पुलिस का मानवीय चेहरा: सड़क हादसे में घायल वृद्ध महिला को पुलिस ने पहुंचाया अस्पताल, पहचान में जुटी टीम
कानपुरः पावन तीर्थ नगरी बिठूर में श्रावण मास के दौरान दर्शन-पूजन के लिए पहुंची एक वृद्ध महिला श्रद्धालु सड़क हादसे में घायल हो गईं। हादसा बिठूर कस्बे में परियर पुल के पास हुआ, जहां एक तेज रफ्तार मोटरसाइकिल सवार ने वृद्ध महिला को टक्कर मार दी। दुर्घटना के बाद महिला सड़क पर घायल अवस्था में पड़ी थीं। घटना की सूचना मिलते ही बिठूर पुलिस ने तत्काल मौके पर पहुंचकर मानवीय संवेदनशीलता का परिचय दिया और घायल महिला को उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया।
पुलिस की तत्परता से घायल महिला को समय रहते चिकित्सा सुविधा मिल सकी। फिलहाल उनका उपचार राजा नर्सिंग होम में चल रहा है। वहीं, पुलिस महिला की पहचान और उनके परिजनों की जानकारी जुटाने में लगी हुई है। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि यदि कोई व्यक्ति इस वृद्ध महिला को पहचानता है या उनके परिवार के बारे में जानकारी रखता है तो तत्काल बिठूर पुलिस अथवा राजा नर्सिंग होम से संपर्क करे।
दर्शन-पूजन के लिए बिठूर पहुंची थीं वृद्ध महिला
बताया गया कि श्रावण मास के पावन अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु बिठूर पहुंच रहे हैं। इसी क्रम में एक वृद्ध महिला भी धार्मिक दर्शन-पूजन के उद्देश्य से बिठूर आई थीं। इसी दौरान परियर पुल के पास वह सड़क हादसे का शिकार हो गईं।
प्रत्यक्ष रूप से सामने आई जानकारी के अनुसार, सड़क से गुजर रही वृद्ध महिला को एक मोटरसाइकिल सवार ने टक्कर मार दी। हादसे में वह घायल हो गईं। घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी।
सूचना मिलते ही पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया और बिना किसी देरी के मौके पर पहुंच गई। पुलिस टीम ने सबसे पहले घायल महिला की स्थिति को देखते हुए उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने और चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने की पहल की।
पुलिस टीम ने दिखाई तत्परता
घटना की सूचना मिलने के बाद सेक्टर प्रभारी टीएसआई छन्नूलाल अपने हमराही आरक्षी रमाकांत और होमगार्ड मुकेश के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिसकर्मियों ने घायल महिला की स्थिति को देखते हुए तत्काल उन्हें अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की।
पुलिस टीम ने बिना समय गंवाए वृद्ध महिला को नजदीकी राजा नर्सिंग होम में भर्ती कराया। अस्पताल में चिकित्सकों द्वारा उनका उपचार किया जा रहा है। पुलिस की इस तत्परता के चलते घायल महिला को समय पर प्राथमिक चिकित्सा मिल सकी।
ऐसे मामलों में दुर्घटना के बाद घायल व्यक्ति को जल्द से जल्द चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना बेहद महत्वपूर्ण होता है। बिठूर पुलिस की टीम ने इसी जिम्मेदारी को प्राथमिकता देते हुए महिला को अस्पताल पहुंचाया।
महिला की पहचान के लिए पुलिस कर रही प्रयास
घायल वृद्ध महिला की पहचान अभी तक स्पष्ट नहीं हो सकी है। ऐसे में पुलिस के सामने अब सबसे बड़ी प्राथमिकता उनके परिजनों तक सूचना पहुंचाना है। पुलिस महिला के संबंध में उपलब्ध जानकारी के आधार पर उनकी पहचान सुनिश्चित करने का प्रयास कर रही है।
इसके साथ ही पुलिस ने स्थानीय लोगों और आमजन से भी सहयोग की अपील की है। पुलिस का कहना है कि यदि कोई व्यक्ति महिला को पहचानता है, उनके परिवार को जानता है या उनके संबंध में किसी प्रकार की जानकारी रखता है तो वह तत्काल बिठूर पुलिस से संपर्क करे।
पुलिस ने लोगों से यह भी अपील की है कि महिला के संबंध में जानकारी मिलने पर उन्हें राजा नर्सिंग होम तक पहुंचकर जानकारी देनी चाहिए, ताकि उनके परिजनों को जल्द से जल्द घटना की सूचना दी जा सके।
लोगों से सहयोग की अपील
बिठूर पुलिस की ओर से की गई अपील में कहा गया है कि घायल महिला के परिजनों या परिचितों के बारे में किसी भी व्यक्ति को जानकारी हो तो वह बिना देरी किए पुलिस अथवा अस्पताल प्रशासन से संपर्क करे। इससे महिला को अपने परिवार तक पहुंचाने की प्रक्रिया तेज हो सकेगी।
वहीं, स्थानीय लोगों से भी अपील की गई है कि सड़क हादसे में घायल किसी व्यक्ति को देखकर केवल तमाशबीन न बनें, बल्कि तत्काल पुलिस और चिकित्सा सेवाओं को सूचना दें। समय पर मिली मदद किसी घायल व्यक्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।
श्रावण मास में बिठूर में बढ़ती है श्रद्धालुओं की आवाजाही
श्रावण मास के दौरान बिठूर में श्रद्धालुओं की आवाजाही बढ़ जाती है। धार्मिक महत्व के कारण इस अवधि में आसपास के क्षेत्रों के अलावा दूर-दराज से भी लोग दर्शन-पूजन के लिए यहां पहुंचते हैं। ऐसे में प्रमुख मार्गों और धार्मिक स्थलों के आसपास यातायात व्यवस्था भी महत्वपूर्ण हो जाती है।
श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए लोगों को सड़क पार करते समय और मार्गों पर चलते समय विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। दूसरी ओर, वाहन चालकों को भी गति पर नियंत्रण रखते हुए यातायात नियमों का पालन करना चाहिए।
खासकर भीड़भाड़ वाले धार्मिक क्षेत्रों में तेज गति से वाहन चलाना दुर्घटना का कारण बन सकता है। इसलिए वाहन चालकों से अपील है कि वे निर्धारित गति सीमा का पालन करें और सड़क पर पैदल चल रहे श्रद्धालुओं तथा बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें।
पुलिस के मानवीय रवैये की हो रही सराहना
इस घटना में बिठूर पुलिस द्वारा दिखाई गई तत्परता और मानवीय संवेदनशीलता चर्चा का विषय बनी हुई है। आमतौर पर पुलिस की भूमिका कानून-व्यवस्था बनाए रखने और अपराधों की जांच तक सीमित समझी जाती है, लेकिन ऐसे मौके पुलिस के मानवीय पक्ष को भी सामने लाते हैं।
घायल वृद्ध महिला की स्थिति को देखते हुए पुलिसकर्मियों ने औपचारिक कार्रवाई के साथ-साथ उनकी तत्काल चिकित्सा को प्राथमिकता दी। उन्हें अस्पताल पहुंचाना और उपचार की व्यवस्था कराना पुलिस की जिम्मेदारी के मानवीय पक्ष को दर्शाता है।
पुलिस की ओर से महिला की पहचान के लिए आमजन से सहयोग मांगना भी महत्वपूर्ण कदम है। यदि महिला के परिजनों या परिचितों तक यह सूचना पहुंचती है तो उन्हें जल्द ही अस्पताल पहुंचकर अपनी परिजन की जानकारी मिल सकती है।
सड़क सुरक्षा के लिए सावधानी जरूरी
इस घटना के बाद एक बार फिर सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूक रहने की आवश्यकता सामने आई है। पैदल चलने वाले लोगों, विशेषकर बुजुर्गों और बच्चों को सड़क पार करते समय अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए। वहीं, दोपहिया और चार पहिया वाहन चालकों को भी सड़क पर गति नियंत्रित रखनी चाहिए।
इसके अलावा धार्मिक स्थलों के आसपास वाहन चलाते समय चालक को अधिक सतर्क रहने की जरूरत होती है, क्योंकि यहां अचानक पैदल श्रद्धालु सड़क पर आ सकते हैं। यातायात नियमों का पालन करके ही इस तरह की घटनाओं को काफी हद तक रोका जा सकता है।
फिलहाल घायल वृद्ध महिला का उपचार राजा नर्सिंग होम में जारी है। बिठूर पुलिस उनकी पहचान और परिजनों की तलाश में जुटी हुई है। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि महिला से संबंधित कोई भी जानकारी मिलने पर तत्काल पुलिस या अस्पताल से संपर्क करें, ताकि उन्हें उनके परिवार तक सुरक्षित पहुंचाया जा सके।

