बांदा की सात प्रमुख समस्याओं को लेकर सद्भावना सेवा मंच ने डीएम को सौंपा ज्ञापन – विस्तार से जरूर पढ़ें
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बांदा: शहर की विभिन्न जनसमस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग को लेकर सद्भावना सेवा मंच के पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी को सात सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। मंच के अध्यक्ष प्रमोद गुप्ता “राजा” के नेतृत्व में पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने शहर में बिजली, सड़क, जलभराव, अतिक्रमण और यातायात समेत कई प्रमुख समस्याओं को ज्ञापन में उठाया। संगठन ने जिलाधिकारी से इन समस्याओं का अतिशीघ्र निस्तारण कराने की मांग की है।
ज्ञापन में कहा गया है कि बांदा शहर तेजी से विकास की ओर बढ़ रहा है। इसके साथ ही शहर की आबादी और आवासीय क्षेत्र का भी लगातार विस्तार हो रहा है। ऐसे में नागरिक सुविधाओं और बुनियादी ढांचे को भी उसी के अनुरूप विकसित किया जाना आवश्यक है। मंच ने प्रशासन का ध्यान शहर की मौजूदा समस्याओं की ओर आकर्षित करते हुए संबंधित विभागों से कार्रवाई की मांग की है।
घरों के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइनों का मुद्दा
सद्भावना सेवा मंच ने ज्ञापन में शहर के कई हिस्सों में घरों के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन बिजली लाइनों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। मंच का कहना है कि कुछ स्थानों पर बिजली के तार और लाइनें जर्जर स्थिति में हैं। संगठन ने दावा किया कि पूर्व में इनसे संबंधित घटनाएं भी सामने आ चुकी हैं।
मंच ने मांग की कि आबादी वाले क्षेत्रों में घरों के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइनों को सुरक्षित मार्ग से स्थानांतरित किया जाए, ताकि भविष्य में किसी अप्रिय घटना की आशंका को कम किया जा सके। साथ ही संबंधित बिजली विभाग से लाइनों की स्थिति का निरीक्षण कराने की मांग की गई है।
नए आबादी वाले क्षेत्रों में बिजली के खंभे लगाने की मांग
ज्ञापन में शहर के बाहरी और नए विकसित हो रहे आबादी वाले क्षेत्रों में बिजली के खंभे नहीं होने का भी मुद्दा उठाया गया। संगठन के अनुसार कई परिवार दूर से लठ्ठ, बांस और बल्ली आदि के सहारे बिजली का उपयोग कर रहे हैं।
मंच ने इन क्षेत्रों का सर्वे कराकर आवश्यकतानुसार बिजली के खंभे और सुरक्षित विद्युत लाइनें स्थापित कराने की मांग की। संगठन का कहना है कि नियमित विद्युत व्यवस्था उपलब्ध होने से लोगों को असुरक्षित तरीके से बिजली लेने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
बारिश के बाद सड़कों पर बने गड्ढों से परेशानी
शहर की सड़कों की स्थिति को लेकर भी ज्ञापन में चिंता जताई गई। मंच ने कहा कि भारी बारिश के कारण कई सड़कों पर बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। इससे वाहन चालकों और राहगीरों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
संगठन ने संबंधित विभाग से सड़कों का निरीक्षण कराकर गड्ढों को तत्काल भरवाने और क्षतिग्रस्त मार्गों की मरम्मत कराने की मांग की। इसके साथ ही प्रमुख सड़कों की गुणवत्ता की जांच कराने की बात भी रखी गई।
जलभराव की समस्या दूर करने की मांग
ज्ञापन में शहर में हल्की बारिश के बाद भी कई स्थानों पर जलभराव की समस्या होने का मुद्दा उठाया गया। मंच ने कहा कि जल निकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के कारण बारिश का पानी सड़कों और आसपास के क्षेत्रों में जमा हो जाता है।
सद्भावना सेवा मंच ने प्रशासन से जल निकासी व्यवस्था की समीक्षा कराने तथा आवश्यक स्थानों पर नालियों और ड्रेनेज व्यवस्था को दुरुस्त कराने की मांग की। संगठन के अनुसार जलभराव से लोगों को राहत दिलाने के लिए स्थायी समाधान की दिशा में काम किया जाना चाहिए।
अतिक्रमण और जाम की समस्या पर भी ध्यान देने की मांग
शहर में बढ़ते अतिक्रमण और यातायात जाम को लेकर भी मंच ने जिलाधिकारी का ध्यान आकर्षित किया। ज्ञापन में गायत्री नगर चौराहा समेत कई प्रमुख स्थानों का उल्लेख किया गया है, जहां सड़क किनारे ठेलियों और अन्य अतिक्रमण के कारण यातायात प्रभावित होने की बात कही गई।
मंच ने गूलर नाका, छावनी, पीली कोठी, रेलवे स्टेशन, रोडवेज बस स्टैंड, कालू कुआं, सब्जी मंडी, चौक बाजार, महेश्वरी देवी और बलखंडी नाका सहित शहर के प्रमुख इलाकों में अतिक्रमण की समस्या के समाधान की मांग की।
संगठन ने प्रशासन से व्यवस्थित अभियान चलाकर यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने और आम नागरिकों को जाम से राहत दिलाने की मांग की है।
कई प्रमुख सड़कों के निर्माण की मांग
ज्ञापन में सट्टन चौराहे से गोल कोठी रोड की खराब स्थिति का भी उल्लेख किया गया। मंच के अनुसार यह सड़क कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त हो चुकी है। इसी तरह अवस्थी पार्क, नगर पालिका और डीएवी कॉलेज से जुड़ी सड़क की स्थिति में सुधार की मांग भी की गई।
संगठन ने संबंधित विभाग से इन मार्गों का निरीक्षण कराकर आवश्यकतानुसार मरम्मत और पुनर्निर्माण कराने की मांग की, ताकि स्थानीय लोगों और विद्यार्थियों समेत आम नागरिकों को आवागमन में सुविधा मिल सके।
गायत्री नगर से कालका चौराहे तक डिवाइडर में कट की मांग
मंच ने गायत्री नगर-बबेरू रोड से कालका चौराहे तक बने डिवाइडर में कट की व्यवस्था किए जाने की मांग भी की। ज्ञापन के अनुसार इस मार्ग के बीच में कट नहीं होने के कारण स्कूल, मंदिर और अन्य स्थानों पर आने-जाने वाले लोगों को सड़क पार करने में परेशानी होती है।
मंच ने प्रशासन से स्थान का निरीक्षण कर यातायात व्यवस्था और नागरिकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक स्थान पर डिवाइडर में कट बनाने की मांग की।
सड़क चौड़ीकरण के बाद पेड़ों के अवशेष हटाने की मांग
गायत्री नगर-बबेरू रोड के सड़क चौड़ीकरण के बाद सड़क किनारे पेड़ों की जड़ों और चबूतरों के अवशेष रह जाने का मुद्दा भी ज्ञापन में उठाया गया। मंच का कहना है कि इन अवशेषों के कारण सड़क पर अतिक्रमण और आवागमन में परेशानी की स्थिति बन रही है।
संगठन ने संबंधित विभाग से सड़क किनारे बचे अवशेषों को हटवाकर मार्ग को व्यवस्थित कराने की मांग की है।
ज्ञापन के दौरान सद्भावना सेवा मंच के अध्यक्ष प्रमोद गुप्ता “राजा”, प्रमुख महासचिव कुदरत उल्ला, उपाध्यक्ष साजिद डॉलर, महासचिव नासिर खान, वीरेंद्र गुप्ता बाबू, निशा वर्मा, उर्मिला वर्मा, राजकुमार गुप्ता राजू, अनमोल जड़िया, नेतराम वर्मा, इरफान खान, रहीस खान, गुलशन सोनी, बबलू श्रीवास, संदीप गुप्ता, गामा गुप्ता, विनय गुप्ता, जमुना गुप्ता, हर्षित द्विवेदी, बबलू, अनुराग यादव, शाहिद वेग चांद, अवधेश सोनी, अमर पाल, अरशद खान समेत बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
संगठन ने उम्मीद जताई कि जिलाधिकारी के स्तर से संबंधित विभागों को निर्देश देकर बांदा शहर की इन समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई कराई जाएगी।

