पवन सिंह की सभा में बजा खेसारी लाल का गाना, मंच पर 40 सेकेंड तक दिखी नाराजगी

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Digital UP News Desk

पटना। बिहार की राजनीति और भोजपुरी सिनेमा से जुड़ी एक दिलचस्प घटना इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है। पटना के बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र में आयोजित एक चुनावी जनसभा के दौरान भोजपुरी सुपरस्टार और बीजेपी एमएलसी पवन सिंह के मंच पर अचानक ऐसा वाकया हुआ, जिसने वहां मौजूद लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। दरअसल, पवन सिंह के स्वागत के दौरान साउंड सिस्टम से गलती से भोजपुरी अभिनेता और गायक खेसारी लाल यादव का गाना बज गया।

इस घटना के बाद पवन सिंह कुछ समय के लिए नाराज नजर आए। बताया जा रहा है कि करीब 40 सेकेंड तक वह गुस्से में दिखे और उन्होंने तुरंत गाना बंद करने का इशारा किया। हालांकि, साउंड ऑपरेटर ने तुरंत स्थिति को संभालते हुए गाना बंद कर दिया, जिसके बाद माहौल सामान्य हो गया।

चुनावी मंच पर अचानक बदला माहौल

बांकीपुर में आयोजित चुनावी सभा में बड़ी संख्या में समर्थक और कार्यकर्ता पवन सिंह को सुनने के लिए पहुंचे थे। कार्यक्रम के दौरान जब पवन सिंह मंच पर पहुंचे तो समर्थकों ने उनका जोरदार स्वागत किया। इसी बीच बैकग्राउंड में भोजपुरी गाना बजने लगा।

लेकिन, जैसे ही लोगों ने ध्यान दिया कि यह गाना खेसारी लाल यादव का है, मंच पर मौजूद लोगों के बीच हलचल शुरू हो गई। क्योंकि भोजपुरी इंडस्ट्री में पवन सिंह और खेसारी लाल यादव के बीच लंबे समय से प्रतिस्पर्धा देखी जाती रही है।

वहीं, पवन सिंह भी इस स्थिति से असहज नजर आए। उन्होंने तुरंत साउंड ऑपरेटर की तरफ इशारा करते हुए गाना बंद करने को कहा। कुछ देर बाद गाना बंद हुआ और चुनावी सभा दोबारा अपने सामान्य क्रम में आगे बढ़ी।

साउंड ऑपरेटर की गलती बनी वजह

जानकारी के मुताबिक, इस पूरे घटनाक्रम की मुख्य वजह साउंड ऑपरेटर की तकनीकी गलती बताई जा रही है। चुनावी कार्यक्रमों में अक्सर नेताओं के स्वागत के लिए पहले से गानों की प्लेलिस्ट तैयार की जाती है। ऐसे में किसी दूसरे कलाकार का गाना गलती से बज जाना एक आकस्मिक घटना मानी जा रही है।

हालांकि, सोशल मीडिया पर इस घटना का वीडियो तेजी से वायरल होने लगा है। लोग इस पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। कुछ लोग इसे महज एक तकनीकी गलती बता रहे हैं, जबकि कुछ इसे भोजपुरी इंडस्ट्री की पुरानी प्रतिस्पर्धा से जोड़कर देख रहे हैं।

पवन सिंह और खेसारी लाल के बीच रही है प्रतिस्पर्धा

गौरतलब है कि भोजपुरी फिल्म और संगीत जगत में पवन सिंह और खेसारी लाल यादव दोनों ही बड़े नाम हैं। दोनों कलाकारों की लोकप्रियता काफी ज्यादा है और इनके प्रशंसकों की संख्या भी बड़ी है।

हालांकि, दोनों सितारों के बीच कई बार सोशल मीडिया और सार्वजनिक मंचों पर अलग-अलग मुद्दों को लेकर चर्चा होती रही है। यही वजह है कि जब चुनावी मंच पर खेसारी लाल यादव का गाना बजा तो इस घटना ने लोगों का ध्यान खींच लिया।

इसके अलावा, दोनों कलाकारों की राजनीतिक राह भी अलग-अलग है। पवन सिंह भारतीय जनता पार्टी से जुड़े हुए हैं, जबकि खेसारी लाल यादव राष्ट्रीय जनता दल के समर्थक माने जाते हैं। ऐसे में चुनावी माहौल के बीच यह घटना और भी चर्चा में आ गई।

चुनावी माहौल में भोजपुरी सितारों की बढ़ी सक्रियता

बिहार में चुनावी गतिविधियां तेज होने के साथ ही भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े कलाकार भी राजनीतिक मंचों पर सक्रिय नजर आ रहे हैं। पवन सिंह लंबे समय से राजनीति में अपनी भूमिका निभा रहे हैं और अपने समर्थकों के बीच लोकप्रिय चेहरा हैं।

वहीं, भोजपुरी कलाकारों की लोकप्रियता का इस्तेमाल राजनीतिक दल भी जनसभाओं में भीड़ जुटाने और लोगों से जुड़ने के लिए करते हैं। यही कारण है कि चुनावी सभाओं में भोजपुरी गीत और कलाकारों की मौजूदगी आम बात हो गई है।

हालांकि, बांकीपुर की इस सभा में हुआ यह छोटा सा घटनाक्रम लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया।

बांकीपुर विधानसभा सीट पर होने वाला है उपचुनाव

पटना की बांकीपुर विधानसभा सीट पर उपचुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज है। इस सीट पर 30 जुलाई को मतदान होना है। भारतीय जनता पार्टी की ओर से नीरज सिन्हा चुनावी मैदान में हैं, जबकि जन सुराज पार्टी के प्रमुख प्रशांत किशोर भी इस मुकाबले को लेकर सक्रिय हैं।

इस सीट पर चुनावी मुकाबला काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सभी राजनीतिक दल मतदाताओं को अपने पक्ष में करने के लिए लगातार जनसभाएं और प्रचार अभियान चला रहे हैं।

इसी क्रम में आयोजित पवन सिंह की सभा में हुआ यह घटनाक्रम अब चुनावी चर्चा का हिस्सा बन गया है।

सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो

घटना के बाद इसका वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर तेजी से शेयर किया जा रहा है। वीडियो में पवन सिंह मंच पर खड़े नजर आ रहे हैं और गाना बजने के बाद वह साउंड सिस्टम की ओर इशारा करते दिखाई देते हैं।

हालांकि, इस पूरे मामले में अभी तक किसी तरह की बड़ी प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। माना जा रहा है कि यह केवल साउंड ऑपरेटर की गलती थी, जिसे तुरंत सुधार लिया गया।

कुल मिलाकर, चुनावी सभा के दौरान हुआ यह वाकया कुछ समय के लिए चर्चा का विषय जरूर बना, लेकिन कार्यक्रम बाद में सामान्य रूप से आगे बढ़ गया।

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