
अवैध हथियारों की बरामदगी के मामलों में पुलिस द्वारा हथियारों के स्रोत और उनसे जुड़े नेटवर्क की जानकारी जुटाना भी जांच का हिस्सा होता है। इसी तरह इस मामले में भी पुलिस आगे की जानकारी जुटा रही है।
बरामद हथियारों को किया गया सील
पुलिस ने दोनों तमंचों और बरामद कारतूसों को नियमानुसार सील कर दिया है। इनका इस्तेमाल आगे की कानूनी प्रक्रिया में साक्ष्य के रूप में किया जाएगा।
मामले की विवेचना के दौरान पुलिस बरामद हथियारों से संबंधित अन्य तथ्यों की जांच करेगी। साथ ही आरोपियों के संपर्कों और गतिविधियों के बारे में भी जानकारी जुटाई जा सकती है।
आगे की विधिक कार्रवाई जारी
दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद बिलरियागंज पुलिस ने उनके खिलाफ आयुध अधिनियम की संबंधित धाराओं में कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, मामले में आगे की विधिक प्रक्रिया जारी है।
जांच के दौरान यदि कोई अन्य तथ्य सामने आता है, तो उसके आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जा सकती है। फिलहाल पुलिस बरामद असलहों, कारतूसों और आरोपियों से संबंधित जानकारी को जांच में शामिल कर रही है।
कुल मिलाकर, आजमगढ़ के बिलरियागंज थाना क्षेत्र में पुलिस ने अवैध असलहों के खिलाफ अभियान के तहत दो युवकों को गिरफ्तार करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार, दोनों के कब्जे से .315 बोर के दो अवैध तमंचे और दो जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं। गिरफ्तार आरोपियों में मोहम्मद तारिक के खिलाफ पहले से तीन मामले दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है। फिलहाल दोनों के खिलाफ आयुध अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

