दिवंगत पत्रकार ज्ञानेंद्र शुक्ला के परिवार को आर्थिक संबल देंगे डीएम, मदद की प्रक्रिया शुरू
Digital UP News Desk
कानपुर। दिवंगत पत्रकार ज्ञानेंद्र शुक्ला के परिवार को आर्थिक और सामाजिक सहायता दिलाने के लिए कानपुर प्रेस क्लब ने पहल की है। सोमवार को कानपुर प्रेस क्लब का एक प्रतिनिधिमंडल जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह से मिला। प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर स्वर्गीय ज्ञानेंद्र शुक्ला के परिवार को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और तत्काल आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी के सामने दिवंगत पत्रकार के परिवार की मौजूदा परिस्थितियों और उनकी आवश्यकताओं को रखा। प्रेस क्लब की ओर से कहा गया कि परिवार को इस कठिन समय में सरकारी स्तर पर सहयोग की जरूरत है, ताकि पत्नी और बेटी के सामने आर्थिक परेशानियां न आएं। इस पर जिलाधिकारी ने प्रतिनिधिमंडल को भरोसा दिलाया कि परिवार को नियमानुसार हर संभव सहायता उपलब्ध कराने के लिए प्रयास किए जाएंगे।
पत्नी को विधवा पेंशन और नौकरी की मांग
कानपुर प्रेस क्लब की ओर से जिलाधिकारी को सौंपे गए ज्ञापन में स्वर्गीय ज्ञानेंद्र शुक्ला की पत्नी रश्मि के लिए विधवा पेंशन दिलाने की मांग की गई। इसके साथ ही परिवार की आर्थिक स्थिति को ध्यान में रखते हुए नौकरी उपलब्ध कराने का भी अनुरोध किया गया।
प्रेस क्लब के प्रतिनिधियों ने कहा कि परिवार के सामने नियमित आय का संकट न रहे, इसके लिए सरकारी स्तर पर उपलब्ध योजनाओं और प्रावधानों के तहत सहायता प्रदान की जानी चाहिए। इस संबंध में जिलाधिकारी ने सकारात्मक रुख अपनाते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
आवास और राशन कार्ड की भी मांग
ज्ञापन में दिवंगत पत्रकार के परिवार के लिए आवास की सुविधा उपलब्ध कराने की मांग भी शामिल रही। इसके अलावा परिवार को बीपीएल और अंत्योदय राशन कार्ड का लाभ दिलाने का अनुरोध किया गया, ताकि उन्हें खाद्यान्न सहित अन्य सरकारी सुविधाओं का लाभ मिल सके।
प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी से कहा कि परिवार की परिस्थितियों को देखते हुए पात्रता के आधार पर सरकारी योजनाओं का लाभ जल्द उपलब्ध कराया जाए। जिलाधिकारी ने इन मांगों पर भी सहमति जताते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए।
बेटी के लिए आरटीई के तहत स्कूल में प्रवेश की मांग
प्रेस क्लब ने स्वर्गीय ज्ञानेंद्र शुक्ला की बेटी की शिक्षा को लेकर भी महत्वपूर्ण मांग रखी। प्रतिनिधिमंडल ने बेटी को शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE) के तहत स्कूल में प्रवेश दिलाने का अनुरोध किया।
प्रतिनिधिमंडल का कहना था कि परिवार की आर्थिक स्थिति के कारण बच्ची की शिक्षा प्रभावित नहीं होनी चाहिए। इसलिए नियमानुसार आरटीई के प्रावधानों के तहत उसे स्कूल में प्रवेश दिलाने की प्रक्रिया पूरी की जाए। जिलाधिकारी ने इस मामले में भी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
तत्काल आर्थिक सहायता की मांग
परिवार की तत्काल जरूरतों को देखते हुए प्रेस क्लब ने ज्ञापन में नगद आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग भी की। प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी से आग्रह किया कि परिवार को तत्काल राहत उपलब्ध कराई जाए, जिससे मौजूदा आर्थिक आवश्यकताओं को पूरा किया जा सके।
जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने प्रतिनिधिमंडल की मांगों को गंभीरता से सुना और भरोसा दिलाया कि परिवार की मदद के लिए प्रशासन की ओर से हर संभव प्रयास किया जाएगा। इसके बाद संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए। प्रशासनिक स्तर पर सहायता की प्रक्रिया शुरू होने की जानकारी भी सामने आई है।
डीएम ने दिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश
प्रतिनिधिमंडल से बातचीत के दौरान जिलाधिकारी ने विभिन्न मांगों पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को परिवार की पात्रता और नियमों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
प्रशासन की ओर से प्रक्रिया शुरू होने के बाद अब परिवार को उम्मीद है कि विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ जल्द मिल सकेगा। हालांकि, प्रत्येक योजना का लाभ संबंधित नियमों और पात्रता के आधार पर ही उपलब्ध कराया जाएगा।
इस पहल से यह भी उम्मीद जगी है कि जरूरतमंद परिवारों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने में प्रशासन और सामाजिक संगठनों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा।
पत्रकार समुदाय ने जताई संवेदनशीलता
दिवंगत पत्रकार ज्ञानेंद्र शुक्ला के परिवार की सहायता के लिए कानपुर प्रेस क्लब की पहल को पत्रकार समुदाय की संवेदनशीलता के रूप में देखा जा रहा है। पत्रकारिता से जुड़े साथियों ने परिवार के साथ खड़े होकर उनकी जरूरतों को प्रशासन तक पहुंचाने का प्रयास किया।
प्रेस क्लब के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी के सामने परिवार से जुड़ी विभिन्न मांगों को एक साथ रखा। इनमें सामाजिक सुरक्षा, रोजगार, आवास, खाद्य सुरक्षा, शिक्षा और तत्काल आर्थिक सहायता जैसे विषय शामिल रहे।
इन मांगों का उद्देश्य परिवार को केवल तत्काल राहत दिलाना ही नहीं, बल्कि भविष्य के लिए भी आवश्यक सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा उपलब्ध कराना है। खासतौर पर बेटी की शिक्षा को लेकर की गई मांग यह सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है कि पारिवारिक परिस्थितियों का असर उसकी पढ़ाई पर न पड़े।
प्रतिनिधिमंडल में ये लोग रहे मौजूद
जिलाधिकारी से मुलाकात करने वाले प्रतिनिधिमंडल में कानपुर प्रेस क्लब के महामंत्री शैलेश अवस्थी, वरिष्ठ पत्रकार आलोक पांडे, वरिष्ठ उपाध्यक्ष गौरव सारस्वत, मंत्री शिवराज साहू और कार्यकारिणी सदस्य दीपक सिंह सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी को परिवार से संबंधित आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराई और विभिन्न सरकारी सहायता योजनाओं के तहत लाभ दिलाने का अनुरोध किया।
परिवार को जल्द राहत मिलने की उम्मीद
जिलाधिकारी की ओर से संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए जाने और सहायता की प्रक्रिया शुरू होने के बाद अब दिवंगत पत्रकार के परिवार को जल्द राहत मिलने की उम्मीद है। प्रशासनिक कार्रवाई पूरी होने के बाद पात्रता के अनुसार परिवार को पेंशन, राशन कार्ड, आवास, शिक्षा और अन्य सुविधाओं का लाभ मिल सकता है।

