गाजियाबाद में लव मैरिज के 6 महीने बाद महिला की मौत, छत से गिरने का VIDEO आया सामने, पति पर गंभीर आरोप
Digital UP News Desk
गाजियाबाद: उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में लव मैरिज के करीब छह महीने बाद एक महिला की मौत का मामला सामने आया है। महिला की मौत के बाद उसके मायके पक्ष ने पति पर गंभीर आरोप लगाए हैं। भाई का दावा है कि दहेज में स्कॉर्पियो कार नहीं मिलने से पति उसकी बहन को परेशान करता था। आरोप है कि विवाद के दौरान महिला के साथ मारपीट की गई और इसके बाद उसे दूसरी मंजिल से धक्का दे दिया गया।
महिला को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां करीब चार दिन तक उसका इलाज चला। हालांकि, शुक्रवार को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इस घटना से परिवार में मातम का माहौल है। वहीं, मामले से जुड़ा एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें महिला के छत से गिरने की घटना दिखाई देने की बात कही जा रही है।
लव मैरिज के छह महीने बाद हुआ हादसा
परिवार के मुताबिक, महिला की शादी करीब छह महीने पहले प्रेम विवाह के रूप में हुई थी। शादी के बाद वह अपने ससुराल में रह रही थी। शुरुआती दिनों में सब कुछ सामान्य बताया गया, लेकिन बाद में परिवार के अनुसार दहेज को लेकर विवाद शुरू हो गया।
महिला के भाई ने आरोप लगाया कि उसके ससुराल पक्ष की ओर से स्कॉर्पियो कार की मांग की जा रही थी। परिवार अपनी आर्थिक स्थिति के अनुसार मांग पूरी करने में सक्षम नहीं था। इसी वजह से महिला को कथित तौर पर परेशान किया जाने लगा।
भाई का आरोप है कि कार की मांग पूरी नहीं होने पर पति अक्सर उसकी बहन के साथ विवाद करता था। परिवार ने यह भी आरोप लगाया है कि महिला के साथ मारपीट की जाती थी। हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
दूसरी मंजिल से गिरने का VIDEO आया सामने
घटना के बाद एक वीडियो सामने आया है, जिसमें महिला के दूसरी मंजिल से नीचे गिरने की घटना दिखाई देने की बात कही जा रही है। वीडियो सामने आने के बाद मामले ने और गंभीर रूप ले लिया है।
परिवार का आरोप है कि महिला खुद से नहीं गिरी, बल्कि उसे धक्का दिया गया। महिला के भाई ने सीधे तौर पर उसके पति पर उसे छत से नीचे धकेलने का आरोप लगाया है।
हालांकि, वीडियो की परिस्थितियों और उसमें दिखाई देने वाली घटना की वास्तविक स्थिति की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो पाएगी। पुलिस के लिए यह पता लगाना महत्वपूर्ण होगा कि महिला छत से कैसे गिरी और घटना के समय वहां कौन-कौन लोग मौजूद थे।
चार दिन तक अस्पताल में चला इलाज
घटना के बाद महिला को गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया। चिकित्सकों ने उसका इलाज शुरू किया। परिवार के अनुसार, महिला ने करीब चार दिनों तक जिंदगी के लिए संघर्ष किया, लेकिन शुक्रवार को उसकी मौत हो गई।
महिला की मौत की खबर मिलते ही मायके पक्ष में कोहराम मच गया। परिवार ने घटना की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
मौत के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए घटनाक्रम की जांच शुरू कर दी है। पुलिस घटना से जुड़े लोगों से पूछताछ करने के साथ-साथ सामने आए वीडियो और अन्य साक्ष्यों की भी जांच कर सकती है।
भाई ने पति पर लगाए गंभीर आरोप
मृतका के भाई ने आरोप लगाया कि शादी के बाद से ही उसकी बहन को दहेज के लिए परेशान किया जा रहा था। उसका कहना है कि ससुराल पक्ष की ओर से स्कॉर्पियो की मांग की गई थी। परिवार द्वारा मांग पूरी नहीं किए जाने पर बहन को कथित तौर पर प्रताड़ित किया जाता था।
भाई के अनुसार, घटना से पहले भी महिला के साथ विवाद हुआ था। इसके बाद कथित तौर पर उसे दूसरी मंजिल से नीचे गिरा दिया गया।
परिवार ने पुलिस से मामले की गहराई से जांच करने की मांग की है। उनका कहना है कि घटना को महज हादसा मानकर जांच नहीं की जानी चाहिए, बल्कि वीडियो, प्रत्यक्षदर्शियों और अन्य परिस्थितिजन्य साक्ष्यों की भी पड़ताल होनी चाहिए।
पुलिस जांच में सामने आएगी घटना की सच्चाई
इस मामले में सबसे अहम सवाल यही है कि महिला दूसरी मंजिल से किस परिस्थिति में गिरी। क्या यह दुर्घटना थी या फिर परिवार के आरोपों के मुताबिक महिला को धक्का दिया गया? इसका जवाब पुलिस की जांच और उपलब्ध साक्ष्यों से ही सामने आएगा।
जांच के दौरान पुलिस घटनास्थल का निरीक्षण कर सकती है। इसके अलावा मौके पर मौजूद लोगों के बयान, CCTV फुटेज, मोबाइल वीडियो और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जांच भी महत्वपूर्ण हो सकती है।
यदि जांच में महिला को जानबूझकर छत से धकेलने के आरोप सही पाए जाते हैं, तो मामले में संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जा सकती है। वहीं, यदि जांच में घटना दुर्घटना साबित होती है तो पुलिस उसी आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी।
दहेज को लेकर विवाद फिर सवालों के घेरे में
इस घटना ने एक बार फिर दहेज की मांग और वैवाहिक रिश्तों में बढ़ते विवाद को लेकर सवाल खड़े किए हैं। कानूनन दहेज की मांग करना अपराध है। इसके बावजूद शादी के बाद महंगी कार, नकदी या अन्य सामान की मांग से जुड़े मामले सामने आते रहते हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे मामलों में किसी भी पक्ष के आरोप को अंतिम सत्य मानने के बजाय निष्पक्ष जांच जरूरी होती है। विशेष रूप से जब मामला संदिग्ध मौत का हो, तब पुलिस को उपलब्ध सभी साक्ष्यों की जांच करनी होती है।
इस मामले में भी महिला के मायके पक्ष ने दहेज की मांग को घटना की वजह बताया है। दूसरी ओर, घटना की वास्तविक परिस्थितियां पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होंगी।
परिवार ने की निष्पक्ष जांच की मांग
महिला की मौत के बाद मायके पक्ष ने पुलिस और प्रशासन से न्याय की मांग की है। परिवार का कहना है कि उनकी बेटी की मौत की पूरी परिस्थितियों की जांच होनी चाहिए और यदि किसी व्यक्ति की भूमिका सामने आती है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।
परिवार के लिए यह घटना इसलिए भी बेहद दुखद है क्योंकि शादी को अभी केवल छह महीने ही हुए थे। प्रेम विवाह के बाद शुरू हुआ वैवाहिक जीवन इतनी जल्दी दुखद घटना में बदल गया।
फिलहाल पुलिस जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि महिला की मौत के पीछे वास्तविक कारण क्या था। सामने आए वीडियो और परिजनों के आरोपों के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है।

