ग्रेटर नोएडा में छह साल की बच्ची की हत्या, रक्षाबंधन पर घर से हुई थी लापता, एक आरोपी हिरासत में
Digital UP News Desk
ग्रेटर नोएडा: ईकोटेक-3 थाना क्षेत्र के एक गांव में छह वर्षीय बच्ची की अपहरण के बाद हत्या किए जाने का मामला सामने आया है। बच्ची रक्षाबंधन के दिन अपने घर से लापता हुई थी। परिजनों का आरोप है कि बच्ची को बहला-फुसलाकर घर से ले जाया गया और बाद में उसकी हत्या कर दी गई। पुलिस ने मामले की जांच के दौरान एक संदिग्ध आरोपी को हिरासत में लिया है। पुलिस उससे पूछताछ कर घटना की पूरी कड़ी जोड़ने का प्रयास कर रही है।
पुलिस के अनुसार, बच्ची के परिवार ने शुक्रवार को थाना ईकोटेक-3 में तहरीर देकर बताया था कि उनकी करीब छह वर्षीय बेटी घर से बिना बताए कहीं चली गई है। सूचना मिलते ही पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए प्राथमिकी दर्ज की और बच्ची की तलाश शुरू कर दी। चूंकि बच्ची की उम्र कम थी, इसलिए उसकी तलाश के लिए पुलिस की पांच अलग-अलग टीमों को लगाया गया।
रक्षाबंधन के दिन घर से लापता हुई थी बच्ची
बताया गया कि रक्षाबंधन के अवसर पर बच्ची अपने घर पर थी। इसी दौरान वह अचानक लापता हो गई। परिजनों ने आसपास काफी तलाश की, लेकिन जब बच्ची का पता नहीं चला तो पुलिस को सूचना दी गई। इसके बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आसपास के इलाकों में बच्ची की तलाश शुरू कर दी।
पुलिस टीमों ने संभावित रास्तों और आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इसके अलावा तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय स्तर पर जुटाई गई जानकारी के आधार पर भी बच्ची की तलाश की गई। जांच आगे बढ़ने के साथ पुलिस को कुछ महत्वपूर्ण सुराग मिले।
सीसीटीवी फुटेज से मिला अहम सुराग
जांच के दौरान पुलिस को सीसीटीवी फुटेज में एक संदिग्ध गतिविधि दिखाई दी। पुलिस ने फुटेज और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर एक संदिग्ध की पहचान की। इसके बाद उसे हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की गई।
जांच के दौरान पुलिस को बच्ची के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी मिली। इसके आधार पर पुलिस ने बच्ची का शव बरामद कर लिया। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम चिकित्सकों के पैनल द्वारा वीडियोग्राफी के साथ कराया जा रहा है।
मामले से जुड़ा एक वीडियो भी सामने आने की बात कही जा रही है, जिसमें एक व्यक्ति बच्ची को बोरी में ले जाता हुआ दिखाई देता है। पुलिस इस वीडियो और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की भी जांच कर रही है। हालांकि, घटना की पूरी स्थिति और वीडियो में दिखाई देने वाले व्यक्ति की भूमिका जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप
बच्ची के परिजनों ने आरोप लगाया है कि उसे अगवा करने के बाद उसके साथ दुष्कर्म किया गया और फिर उसकी हत्या कर दी गई। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस ने भी स्पष्ट किया है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद बच्ची की मौत के कारणों से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य सामने आने की उम्मीद है।
ऐसे मामलों में पुलिस के लिए घटनाक्रम की प्रत्येक कड़ी को प्रमाणों के आधार पर जोड़ना महत्वपूर्ण होता है। इसलिए हिरासत में लिए गए संदिग्ध से पूछताछ के साथ-साथ घटनास्थल, सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है।
पांच पुलिस टीमों ने शुरू की थी तलाश
बच्ची के लापता होने की सूचना मिलते ही पुलिस ने तलाश अभियान तेज कर दिया था। पांच अलग-अलग टीमों को जिम्मेदारी दी गई थी। टीमों ने आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखी और संभावित स्थानों पर जानकारी जुटाई।
इसके साथ ही पुलिस ने स्थानीय स्तर पर लोगों से पूछताछ की और उपलब्ध तकनीकी संसाधनों की मदद ली। इसी क्रम में पुलिस को कुछ अहम सुराग मिले, जिनके आधार पर संदिग्ध तक पहुंचने में मदद मिली।
पुलिस का कहना है कि हिरासत में लिए गए व्यक्ति से पूछताछ के जरिए घटना के पीछे की पूरी वजह और घटनाक्रम का पता लगाने की कोशिश की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
एफएसएल टीम ने घटनास्थल से जुटाए साक्ष्य
घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस अधिकारियों के साथ फोरेंसिक साइंस लैब यानी एफएसएल की टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। टीम ने मौके से जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं। इन साक्ष्यों की जांच के बाद मामले में पुलिस को आगे की कार्रवाई में मदद मिलने की उम्मीद है।
फोरेंसिक जांच इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे घटनास्थल और मामले से जुड़े अन्य तथ्यों की वैज्ञानिक तरीके से जांच की जा सकती है। पुलिस ने उपलब्ध साक्ष्यों को सुरक्षित रखने और उनकी जांच कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से स्पष्ट होगी मौत की वजह
पुलिस के मुताबिक बच्ची के शव का पोस्टमार्टम चिकित्सकों के पैनल द्वारा वीडियोग्राफी के साथ कराया जा रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत के कारण और घटना से जुड़े कई महत्वपूर्ण पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट हो सकती है।
इसके अलावा पुलिस अन्य वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्यों को भी जांच में शामिल कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी उपलब्ध तथ्यों और साक्ष्यों की जांच की जाएगी।
डीसीपी सेंट्रल नोएडा शैलेंद्र सिंह के अनुसार, मामले के सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। हिरासत में लिए गए संदिग्ध से पूछताछ के अलावा फोरेंसिक और तकनीकी साक्ष्यों का भी परीक्षण कराया जा रहा है। जांच के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस की जांच पर टिकी नजर
छह वर्षीय बच्ची की मौत के बाद इलाके में भी चिंता का माहौल है। परिवार घटना के संबंध में विस्तृत जांच और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग कर रहा है। वहीं पुलिस का कहना है कि जांच को सभी संभावित पहलुओं से आगे बढ़ाया जा रहा है।
फिलहाल मामले में एक व्यक्ति पुलिस हिरासत में है और उससे पूछताछ जारी है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज, घटनास्थल से मिले साक्ष्य, फोरेंसिक रिपोर्ट और पोस्टमार्टम रिपोर्ट समेत सभी तथ्यों का मिलान कर रही है। इसके बाद घटना की पूरी तस्वीर सामने आने की उम्मीद है।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक जांच में सामने आने वाले तथ्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस की प्राथमिकता घटना की प्रत्येक कड़ी का पता लगाना और मामले में उपलब्ध सभी साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई करना है।

