कानपुर नगर निगम की बैठक में जोन-4 की समस्याओं पर मंथन, सावन से पहले मंदिरों के आसपास व्यवस्थाएं सुधारने के निर्देश
रिपोर्ट – सुहैल अंसारी
कानपुर: सावन माह शुरू होने से पहले कानपुर नगर निगम ने शहर की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। इसी क्रम में महापौर और नगर आयुक्त की संयुक्त अध्यक्षता में जोन-4 के पार्षदों तथा नगर निगम के विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में विकास कार्यों, सफाई, सीवर, जल निकासी, मार्ग प्रकाश, उद्यान और राजस्व से जुड़ी समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक के दौरान पार्षदों ने अपने-अपने वार्ड की समस्याओं को अधिकारियों के सामने रखा। वहीं, अधिकारियों ने संबंधित समस्याओं के निस्तारण की प्रक्रिया और विभागीय कार्रवाई से अवगत कराया। महापौर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पार्षदों द्वारा बताई गई समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण किया जाए।
सावन से पहले मंदिरों के आसपास व्यवस्थाएं सुधारने के निर्देश
बैठक में महापौर ने कहा कि पांच दिन बाद सावन माह शुरू होने वाला है। ऐसे में श्रद्धालुओं की सुविधा और धार्मिक स्थलों के आसपास बेहतर व्यवस्थाओं को लेकर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि बाबा आनंदेश्वर मंदिर, परमट और बाबा वनखंडेश्वर मंदिर, पी. रोड सहित अन्य प्रमुख मंदिरों के आसपास नालियों पर किए गए अतिक्रमण को हटाया जाए। इसके अलावा फुटपाथों को भी खाली कराया जाए, ताकि श्रद्धालुओं को आवागमन में परेशानी न हो।
महापौर ने मंदिरों के आसपास सफाई व्यवस्था दुरुस्त रखने और गंदगी फैलाने वालों के खिलाफ जुर्माने की कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए। साथ ही, मार्ग प्रकाश व्यवस्था को भी ठीक कराने पर जोर दिया गया।
बकरमंडी ढाल के पास खुले में मांस काटने की शिकायत पर जांच के निर्देश
बैठक के दौरान बकरमंडी ढाल के पास खुले में मुर्गा और बकरा काटे जाने तथा उसका कचरा नाले में डाले जाने की शिकायत का भी उल्लेख हुआ। इस पर महापौर ने मामले की जांच कराकर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि नालों में कचरा डालने से जल निकासी प्रभावित होती है और सफाई व्यवस्था पर भी असर पड़ता है। इसलिए, ऐसे मामलों में संबंधित विभागों को प्रभावी निगरानी और कार्रवाई करनी चाहिए।
गांधी नगर वार्ड में क्षतिग्रस्त गली पिट और सीवर लाइन की समस्या
बैठक में गांधी नगर के पार्षद विवेक शर्मा ने अपने वार्ड की समस्याओं से अधिकारियों को अवगत कराया। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में कई गली पिट, नालियां और जालियां क्षतिग्रस्त हैं। इसके अलावा, कुछ स्थानों पर सीवर लाइनें चोक होने की समस्या भी बनी हुई है।
उन्होंने खराब टावर लाइटों का मुद्दा भी उठाया। पार्षद की शिकायत पर महापौर ने जोन-4 की अधिशासी अभियंता मीनाक्षी अग्रवाल को क्षतिग्रस्त गली पिट, नालियों और जालियों की मरम्मत कराने के निर्देश दिए।
सीसामऊ उत्तरी में कूड़ा उठान और मार्ग प्रकाश की समस्या
सीसामऊ उत्तरी के पार्षद गोविंद मोहन शुक्ला ने वार्ड में कूड़ा उठाने वाली गाड़ियों की समस्या उठाई। उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर नियमित रूप से कूड़ा उठाने वाली गाड़ी नहीं पहुंचती है।
इसके अलावा, सफाई कार्य के लिए इस्तेमाल होने वाली हाथ कूड़ा गाड़ी और रिक्शा ट्रॉली के खराब होने की समस्या भी बताई गई। पार्षद ने कहा कि मार्ग प्रकाश विभाग में तार और स्विच की कमी के कारण खराब लाइटों की मरम्मत समय पर नहीं हो पाती।
उन्होंने यह भी बताया कि कई स्थानों पर गली पिट, जाली और नालियां क्षतिग्रस्त हैं। छोटे-छोटे कार्यों के लिए बजट और प्रक्रिया से जुड़ी समस्याओं के कारण काम लंबित हैं। पार्षद ने अपने क्षेत्र को संवेदनशील बताते हुए समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की।
स्वरूप नगर में सफाई और पेड़ों के निस्तारण का मुद्दा
तिलक नगर के पार्षद अरुण कुमार गर्ग ने स्वरूप नगर में सफाई कर्मियों की नियमित उपस्थिति और कूड़ा उठान की समस्या बताई। उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर सफाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है।
इसके अलावा, आंधी में गिरे पेड़ों के गट्ठर लंबे समय से एक स्थान पर रखे होने की समस्या भी उठाई गई। उन्होंने इन्हें हटवाने की मांग की, ताकि स्थानीय लोगों को परेशानी न हो और क्षेत्र में स्वच्छता व्यवस्था बेहतर बनी रहे।
परमट क्षेत्र में सीवर भराव और जल निकासी की समस्या
परमट के पार्षद जितेंद्र वाजपेयी ने मछली वाले हाते में सीवर भराव की समस्या उठाई। उन्होंने बताया कि परमट क्षेत्र में नाले का पानी भी ठीक से नहीं निकल पा रहा है।
इससे क्षेत्र में जल निकासी प्रभावित हो रही है। मामले को गंभीरता से लेते हुए अधिकारियों से सीवर और नाला सफाई की व्यवस्था बेहतर करने को कहा गया।
चुन्नीगंज में जेटिंग मशीन की कमी का मुद्दा
चुन्नीगंज के पार्षद इशरत अली ने सीवर सफाई के लिए जेटिंग मशीन उपलब्ध न होने की समस्या बताई। उन्होंने कहा कि मशीन की कमी के कारण सीवर सफाई का कार्य प्रभावित हो रहा है।
इस पर जलकल विभाग के महाप्रबंधक आनंद कुमार त्रिपाठी ने बताया कि जेटिंग मशीन की खरीद की प्रक्रिया चल रही है। वहीं, नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय ने सीवर सफाई कार्य को प्राथमिकता के आधार पर कराने के निर्देश दिए।
पार्षदों की समस्याओं का प्राथमिकता से समाधान हो: महापौर
बैठक के दौरान महापौर ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि पार्षदों द्वारा उठाई गई समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण किया जाए। उन्होंने कहा कि स्थानीय स्तर की समस्याओं का समयबद्ध समाधान जरूरी है।
उन्होंने संबंधित विभागों से आपसी समन्वय के साथ काम करने को कहा, ताकि सफाई, सीवर, मार्ग प्रकाश और जल निकासी से जुड़े कार्यों में अनावश्यक देरी न हो।
नगर निगम का उद्देश्य आगामी सावन माह के दौरान श्रद्धालुओं और आम नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है। इसलिए, मंदिरों और प्रमुख धार्मिक स्थलों के आसपास विशेष व्यवस्थाओं पर जोर दिया गया।
बैठक में कई अधिकारी और पार्षद रहे मौजूद
बैठक में नगर आयुक्त अर्पित उपाध्याय, अपर नगर आयुक्त अनूप कुमार, जगदीश यादव, पार्षद वीरेंद्र सिंह, मोहम्मद उमर, जोनल अधिकारी जोन-4 राजेश सिंह, अधिशासी अभियंता जलकल जोन-4 नंद किशोर, जेडएसओ जोन-4 मोहम्मद फहीम, अधिशासी अभियंता मार्ग प्रकाश राजेश कुमार, प्रभारी मार्ग प्रकाश रमेश पाल और अधिशासी अभियंता उद्यान दिवाकर भास्कर सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
कुल मिलाकर, कानपुर नगर निगम की बैठक में जोन-4 की सफाई, सीवर, जल निकासी, मार्ग प्रकाश और विकास कार्यों से जुड़ी समस्याओं पर विस्तार से चर्चा हुई। वहीं, सावन माह को देखते हुए मंदिरों के आसपास अतिक्रमण हटाने, सफाई व्यवस्था सुधारने और प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए। महापौर और नगर आयुक्त ने अधिकारियों को स्थानीय समस्याओं के त्वरित और प्राथमिकता के आधार पर समाधान के निर्देश दिए हैं।

