मथुरा में नगर आयुक्त ओजस्वी राज ने पार्षदों संग की समीक्षा बैठक, पढ़िए किन कार्यों पर त्वरित समाधान पर दिया जोर
रिपोर्ट – योगेश भारद्वाज
मथुरा: वृन्दावन नगर निगम शहर के समग्र विकास और नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में लगातार सक्रिय है। इसी क्रम में नगर निगम मुख्यालय भूतेश्वर में मथुरा सिटी जोन के पार्षदों के साथ नगर आयुक्त ओजस्वी राज की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य वार्ड स्तर पर चल रहे विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा करना, जनप्रतिनिधियों से सीधे संवाद स्थापित करना तथा नागरिकों की समस्याओं के त्वरित एवं प्रभावी समाधान की कार्ययोजना तैयार करना रहा।
बैठक में अपर नगर आयुक्त सौरभ सिंह एवं अपर नगर आयुक्त अनिल कुमार सहित नगर निगम के संबंधित अधिकारी भी मौजूद रहे। इस दौरान पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को विस्तार से रखा, जबकि नगर आयुक्त ने प्रत्येक सुझाव को गंभीरता से सुनते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
वार्डवार विकास कार्यों की हुई विस्तृत समीक्षा
बैठक के दौरान नगर आयुक्त ओजस्वी राज ने वार्डवार सफाई व्यवस्था, नाले एवं नालियों की नियमित सफाई, सीवर सिस्टम, पेयजल आपूर्ति, सड़कों की पैच मरम्मत, स्ट्रीट लाइट व्यवस्था तथा जलभराव जैसी समस्याओं की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से प्रत्येक कार्य की वर्तमान स्थिति की जानकारी प्राप्त की और आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए।
इसके साथ ही उन्होंने कहा कि नगर निगम का लक्ष्य केवल समस्याओं का अस्थायी समाधान करना नहीं है, बल्कि ऐसी व्यवस्था विकसित करना है जिससे नागरिकों को लंबे समय तक बेहतर सुविधाएं मिल सकें। इसलिए सभी विभागों के बीच समन्वय बनाकर योजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करना आवश्यक है।
पार्षदों से लिए गए विकास संबंधी सुझाव
बैठक में उपस्थित पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों में सफाई, सड़क, जलनिकासी, पेयजल, स्ट्रीट लाइट तथा अन्य बुनियादी सुविधाओं से संबंधित समस्याओं को विस्तार से रखा। उन्होंने कई स्थानों पर विकास कार्यों में तेजी लाने तथा स्थानीय आवश्यकताओं के अनुसार प्राथमिकता तय करने का सुझाव भी दिया।
नगर आयुक्त ने कहा कि जनप्रतिनिधि जनता और प्रशासन के बीच महत्वपूर्ण कड़ी होते हैं। इसलिए उनके सुझावों को योजनाओं के क्रियान्वयन में प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पार्षदों द्वारा उठाए गए प्रत्येक मुद्दे का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाए।
सफाई व्यवस्था को और प्रभावी बनाने पर विशेष जोर
बैठक में नगर आयुक्त ने शहर की सफाई व्यवस्था को और अधिक प्रभावी एवं परिणामकारी बनाने पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि स्वच्छ शहर केवल प्रशासन के प्रयासों से नहीं, बल्कि जनप्रतिनिधियों और नागरिकों के सहयोग से ही संभव है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि नियमित सफाई अभियान, कूड़ा संग्रहण और सार्वजनिक स्थलों की स्वच्छता पर लगातार निगरानी रखी जाए। इसके साथ ही सफाई व्यवस्था में किसी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही भी तय की जाएगी।
डलावघरों को चरणबद्ध तरीके से समाप्त करने की बनेगी योजना
नगर आयुक्त ओजस्वी राज ने बैठक के दौरान शहर को अधिक स्वच्छ एवं व्यवस्थित बनाने के लिए डलावघर (जीवीपी) समाप्त करने की योजना पर भी विस्तार से चर्चा की। उन्होंने बताया कि नगर निगम चरणबद्ध एवं सुनियोजित कार्ययोजना के तहत निर्धारित समय-सीमा में सभी डलावघरों को समाप्त करने की दिशा में कार्य कर रहा है।
उन्होंने कहा कि इसका उद्देश्य शहर को कूड़ा मुक्त, स्वच्छ और सुंदर बनाना है। साथ ही आधुनिक कचरा प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा ताकि नागरिकों को बेहतर पर्यावरण उपलब्ध कराया जा सके।
प्रत्येक वार्ड के लिए बनेगी अलग कार्ययोजना
बैठक के दौरान नगर आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक वार्ड की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए अलग-अलग कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने कहा कि सभी वार्डों की समस्याएं समान नहीं होतीं, इसलिए स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार प्राथमिकता तय करना आवश्यक है।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि विकास कार्यों की नियमित निगरानी की जाएगी और समय-समय पर समीक्षा बैठकों के माध्यम से प्रगति का मूल्यांकन किया जाएगा। इससे योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और गति दोनों सुनिश्चित होंगी।
जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के समन्वय पर दिया बल
नगर आयुक्त ने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य केवल निर्माण कार्य कराना नहीं, बल्कि नागरिकों की अपेक्षाओं के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराना भी है। इसके लिए प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के बीच बेहतर समन्वय अत्यंत आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि पार्षद अपने वार्डों की वास्तविक समस्याओं से भली-भांति परिचित होते हैं। इसलिए उनके सुझावों के आधार पर योजनाओं को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। साथ ही नागरिकों की शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण भी प्राथमिकता रहेगा।
अधिकारियों को दिए स्पष्ट निर्देश
बैठक के अंत में नगर आयुक्त ओजस्वी राज ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विकास कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरे किए जाएं। उन्होंने कहा कि किसी भी परियोजना में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए और कार्यों की गुणवत्ता से कोई समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
उन्होंने अधिकारियों से यह भी कहा कि नागरिकों की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए तथा प्रत्येक विभाग नियमित रूप से अपनी प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करे। इससे योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन में सहायता मिलेगी।
शहर के समग्र विकास की दिशा में महत्वपूर्ण पहल
नगर निगम द्वारा आयोजित यह समीक्षा बैठक मथुरा-वृन्दावन के समग्र विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। बैठक में विकास कार्यों की समीक्षा के साथ-साथ भविष्य की योजनाओं पर भी विस्तार से चर्चा हुई। यदि बैठक में दिए गए निर्देशों का प्रभावी ढंग से पालन किया जाता है, तो आने वाले समय में शहर की मूलभूत सुविधाओं में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिल सकता है।
नगर आयुक्त ओजस्वी राज ने अंत में कहा कि नगर निगम का लक्ष्य प्रत्येक वार्ड में बेहतर नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराना, स्वच्छता को बढ़ावा देना तथा मथुरा-वृन्दावन को एक स्वच्छ, व्यवस्थित और विकसित शहर के रूप में स्थापित करना है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और नागरिकों के सहयोग से इस लक्ष्य को समयबद्ध तरीके से प्राप्त किया जा सकेगा।

