आजमगढ़ में वोट चोरी के आरोपों पर INDIA गठबंधन की प्रेस वार्ता, 8 अक्टूबर को प्रदर्शन का ऐलान

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रिपोर्ट – पित्तेश्वर कुमार 

आजमगढ़: चुनावी प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं, मतदाता सूची की पारदर्शिता और लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़े मुद्दों को लेकर आजमगढ़ में INDIA गठबंधन की संयुक्त प्रेस वार्ता आयोजित की गई। जिला कांग्रेस कार्यालय में हुई प्रेस वार्ता में जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष कौशल कुमार सिंह ‘मुन्ना राय’ ने चुनावी प्रक्रिया को लेकर पार्टी और गठबंधन की चिंताओं को सामने रखा।

प्रेस वार्ता के दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने कहा कि लोकतंत्र में मतदाता का वोट उसकी सबसे महत्वपूर्ण ताकत है। उनके अनुसार, यदि किसी मतदाता के वोट या मतदाता सूची को लेकर सवाल उठते हैं तो उनका स्पष्ट और संतोषजनक जवाब मिलना चाहिए। उन्होंने चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित किए जाने की मांग की।

हालांकि, चुनाव आयोग भारत में चुनाव प्रक्रिया के संचालन के लिए संवैधानिक संस्था है और वर्तमान में ज्ञानेश कुमार मुख्य चुनाव आयुक्त हैं।

चुनावी प्रक्रिया को लेकर कांग्रेस ने उठाए सवाल

कौशल कुमार सिंह ‘मुन्ना राय’ ने प्रेस वार्ता में कहा कि चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता और मतदाता सूची को लेकर यदि गंभीर सवाल सामने आते हैं, तो उनकी जांच और जवाबदेही आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जनता के बीच उठ रहे सवालों का समाधान पारदर्शी तरीके से होना चाहिए।

उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी की। कांग्रेस जिलाध्यक्ष के मुताबिक, चुनाव आयोग जैसी संवैधानिक संस्था में जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए चुनावी प्रक्रिया से जुड़े सवालों पर स्पष्टता जरूरी है।

गौरतलब है कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने 19 फरवरी 2025 को पदभार संभाला था। चुनाव आयोग की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, वे भारत के 26वें मुख्य चुनाव आयुक्त हैं।

‘वोट की सुरक्षा’ को लेकर आंदोलन की तैयारी

प्रेस वार्ता में कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने कहा कि पार्टी इस मुद्दे को सड़क से लेकर सदन तक उठाएगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और INDIA गठबंधन मतदाताओं के अधिकार तथा चुनावी पारदर्शिता से जुड़े सवालों को लगातार सामने रखते रहेंगे।

उन्होंने यह भी कहा कि यह अभियान किसी एक व्यक्ति या दल के खिलाफ नहीं, बल्कि मतदाता के अधिकार और लोकतांत्रिक व्यवस्था में विश्वास से जुड़े सवालों को लेकर है। उनके मुताबिक, मतदाता सूची और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े किसी भी संदेह का निष्पक्ष तरीके से समाधान किया जाना चाहिए।

इस बीच, कांग्रेस ने आजमगढ़ में 8 अक्टूबर को विरोध-प्रदर्शन आयोजित करने की घोषणा की है। पार्टी की ओर से इसे ‘वोट चोरी’ के आरोपों के खिलाफ प्रदर्शन बताया गया है।

देशभर में चुनावी प्रक्रिया को लेकर राजनीतिक बहस

मतदाता सूची और चुनावी प्रक्रिया को लेकर कांग्रेस समेत विपक्षी दलों की ओर से हाल के दिनों में सवाल उठाए गए हैं। राष्ट्रीय स्तर पर भी कांग्रेस और अन्य विपक्षी नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन किए हैं। 6 और 7 अक्टूबर 2026 को दिल्ली में इस मुद्दे पर विपक्षी नेताओं के प्रदर्शन की खबरें सामने आई हैं।

दूसरी ओर, भाजपा ने कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों के इन प्रदर्शनों की आलोचना की है और चुनाव आयोग पर लगाए जा रहे आरोपों को लेकर आपत्ति जताई है। ऐसे में चुनावी पारदर्शिता और मतदाता सूची का मुद्दा फिलहाल राजनीतिक बहस के केंद्र में बना हुआ है।

आजमगढ़ की प्रेस वार्ता इसी व्यापक राजनीतिक बहस के स्थानीय स्तर पर सामने आने वाले कार्यक्रमों में से एक रही।

लोकतांत्रिक संस्थाओं में विश्वास का मुद्दा

कौशल कुमार सिंह ‘मुन्ना राय’ ने कहा कि लोकतंत्र में चुनाव प्रक्रिया की विश्वसनीयता बेहद महत्वपूर्ण है। उनके मुताबिक, मतदाता को यह भरोसा होना चाहिए कि उसका नाम मतदाता सूची में सुरक्षित है और उसका वोट निर्धारित प्रक्रिया के तहत दर्ज एवं गिना जाएगा।

उन्होंने कहा कि चुनाव से संबंधित किसी भी शिकायत या संदेह को दूर करने के लिए संबंधित संस्थाओं को आवश्यक जानकारी सार्वजनिक करनी चाहिए। साथ ही, यदि किसी स्तर पर शिकायत सामने आती है तो उसकी जांच निर्धारित नियमों और प्रक्रिया के तहत की जानी चाहिए।

उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं और गठबंधन से जुड़े लोगों से भी आगामी विरोध-प्रदर्शन में शामिल होने का आह्वान किया। पार्टी की ओर से कहा गया कि 8 अक्टूबर का कार्यक्रम चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और मतदाता अधिकारों से जुड़े सवालों को प्रमुखता से उठाने के लिए आयोजित किया जाएगा।

प्रेस वार्ता में ये लोग रहे मौजूद

आजमगढ़ जिला कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान कांग्रेस और INDIA गठबंधन से जुड़े कई नेता एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। इनमें रियाजुल हसन, राहुल राय, चंद्रपाल सिंह यादव, गिरीश चंद्र चतुर्वेदी, अंसार अहमद, अजीत राय, शीला भारती, प्रेमा चौहान, प्रदीप यादव और बृजेश पांडेय सहित बड़ी संख्या में कांग्रेसजन शामिल रहे।

प्रेस वार्ता के अंत में जिलाध्यक्ष कौशल कुमार सिंह ‘मुन्ना राय’ ने दोहराया कि पार्टी मतदाता अधिकार, चुनावी पारदर्शिता और लोकतांत्रिक संस्थाओं की विश्वसनीयता से जुड़े मुद्दों को आगे भी उठाती रहेगी।

फिलहाल आजमगढ़ में 8 अक्टूबर को प्रस्तावित विरोध-प्रदर्शन को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं की तैयारियां जारी हैं। वहीं, राष्ट्रीय स्तर पर भी मतदाता सूची और चुनावी प्रक्रिया को लेकर राजनीतिक दलों के बीच बहस जारी है। ऐसे में आजमगढ़ का यह कार्यक्रम स्थानीय राजनीति में चुनावी पारदर्शिता के मुद्दे को और प्रमुखता दे सकता है।

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