107 साल पुराने पी रोड राधा-कृष्ण मंदिर में बढ़ेंगी श्रद्धालुओं की सुविधाएं, 52 लाख रुपये से होगा व्यापक विकास
रिपोर्ट- विक्की रघुवंशी
कानपुर। धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने के साथ-साथ श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में कानपुर प्रशासन ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। शहर के ऐतिहासिक पी रोड स्थित लगभग 107 वर्ष पुराने राधा-कृष्ण मंदिर में पर्यटन विभाग की ओर से 52 लाख रुपये की लागत से व्यापक विकास एवं सौंदर्यीकरण कार्य कराए जा रहे हैं। इस परियोजना का उद्देश्य मंदिर परिसर को अधिक व्यवस्थित, स्वच्छ और सुविधाजनक बनाना है, ताकि स्थानीय श्रद्धालुओं के साथ-साथ बाहर से आने वाले पर्यटकों को भी बेहतर अनुभव प्राप्त हो सके।
इसी क्रम में मंगलवार को जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने मंदिर परिसर का स्थलीय निरीक्षण किया और निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता तथा समयबद्धता की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी निर्माण कार्य 26 अगस्त तक हर हाल में पूरे कर लिए जाएं।
पर्यटन विभाग की परियोजना से बदलेगी मंदिर परिसर की तस्वीर
उत्तर प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम के माध्यम से संचालित इस परियोजना में मंदिर परिसर के विभिन्न हिस्सों का विकास किया जा रहा है। लंबे समय से श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए जिन बुनियादी व्यवस्थाओं की आवश्यकता महसूस की जा रही थी, उन्हें अब योजनाबद्ध तरीके से विकसित किया जा रहा है।
परियोजना के अंतर्गत कई महत्वपूर्ण निर्माण एवं सुविधाजनक कार्य शामिल किए गए हैं। इनमें श्रद्धालुओं के विश्राम के लिए यात्री शेड, स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए आधुनिक टॉयलेट ब्लॉक, सुरक्षित एवं व्यवस्थित विद्युत व्यवस्था, सेप्टिक टैंक, मजबूत रेलिंग, बाउंड्री वॉल, परिसर में सुगम आवागमन के लिए इंटरलॉकिंग टाइल्स, पेयजल व्यवस्था हेतु सबमर्सिबल पंप, ऊर्जा संरक्षण के उद्देश्य से सोलर लाइट तथा श्रद्धालुओं के बैठने के लिए स्टोन बेंच स्थापित की जा रही हैं।
इन सभी कार्यों के पूर्ण होने के बाद मंदिर परिसर पहले की तुलना में अधिक आकर्षक, सुरक्षित और सुविधाजनक दिखाई देगा।
श्रद्धालुओं और पर्यटकों को मिलेगा बेहतर अनुभव
पी रोड स्थित राधा-कृष्ण मंदिर कानपुर के प्रमुख धार्मिक स्थलों में गिना जाता है। वर्षभर यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। जन्माष्टमी, राधाष्टमी, होली और अन्य धार्मिक आयोजनों के दौरान यहां विशेष भीड़ देखने को मिलती है।
ऐसे में आधुनिक सुविधाओं के विकास से श्रद्धालुओं को लंबी प्रतीक्षा के दौरान आराम, स्वच्छ शौचालय, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था तथा सुरक्षित परिसर जैसी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। वहीं, बाहर से आने वाले पर्यटक भी मंदिर परिसर में बेहतर व्यवस्थाओं का लाभ उठा सकेंगे।
जिलाधिकारी ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर दिया विशेष जोर
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने निर्माण कार्यों की प्रगति का विस्तार से जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों से परियोजना की वर्तमान स्थिति, शेष कार्यों और निर्धारित समयसीमा के बारे में जानकारी प्राप्त की।
समीक्षा के दौरान कार्यों में हो रही अनावश्यक देरी पर उन्होंने नाराजगी भी व्यक्त की। संबंधित जूनियर इंजीनियर को फटकार लगाते हुए उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। साथ ही सभी निर्माण कार्यों में तेजी लाने तथा निर्धारित समय सीमा के भीतर उन्हें पूरा करने के निर्देश दिए।
उन्होंने यह भी कहा कि परियोजना की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं होना चाहिए। निर्माण सामग्री, तकनीकी मानकों और सुरक्षा नियमों का पूरी तरह पालन सुनिश्चित किया जाए, ताकि विकसित होने वाली सुविधाएं लंबे समय तक उपयोगी बनी रहें।
समयबद्ध विकास पर प्रशासन का विशेष फोकस
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी की जाए। यदि किसी स्तर पर तकनीकी या प्रशासनिक बाधा सामने आती है तो उसका तत्काल समाधान किया जाए, जिससे परियोजना समय पर पूरी हो सके।
इसके अलावा उन्होंने संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने पर भी जोर दिया। उनका कहना था कि धार्मिक स्थलों के विकास में समयबद्धता और गुणवत्ता दोनों समान रूप से महत्वपूर्ण हैं।
धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
विशेषज्ञों का मानना है कि धार्मिक स्थलों पर आधुनिक सुविधाओं का विकास केवल श्रद्धालुओं के लिए ही लाभकारी नहीं होता, बल्कि इससे स्थानीय पर्यटन को भी बढ़ावा मिलता है। बेहतर आधारभूत संरचना, स्वच्छ वातावरण और सुविधाजनक व्यवस्थाएं पर्यटकों को आकर्षित करती हैं।
पी रोड स्थित राधा-कृष्ण मंदिर के विकास से न केवल स्थानीय लोगों को लाभ मिलेगा, बल्कि कानपुर आने वाले धार्मिक पर्यटकों के लिए भी यह स्थान अधिक सुविधाजनक बन सकेगा। इससे शहर की धार्मिक एवं सांस्कृतिक पहचान को भी मजबूती मिलने की संभावना है।
सोलर लाइट और आधुनिक सुविधाओं से बढ़ेगी टिकाऊ व्यवस्था
परियोजना में सोलर लाइट जैसी पर्यावरण-अनुकूल व्यवस्था को शामिल किया गया है। इससे ऊर्जा की बचत के साथ-साथ मंदिर परिसर में रात के समय भी पर्याप्त प्रकाश उपलब्ध रहेगा। वहीं इंटरलॉकिंग टाइल्स और स्टोन बेंच जैसी सुविधाएं श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखकर विकसित की जा रही हैं।
इसके अतिरिक्त मजबूत बाउंड्री वॉल और रेलिंग से परिसर की सुरक्षा एवं सुव्यवस्थित संचालन में भी मदद मिलेगी।
अधिकारियों की रही मौजूदगी
निरीक्षण के दौरान पर्यटन अधिकारी नीलम गौतम सहित उत्तर प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम के अधिकारी तथा संबंधित विभागों के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने जिलाधिकारी को परियोजना की प्रगति की जानकारी दी और तय समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करने का भरोसा दिलाया।
कानपुर के ऐतिहासिक 107 वर्ष पुराने पी रोड राधा-कृष्ण मंदिर का विकास धार्मिक पर्यटन और श्रद्धालुओं की सुविधा की दृष्टि से एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। 52 लाख रुपये की इस परियोजना के पूरा होने के बाद मंदिर परिसर अधिक स्वच्छ, सुरक्षित और आधुनिक सुविधाओं से युक्त होगा। प्रशासन द्वारा तय समय सीमा और गुणवत्ता पर विशेष जोर दिए जाने से उम्मीद की जा रही है कि श्रद्धालुओं को शीघ्र ही बेहतर सुविधाओं का लाभ मिलेगा और यह मंदिर धार्मिक पर्यटन के लिहाज से भी अधिक आकर्षक केंद्र के रूप में विकसित होगा।

