कानपुर में JCI Week 2026 के तहत बच्चों के लिए पब्लिक स्पीकिंग कॉम्पिटिशन

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रिपोर्ट-विवेक कृष्ण दीक्षित

कानपुर। बच्चों के भीतर आत्मविश्वास बढ़ाने और उनकी संवाद क्षमता को बेहतर बनाने के उद्देश्य से कानपुर में JCI Week 2026 के तहत पब्लिक स्पीकिंग कॉम्पिटिशन का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में बच्चों को अपनी बोलने की कला, विचारों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने और मंच पर आत्मविश्वास के साथ अपनी बात रखने का अवसर मिला। आयोजन का मुख्य उद्देश्य बच्चों की प्रतिभा को पहचानना और उन्हें सार्वजनिक मंच पर अपनी क्षमताओं का प्रदर्शन करने के लिए प्रोत्साहित करना रहा।

JCI Kanpur की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम को बच्चों के व्यक्तित्व विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तौर पर देखा जा रहा है। प्रतियोगिता के माध्यम से बच्चों को न केवल बोलने का मंच मिला, बल्कि उन्हें अपने विचारों को व्यवस्थित तरीके से प्रस्तुत करने और श्रोताओं के सामने आत्मविश्वास के साथ संवाद करने का अनुभव भी प्राप्त हुआ।

बच्चों के आत्मविश्वास को बढ़ावा देने की पहल

आज के दौर में पढ़ाई के साथ-साथ बच्चों के लिए संवाद कौशल और आत्मविश्वास भी बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। किसी भी क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए अपने विचारों को स्पष्ट और प्रभावी तरीके से व्यक्त करने की क्षमता आवश्यक होती है। इसी को ध्यान में रखते हुए JCI Kanpur ने बच्चों के लिए पब्लिक स्पीकिंग कॉम्पिटिशन का आयोजन किया।

प्रतियोगिता के दौरान बच्चों ने मंच पर अपनी बात रखने का प्रयास किया। इस दौरान उनकी प्रस्तुति, बोलने का अंदाज, विचारों की स्पष्टता और आत्मविश्वास जैसी क्षमताओं को सामने आने का अवसर मिला। इसके अलावा, बच्चों को यह समझने का भी मौका मिला कि किसी विषय पर अपनी बात रखते समय विचारों को किस तरह क्रमबद्ध और प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया जा सकता है।

मंच पर दिखी बच्चों की प्रतिभा

पब्लिक स्पीकिंग कॉम्पिटिशन का एक प्रमुख उद्देश्य बच्चों को ऐसा मंच उपलब्ध कराना रहा, जहां वे बिना झिझक अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें। अक्सर बच्चों में प्रतिभा और विचारों की कमी नहीं होती, लेकिन मंच पर बोलने का पर्याप्त अवसर नहीं मिलने के कारण उनका आत्मविश्वास पूरी तरह सामने नहीं आ पाता।

ऐसे में इस तरह के कार्यक्रम बच्चों को अपनी झिझक दूर करने और मंच पर सहज होने में मदद करते हैं। प्रतियोगिता के जरिए बच्चों ने अपने विचारों को शब्दों के माध्यम से व्यक्त किया और अपनी प्रस्तुति क्षमता का प्रदर्शन किया। साथ ही, उन्हें अन्य प्रतिभागियों को सुनने और उनसे सीखने का अवसर भी मिला।

केवल प्रतियोगिता नहीं, व्यक्तित्व विकास का माध्यम

JCI Kanpur के अनुसार, यह आयोजन सिर्फ एक प्रतियोगिता तक सीमित नहीं है। इसके पीछे बच्चों के व्यक्तित्व विकास से जुड़ा व्यापक उद्देश्य है। पब्लिक स्पीकिंग बच्चों में आत्मविश्वास के साथ-साथ नेतृत्व क्षमता, संवाद कौशल और अपनी बात प्रभावी तरीके से रखने की योग्यता विकसित करने में सहायक हो सकती है।

दरअसल, स्कूल और कॉलेज के स्तर पर होने वाली विभिन्न गतिविधियों में बच्चों को मंच पर बोलने की आवश्यकता पड़ती है। वहीं आगे चलकर उच्च शिक्षा, नौकरी, व्यवसाय और सामाजिक जीवन में भी प्रभावी संवाद का महत्व बढ़ जाता है। इसलिए बचपन से ही बच्चों को सार्वजनिक रूप से बोलने का अवसर देना उनके समग्र विकास में उपयोगी साबित हो सकता है।

JCI Week 2026 के तहत सामाजिक पहल

JCI Kanpur की ओर से बताया गया कि संस्था समय-समय पर समाज सेवा और जनहित से जुड़े विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करती रहती है। इसी कड़ी में बच्चों की प्रतिभा को निखारने और उनके भीतर आत्मविश्वास विकसित करने के उद्देश्य से पब्लिक स्पीकिंग कॉम्पिटिशन का आयोजन किया गया।

आयोजकों का मानना है कि समाज के विकास में केवल सेवा कार्य ही महत्वपूर्ण नहीं हैं, बल्कि बच्चों और युवाओं को अपनी क्षमताओं को पहचानने के अवसर उपलब्ध कराना भी जरूरी है। इसी सोच के साथ कार्यक्रम को JCI Week 2026 का हिस्सा बनाया गया।

बच्चों को मिला अपनी बात रखने का अवसर

कार्यक्रम के दौरान बच्चों को अपनी बात रखने के लिए मंच प्रदान किया गया। इस तरह के आयोजन बच्चों को सार्वजनिक मंच की वास्तविक परिस्थितियों से परिचित कराने में मदद करते हैं। मंच पर बोलते समय बच्चों को अपनी आवाज, शब्दों और विचारों के बीच संतुलन बनाने का अनुभव मिलता है।

इसके साथ ही, प्रतियोगिता में हिस्सा लेने से बच्चों के अंदर तैयारी करने की आदत भी विकसित होती है। किसी विषय पर बोलने से पहले उसके बारे में जानकारी जुटाना, विचारों को क्रम में रखना और निर्धारित समय में अपनी बात पूरी करना उनकी सीखने की प्रक्रिया का हिस्सा बनता है।

अभिभावकों और समाज की भी अहम भूमिका

बच्चों के आत्मविश्वास को मजबूत करने में परिवार और समाज की भूमिका भी महत्वपूर्ण होती है। जब बच्चों को अपनी बात कहने, सवाल पूछने और अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है, तो उनमें आत्मविश्वास धीरे-धीरे मजबूत होता है।

वहीं, प्रतियोगिताओं में बच्चों की भागीदारी उन्हें स्वस्थ प्रतिस्पर्धा का अनुभव भी देती है। जीत और हार से आगे बढ़कर ऐसे कार्यक्रम बच्चों को प्रयास, तैयारी और निरंतर सीखने का महत्व समझाते हैं। इसलिए पब्लिक स्पीकिंग जैसी गतिविधियां बच्चों के शैक्षणिक विकास के साथ उनके सामाजिक और व्यक्तिगत विकास में भी योगदान दे सकती हैं।

JCI Kanpur के पदाधिकारी और सदस्य रहे मौजूद

JCI Week 2026 के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में JCI Kanpur से जुड़े पदाधिकारी और सदस्य भी मौजूद रहे। कार्यक्रम में मनीष झांवर, अध्यक्षअमरीश सिंह, चेयरमैनआनंद गुप्ता, सदस्य और प्रीति गुप्ता, सदस्य समेत अन्य लोग उपस्थित रहे।

आयोजकों ने बच्चों का उत्साहवर्धन किया और उन्हें अपनी प्रतिभा को आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश देने का प्रयास किया गया कि बच्चों को अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए अधिक से अधिक अवसर दिए जाने चाहिए।

संवाद कौशल भविष्य के लिए महत्वपूर्ण

वर्तमान समय में प्रभावी संवाद कौशल को व्यक्तित्व विकास का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता है। चाहे शिक्षा का क्षेत्र हो, करियर हो या सामाजिक जीवन, स्पष्ट रूप से अपनी बात रखने की क्षमता व्यक्ति को आगे बढ़ने में मदद करती है। ऐसे में बच्चों को कम उम्र से ही पब्लिक स्पीकिंग के अवसर देना उनके भविष्य के लिए उपयोगी हो सकता है।

इसी उद्देश्य के साथ JCI Kanpur की यह पहल बच्चों को मंच उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। प्रतियोगिता के माध्यम से बच्चों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया और साथ ही सार्वजनिक मंच पर बोलने का अनुभव भी हासिल किया।

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