ब्रज में शुरू हो चुका है स्वच्छता महाअभियान: गोकुल में 350 स्वयंसेवकों ने किया श्रमदान, जरूर पढ़िए संदेश

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रिपोर्ट – योगेश भारद्वाज 

मथुरा: ब्रज की पावन धरा को स्वच्छ, सुंदर और पर्यावरण के अनुकूल बनाने के उद्देश्य से रविवार को गोकुल के महावन क्षेत्र में एक व्यापक स्वच्छता अभियान चलाया गया। ‘हम सबने यह ठाना है, ब्रज को स्वच्छ बनाना है’ महाअभियान के अंतर्गत चिंता हरण महादेव घाट और श्री नंद भवन (84 खंभा) परिसर में 350 से अधिक स्वयंसेवकों ने श्रमदान कर स्वच्छता का संदेश दिया। इस अभियान का आयोजन उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद, जिला प्रशासन और हार्टफुलनेस के संयुक्त तत्वावधान में किया गया।

अभियान की विशेषता यह रही कि इसमें केवल मथुरा के ही नहीं, बल्कि दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, आगरा, अलीगढ़, इटावा, हाथरस और राजस्थान के भरतपुर सहित कई शहरों से आए स्वयंसेवकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी ने मिलकर धार्मिक स्थलों की साफ-सफाई की और स्थानीय लोगों को स्वच्छता तथा पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक किया।

अनेक शहरों से पहुंचे स्वयंसेवक

गोकुल में आयोजित इस विशेष अभियान में विभिन्न आयु वर्ग के लोगों ने भाग लिया। बड़ी संख्या में युवाओं, महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों ने श्रमदान कर यह संदेश दिया कि स्वच्छता केवल सरकारी जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य भी है।

दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, आगरा, अलीगढ़, इटावा, हाथरस और भरतपुर से आए स्वयंसेवकों ने सुबह से ही अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाई। उन्होंने घाटों, मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों की सफाई कर श्रद्धालुओं के लिए स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराने का प्रयास किया।

हार्टफुलनेस ध्यान से हुआ अभियान का शुभारंभ

स्वच्छता अभियान का शुभारंभ हार्टफुलनेस ध्यान (मेडिटेशन) के साथ किया गया। इसके बाद स्वयंसेवकों ने चिंता हरण महादेव घाट और श्री नंद भवन परिसर में श्रमदान शुरू किया।

अभियान का नेतृत्व उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद के डिप्टी सीईओ सतीश चंद्र ने किया। उन्होंने स्वयंसेवकों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि जनभागीदारी से ही स्वच्छता अभियान को स्थायी सफलता मिल सकती है। उन्होंने सभी से ब्रज के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व को ध्यान में रखते हुए इसकी स्वच्छता बनाए रखने की अपील की।

आंतरिक शुद्धि और बाहरी स्वच्छता का दिया संदेश

हार्टफुलनेस के मथुरा समन्वयक निशांत शर्मा ने कहा कि आंतरिक शुद्धि और बाहरी स्वच्छता एक-दूसरे की पूरक हैं। जब व्यक्ति का मन निर्मल होता है, तभी समाज सेवा और पर्यावरण संरक्षण का भाव विकसित होता है।

उन्होंने कहा कि ब्रज करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। यहां प्रतिवर्ष देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। इसलिए ब्रज की स्वच्छता बनाए रखना प्रत्येक नागरिक की साझा जिम्मेदारी है।

पर्यावरण संरक्षण को जीवन शैली बनाने की अपील

हार्टफुलनेस के उत्तर प्रदेश रीजनल कोऑर्डिनेटर अनुपम अग्रवाल ने अभियान के दौरान लोगों से सिंगल यूज़ प्लास्टिक का उपयोग कम करने की अपील की। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण को केवल अभियान तक सीमित न रखकर दैनिक जीवन का हिस्सा बनाया जाना चाहिए।

उन्होंने कहा कि यदि प्रत्येक व्यक्ति छोटे-छोटे प्रयास करे, जैसे प्लास्टिक का कम उपयोग, कचरे का उचित निस्तारण और सार्वजनिक स्थलों की स्वच्छता का ध्यान रखना, तो इसका सकारात्मक प्रभाव पूरे समाज पर पड़ेगा।

श्रमदान के साथ जागरूकता अभियान भी चला

स्वयंसेवकों ने केवल सफाई कार्य ही नहीं किया, बल्कि स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं को स्वच्छता बनाए रखने के लिए भी प्रेरित किया। उन्होंने लोगों को सार्वजनिक स्थलों पर कचरा न फैलाने, निर्धारित स्थानों पर कूड़ा डालने और पर्यावरण संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाने का संदेश दिया।

इसके साथ ही सभी स्वयंसेवकों ने सामूहिक रूप से संकल्प लिया कि वे भविष्य में भी ऐसे सामाजिक अभियानों में भाग लेते रहेंगे और स्वच्छ ब्रज के लक्ष्य को आगे बढ़ाएंगे।

जेसीबी और ट्रैक्टर-ट्रॉली से हटाया गया कचरा

स्वच्छता अभियान के दौरान एकत्र किए गए कचरे को जेसीबी और ट्रैक्टर-ट्रॉली की सहायता से निर्धारित स्थान तक पहुंचाया गया। इससे घाट और मंदिर परिसर पूरी तरह स्वच्छ दिखाई दिए।

अभियान के आयोजकों ने बताया कि सफाई के बाद संबंधित क्षेत्रों की नियमित निगरानी और रखरखाव पर भी ध्यान दिया जाएगा, ताकि भविष्य में दोबारा गंदगी न फैले।

जनभागीदारी से सफल होगा स्वच्छ ब्रज अभियान

विशेषज्ञों का मानना है कि धार्मिक स्थलों की स्वच्छता केवल प्रशासनिक प्रयासों से संभव नहीं है। इसके लिए स्थानीय नागरिकों, सामाजिक संगठनों, स्वयंसेवी संस्थाओं और श्रद्धालुओं की सक्रिय भागीदारी भी आवश्यक है।

‘हम सबने यह ठाना है, ब्रज को स्वच्छ बनाना है’ अभियान इसी सोच को आगे बढ़ा रहा है। लगातार चल रहे ऐसे कार्यक्रम लोगों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ सामाजिक जिम्मेदारी की भावना भी विकसित कर रहे हैं।

इन लोगों ने निभाई सक्रिय भूमिका

इस अभियान में सुरेंद्र शर्मा, योगेंद्र कुमार, प्रीति भान, के.पी. सिंह, नीरज निगम, रश्मी, रमेश वर्मा, आर.पी. शर्मा, डॉ. पंकज गुप्ता, डॉ. ज्ञानेंद्र और रक्षा सिंह सहित अनेक स्वयंसेवकों ने सक्रिय सहयोग दिया। सभी ने मिलकर अभियान को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

गोकुल में आयोजित ब्रज स्वच्छता महाअभियान केवल सफाई तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह सामाजिक जागरूकता, पर्यावरण संरक्षण और जनभागीदारी का एक प्रेरणादायक उदाहरण बनकर सामने आया। 350 से अधिक स्वयंसेवकों ने श्रमदान कर यह संदेश दिया कि यदि समाज और प्रशासन मिलकर कार्य करें, तो धार्मिक एवं सांस्कृतिक धरोहरों को स्वच्छ और सुरक्षित रखा जा सकता है।

आगामी समय में भी यदि इसी प्रकार के अभियान नियमित रूप से आयोजित किए जाते हैं और आमजन की भागीदारी बढ़ती है, तो ब्रज की पावन धरा को स्वच्छ, सुंदर और पर्यावरण-अनुकूल बनाए रखने का लक्ष्य और अधिक प्रभावी ढंग से प्राप्त किया जा सकेगा।

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